अरविंद केजरीवाल को जल्द मिलेगा सरकारी बंगला, दिल्ली हाईकोर्ट में केंद्र का आश्वासन

नई दिल्ली 25 Sep, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी): दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी (आप) के संयोजक अरविंद केजरीवाल को जल्द सरकारी बंगला मिल सकता है।

गुरुवार को केजरीवाल के लिए दिल्ली में सरकारी बंगला आवंटन के मामले में दिल्ली हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। केंद्र सरकार की ओर से सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कोर्ट को आश्वासन दिया कि नियमों के अनुसार अगले 10 दिनों के भीतर केजरीवाल को सरकारी बंगला आवंटित कर दिया जाएगा।

आम आदमी पार्टी की ओर से वकील ने कोर्ट से मांग की कि केजरीवाल को टाइप-8 या टाइप-7 श्रेणी का बंगला आवंटित करने का आदेश दिया जाए।

इस पर सॉलिसिटर जनरल ने टिप्पणी की कि “आम आदमी टाइप-8 बंगले के लिए नहीं लड़ा करते।” हाईकोर्ट ने सॉलिसिटर जनरल के आश्वासन को रिकॉर्ड पर लेते हुए आदेश सुरक्षित रख लिया और कहा कि वह इस मुद्दे पर जल्द फैसला सुनाएगा। सॉलिसिटर जनरल ने फिर से भरोसा दिलाया कि नियम के मुताबिक केजरीवाल को बंगला अलॉट किया जाएगा।

हाईकोर्ट ने कहा कि मंत्रालय की कार्यप्रणाली पर ध्यान देना जरूरी है, जो न सिर्फ राजनेताओं, बल्कि गैर-राजनेताओं के लिए भी है। कोर्ट ने इस मामले को एक ऐसे मुद्दे के रूप में देखा, जिसका समाधान जरूरी है।

पिछली सुनवाई में दिल्ली हाईकोर्ट ने केंद्र सरकार को निर्देश दिया था कि बंगला आवंटन की प्रक्रिया पारदर्शी होनी चाहिए और इसके लिए एक स्पष्ट व्यवस्था लागू की जानी चाहिए। कोर्ट ने यह भी आदेश दिया था कि आवास एवं शहरी मामलों के मंत्रालय के संयुक्त सचिव और संपदा निदेशालय के निदेशक अगली सुनवाई में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए मौजूद रहें।

गौरतलब है कि आम आदमी पार्टी राष्ट्रीय राजधानी में अरविंद केजरीवाल के लिए एक सरकारी आवास की मांग करती रही है, क्योंकि वह एक मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय पार्टी के अध्यक्ष हैं।

अपनी याचिका में इसने आवास आवंटन के दिशानिर्देशों का भी हवाला दिया, जिसमें कहा गया कि किसी मान्यता प्राप्त राष्ट्रीय पार्टी के अध्यक्ष दिल्ली में सरकारी आवास के हकदार हैं, अगर उनके पास न तो अपना घर है और न ही उन्हें किसी अन्य आधिकारिक क्षमता आवंटित किया गया है।

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रक्षा क्षेत्र में भारत को बड़ी कामयाबी, पहली बार रेल लॉन्चर से अग्नि-प्राइम मिसाइल का सफल परीक्षण; 2000 KM है रेंज

नई दिल्ली 25 Sep, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) : भारत ने रक्षा क्षेत्र में एक और बड़ी कामयाबी हासिल की है। रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) ने मध्यम दूरी की बैलिस्टिक मिसाइल अग्नि-प्राइम का सफल परीक्षण किया है।

इस परीक्षण की सबसे खास बात यह रही कि मिसाइल को पहली बार विशेष रूप से डिजाइन किए गए रेल आधारित मोबाइल लॉन्चर सिस्टम से दागा गया। यह परीक्षण अपनी तरह का पहला है और भारत की रणनीतिक क्षमताओं में एक नया अध्याय जोड़ता है।

 रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने अपने आधिकारिक एक्स (पूर्व में ट्विटर) हैंडल से इसकी जानकारी साझा की और परीक्षण का वीडियो भी जारी किया।

उन्होंने बताया कि यह लॉन्चर सिस्टम बिना किसी पूर्व तैयारी के देशभर के रेल नेटवर्क पर कहीं से भी चल सकता है और कम समय में जवाबी कार्रवाई करने में सक्षम है। इसकी सहायता से मिसाइल की लो विजिबिलिटी में भी लॉन्चिंग की जा सकती है, जो रणनीतिक दृष्टिकोण से बेहद अहम है।

राजनाथ सिंह ने इस उपलब्धि पर DRDO, सामरिक बल कमान (SFC) और सशस्त्र बलों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि इस सफल परीक्षण के साथ भारत उन चुनिंदा देशों की सूची में शामिल हो गया है जिनके पास रेल आधारित मोबाइल कैनिस्टराइज्ड लॉन्च सिस्टम विकसित करने की क्षमता है।

अग्नि-प्राइम मिसाइल को DRDO ने डिजाइन और विकसित किया है। यह मिसाइल 2000 किलोमीटर तक की मारक क्षमता रखती है और परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम है। यह नई पीढ़ी की मिसाइल है, जिसे कई आधुनिक तकनीकों से लैस किया गया है और यह उच्च सटीकता के साथ अपने लक्ष्यों को भेदने में सक्षम है।

गौरतलब है कि भारत के पास पहले से अग्नि-1 से लेकर अग्नि-5 तक की मिसाइल श्रृंखला मौजूद है। अग्नि-1 से अग्नि-4 की रेंज 700 किलोमीटर से लेकर 3500 किलोमीटर तक है, जबकि अग्नि-5 की रेंज 5000 किलोमीटर तक है।

इसकी जद में चीन के उत्तरी क्षेत्र के साथ-साथ एशिया और यूरोप के कई हिस्से भी आते हैं। इस परीक्षण के साथ भारत की रणनीतिक क्षमताओं को नई मजबूती मिली है और देश की परमाणु प्रतिरोधक क्षमता और भी अधिक विश्वसनीय हो गई है।

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1962 की जंग में चीन का हमला काफी धीमा हो जाता अगर…CDS अनिल चौहान ने किया बड़ा दावा

नई दिल्ली 25 Sep, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) : भारत और चीन के बीच 1962 के युद्ध को लेकर चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) जनरल अनिल चौहान ने बड़ा बयान दिया है।

उन्होंने कहा कि अगर उस समय भारतीय वायुसेना (आईएएफ) का इस्तेमाल किया गया होता, तो चीनी आक्रमण को काफी हद तक रोका जा सकता था।

जनरल चौहान का यह बयान लेफ्टिनेंट जनरल एसपीपी थोराट की आत्मकथा ‘रेवेली टू रिट्रीट’ के संशोधित संस्करण के पुणे में हुए विमोचन के मौके पर एक वीडियो संदेश के दौरान आया।

 उन्होंने कहा कि उस दौर में वायुसेना की तैनाती को आक्रामक कदम माना जाता था, लेकिन अब हालात पूरी तरह बदल चुके हैं।

उन्होंने 1962 में भारत की ‘फॉरवर्ड पॉलिसी’ को लद्दाख और नॉर्थ-ईस्ट फ्रंटियर एजेंसी (वर्तमान अरुणाचल प्रदेश) में एकसमान तरीके से लागू करना रणनीतिक भूल बताया।

उनके अनुसार, लद्दाख में जहां चीन पहले ही घुसपैठ कर चुका था, वहीं अरुणाचल में भारत का दावा मजबूत था, ऐसे में एक जैसी नीति अपनाना उचित नहीं था।

जनरल चौहान ने यह भी कहा कि लेफ्टिनेंट जनरल थोराट ने उस समय वायुसेना के इस्तेमाल का सुझाव दिया था, लेकिन सरकार ने अनुमति नहीं दी। अगर वायुसेना को तैनात किया जाता, तो भारतीय सेना को तैयारी का समय मिल सकता था और चीन के आगे बढ़ने की रफ्तार धीमी हो जाती।

उन्होंने माना कि यह एक बड़ा अवसर था जो चूक गया। जनरल चौहान ने हाल ही में हुए ऑपरेशन सिंदूर का उल्लेख करते हुए कहा कि अब वायुसेना का प्रयोग सैन्य रणनीति का सामान्य हिस्सा बन चुका है।

इस ऑपरेशन में भारत ने पाकिस्तान और पीओके में आतंकी ठिकानों को निशाना बनाकर यह स्पष्ट कर दिया कि अब हम किसी भी खतरे का जवाब देने में संकोच नहीं करते।

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VVIP इलाके में ATS के IG से ही लूट, खुफिया जानकारी वाले फोन के साथ बदमाश फरार

भोपाल 25 Sep, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) : मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जिसने राज्य की कानून-व्यवस्था और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

शहर के सबसे सुरक्षित माने जाने वाले चार इमली वीवीआईपी इलाके में मंगलवार देर रात बेखौफ बाइक सवार बदमाशों ने इंटेलिजेंस एवं एटीएस के आईजी (IG) डॉ. आशीष को निशाना बनाया और उनके दो मोबाइल फोन छीनकर फरार हो गए।

यह घटना उस वक्त हुई जब वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी डॉ. आशीष रात करीब 10 बजे डिनर के बाद अपनी पत्नी के साथ टहल रहे थे। सूत्रों के अनुसार, छीने गए एक मोबाइल फोन में कई संवेदनशील और गोपनीय जानकारियां मौजूद थीं, जिसके बाद से ही सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया है।

घटना के तुरंत बाद पुलिस हरकत में आई और करीब 20 मिनट के भीतर ही एक फोन घटनास्थल के पास से बरामद कर लिया। माना जा रहा है कि फोन के एडवांस सिक्योरिटी फीचर्स को देखकर बदमाशों ने उसे फेंक दिया होगा। हालांकि, दूसरा फोन, जिसमें खुफिया इनपुट होने की आशंका है, अब भी गायब है।

पुलिस की तकनीकी जांच और ट्रैकिंग में पता चला है कि दूसरे फोन की आखिरी लोकेशन कोलार गेस्ट हाउस इलाके में मिली थी, जिसके बाद उसे स्विच ऑफ कर दिया गया।

एक शीर्ष खुफिया अधिकारी के साथ हुई इस वारदात और संवेदनशील जानकारी वाले फोन के गायब होने से पुलिस महकमे में खलबली मची हुई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने एक विशेष टीम का गठन कर बदमाशों और मोबाइल की तलाश के लिए सघन अभियान छेड़ दिया है।

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GST में बड़ी कटौती के बाद PM मोदी का एक और ऐलान, बोले- हम यहीं नहीं रुकेंगे, टैक्स और कम होगा

नोएडा 25 Sep, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) : नवरात्रि के पहले दिन (22 सितंबर) जीएसटी (GST) में भारी कटौती का तोहफा देने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को देशवासियों को एक और खुशखबरी दी है।

उन्होंने भविष्य में टैक्स दरों में और भी कमी किए जाने का स्पष्ट संकेत देते हुए कहा कि जैसे-जैसे देश की अर्थव्यवस्था मजबूत होगी, आम आदमी पर टैक्स का बोझ भी कम होता जाएगा।

गुरुवार को उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो का उद्घाटन करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, “आज देश जीएसटी बचत उत्सव मना रहा है। लेकिन मैं आपको बताना चाहता हूं कि हम यहीं नहीं रुकने वाले।

देशवासियों के आशीर्वाद से जीएसटी रिफॉर्म का यह सिलसिला निरंतर चलता रहेगा।” उन्होंने वादा किया कि जैसे-जैसे अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी, टैक्स का बोझ कम किया जाएगा।

प्रधानमंत्री ने 2014 से पहले और आज के टैक्स स्ट्रक्चर की तुलना करते हुए बचत का पूरा गणित समझाया। उन्होंने कहा, “अगर कोई परिवार 2014 से पहले साल में एक लाख रुपये का सामान खरीदता था, तो उसे लगभग 25 हजार रुपये टैक्स देना पड़ता था। लेकिन अब ‘नेक्स्ट जेनरेशन जीएसटी’ के बाद उसी एक लाख की खरीदारी पर सिर्फ 5 से 6 हजार रुपये का टैक्स ही देना पड़ेगा।”

उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया कि 2014 से पहले एक हजार रुपये की शर्ट पर 117 रुपये टैक्स लगता था, जो अब घटकर सिर्फ 35 रुपये रह गया है। इसी तरह, टूथपेस्ट और शैंपू जैसे रोजमर्रा के सामान पर जहां पहले 31% टैक्स लगता था, वह अब काफी कम हो गया है।

प्रधानमंत्री मोदी ने विशेष रूप से वाहनों पर टैक्स कटौती से हुए लाभ का जिक्र करते हुए बताया कि इसका फायदा किसानों से लेकर मध्यम वर्ग तक सभी को मिला है। उ

न्होंने कहा कि 2014 से पहले जहां एक ट्रैक्टर खरीदने पर 70 हजार रुपये से अधिक का टैक्स लगता था, वह अब घटकर मात्र 30 हजार रुपये रह गया है, जिससे किसानों को हर ट्रैक्टर पर सीधे 40 हजार रुपये की बचत हो रही है।

इसी क्रम में, थ्री-व्हीलर पर लगने वाला टैक्स 55 हजार से कम होकर 35 हजार रुपये हो गया है, जिससे 20 हजार रुपये की बचत होती है।

इसके अतिरिक्त, आम आदमी की सवारी यानी टू-व्हीलर भी सस्ते हुए हैं; 2014 की तुलना में अब एक स्कूटर 8 हजार और मोटरसाइकिल 9 हजार रुपये तक सस्ती हो गई है। प्रधानमंत्री ने कहा कि इन सुधारों से गरीब और मध्यम वर्ग, सभी की बचत सुनिश्चित हुई है।

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100 साल से हो रही रामलीला पर अब क्यों टूटी नींद? SC ने याचिकाकर्ता को लगाई फटकार; आयोजन को दी मंजूरी

नई दिल्ली 25 Sep, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी): सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को एक अहम फैसला सुनाते हुए उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद जिले के टुंडला में एक स्कूल मैदान पर 100 वर्षों से चल रहे रामलीला उत्सव पर रोक लगाने वाले इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश पर रोक लगा दी है।

इसके साथ ही शीर्ष अदालत ने रामलीला के आयोजन को इस शर्त पर हरी झंडी दे दी कि इससे छात्रों की पढ़ाई या खेलकूद की गतिविधियों में कोई असुविधा नहीं होनी चाहिए।

तीन जजों की पीठ की अध्यक्षता कर रहे जस्टिस सूर्यकांत ने इस मामले में जनहित याचिका (PIL) दायर करने वाले याचिकाकर्ता से बेहद सख्त सवाल किए।

जस्टिस कांत ने पूछा, “यह उत्सव तो पिछले 100 सालों से होता आ रहा है। फिर अब आपने आखिरी समय में कोर्ट का रुख क्यों किया? आप पहले क्यों नहीं आए?”

जब याचिकाकर्ता के वकील ने कहा कि आयोजन से स्कूल में पढ़ाई प्रभावित हो रही है, तो जस्टिस कांत ने फिर सवाल किया, “लेकिन आप न तो छात्र हैं, न ही छात्र के अभिभावक और न ही संपत्ति के मालिक हैं… फिर आपने जनहित याचिका क्यों डाली?” कोर्ट ने यह भी पूछा कि छात्रों या अभिभावकों की तरफ से कोई शिकायत क्यों नहीं आई है।

इससे पहले, इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पाया था कि रामलीला के लिए स्कूल के खेल के मैदान में सीमेंट की इंटरलॉकिंग टाइलें बिछाई जा रही हैं और स्कूल के गेट का नाम बदलकर ‘सीता राम द्वार’ कर दिया गया है।

हाईकोर्ट ने माना था कि इससे बच्चों की पढ़ाई और खेल के मैदान का अधिकार प्रभावित हो सकता है, जिसके चलते उसने आयोजन पर रोक लगा दी थी। हाईकोर्ट के इसी आदेश के खिलाफ रामलीला महोत्सव समिति ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था।

जस्टिस सूर्यकांत, जस्टिस उज्ज्वल भुयान और जस्टिस एन. कोटिश्वर सिंह की पीठ ने रामलीला आयोजन समिति की याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा, “चूंकि उत्सव शुरू हो चुके हैं, इसलिए हाईकोर्ट के आदेश पर रोक लगाई जाती है।

वहां इस शर्त के साथ उत्सव जारी रहेंगे कि बच्चों के खेलने या खेल गतिविधियों में कोई बाधा नहीं आएगी।” सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट से इस मामले में सभी पक्षों को विस्तार से सुनने का भी अनुरोध किया है।

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टैरिफ विवाद के बीच ढीले पडऩे लगे अमेरिका के तेवर, ट्रंप के अधिकारी बोले- मैं भारत का फैन हूं

न्यूयॉर्क ,25  सितंबर (एजेंसी) । अमेरिका ने भारत पर 50 प्रतिशत टैरिफ लगा दिया है, जो पूरी दुनिया में सबसे अधिक माना जा रहा है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के इस फैसले से भारत-अमेरिका के व्यापारिक रिश्तों में तनाव बढ़ गया है।

हालांकि, अब अमेरिका का रुख नरम होता दिखाई दे रहा है। अमेरिकी ऊर्जा सचिव क्रिस राइट ने हाल ही में कहा कि वाशिंगटन भारत के साथ अपने संबंधों को और मजबूत करना चाहता है।

उनका यह बयान उस समय आया है जब ट्रंप ने भारत को रूस से तेल खरीदने से रोकने की बात कही थी।

भारत के साथ उज्ज्वल भविष्य देखता है अमेरिका

न्यूयॉर्क फॉरेन प्रेस सेंटर में समाचार एजेंसी एएनआई से बातचीत में राइट ने कहा कि अमेरिका का उद्देश्य भारत पर दंडात्मक शुल्क लगाना नहीं है, बल्कि उसका लक्ष्य यूक्रेन में रूस की सैन्य कार्रवाई को समाप्त करना है।

उन्होंने जोर देकर कहा कि अमेरिका भारत के साथ उज्ज्वल भविष्य देखता है और यूक्रेन संकट पर अधिक समन्वय चाहता है।

राइट ने कहा कि भारत रूस से तेल इसलिए खरीद रहा है क्योंकि वह सस्ता है, लेकिन दुनिया में कई अन्य तेल निर्यातक देश मौजूद हैं। उन्होंने कहा, *हम चाहते हैं कि भारत हमारे साथ मिलकर तेल खरीदे। आप दुनिया के किसी भी देश से तेल खरीद सकते हैं, बस रूसी तेल नहीं। यही हमारा रुख है।

भारत एक खास ऊर्जा पार्टनर

अमेरिकी ऊर्जा सचिव ने आगे कहा कि अमेरिका भारत को एक खास ऊर्जा साझेदार मानता है। उन्होंने दावा किया कि भारत, रूस-यूक्रेन युद्ध को समाप्त करने के अमेरिकी लक्ष्य से सहमत है।

राइट ने कहा, *मैं भारत का बड़ा प्रशंसक हूं। हम भारत से प्यार करते हैं और उसके साथ अधिक ऊर्जा व्यापार और पारस्परिक आदान-प्रदान की आशा रखते हैं।

गौरतलब है कि ट्रंप ने भारत पर आरोप लगाया था कि वह रूस से रियायती कच्चा तेल खरीदकर अप्रत्यक्ष रूप से यूक्रेन पर रूसी हमलों को बढ़ावा दे रहा है।

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चिप से लेकर शिप तक सब कुछ भारत में बनाना है : पीएम मोदी

ग्रेटर नोएडा ,25  सितंबर (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा स्थित इंडिया एक्सपो मार्ट में आयोजित ‘उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो’ के तीसरे संस्करण का गुरुवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उद्घाटन किया। उन्होंने देशभर से आए उद्यमियों, निवेशकों और युवाओं का स्वागत करते हुए कहा कि यह आयोजन भारत की आर्थिक प्रगति और आत्मनिर्भरता की दिशा में बड़ा कदम है।

पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि अंत्योदय का अर्थ है, विकास की रोशनी समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचना। गरीब तक विकास पहुंचे और हर प्रकार का भेदभाव समाप्त हो, यही अंत्योदय है और यही सामाजिक न्याय की मजबूती है।

उन्होंने यूपीआई, आधार, डिजिलॉकर और जैम पोर्टल जैसी योजनाओं को आर्थिक क्रांति का आधार बताया। उन्होंने कहा कि आज जेम पोर्टल से 25 लाख से अधिक सर्विस प्रोवाइडर्स जुड़े हैं और केंद्र सरकार 15 लाख करोड़ रुपए से अधिक के सामान और सेवाएं खरीद चुकी है। सिर्फ एमएसएमई से 7 लाख करोड़ रुपए की खरीद हुई है, जो छोटे उद्यमियों के लिए बड़ा सहारा है।

उन्होंने जीएसटी सुधार को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि 2014 से पहले टैक्स का जंजाल इतना था कि परिवार का बजट और व्यापार दोनों ही संतुलित नहीं रह पाते थे। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि 2014 से पहले 1,000 रुपए की शर्ट पर 117 रुपए टैक्स लगता था, जो अब घटकर मात्र 35 रुपए रह जाएगा।

इसी तरह, 2014 से पहले 100 रुपए का सामान 131 रुपए में मिलता था, लेकिन जीएसटी के बाद यह घटकर 118 रुपए और अब सिर्फ 105 रुपए में उपलब्ध है। जरूरत की अधिकांश वस्तुओं पर अब सिर्फ 5 प्रतिशत टैक्स है। इसका किसान, मजदूर और आम उपभोक्ता को सीधा लाभ हो रहा है।

प्रधानमंत्री ने उद्यमियों से अपील की कि वे ऐसे मॉडल तैयार करें जो भारत को आत्मनिर्भर बनाने में सहायक हों। उन्होंने कहा, ”हर वो प्रोडक्ट जो हम भारत में बना सकते हैं, उसे भारत में ही बनाना होगा। चिप से लेकर शिप तक सब कुछ भारत में बनाना है। सरकार कंधे से कंधा मिलाकर आपके साथ खड़ी है। मैन्युफैक्चरिंग में क्वालिटी से कोई समझौता नहीं होना चाहिए।

स्वदेशी रिसर्च, डिजाइन और डेवलपमेंट का मजबूत इकोसिस्टम विकसित करना होगा। उत्तर प्रदेश आज देश का सबसे ज्यादा एक्सप्रेसवे वाला राज्य है। यहां सबसे अधिक इंटरनेशनल एयरपोर्ट भी बन रहे हैं। यूपी में दो बड़े डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर और ओडीओपी जैसी योजनाओं से स्थानीय उत्पादों को वैश्विक पहचान मिली है।

उन्होंने बताया कि भारत इलेक्ट्रॉनिक और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा केंद्र बन गया है। देश में बनने वाले 55 प्रतिशत मोबाइल यूपी में बनते हैं।

इसके अलावा, यूपी में एके-203 राइफल और ब्रह्मोस मिसाइल का उत्पादन भी हो रहा है। बदलती दुनिया में जो देश जितना अधिक दूसरों पर निर्भर रहेगा, उसकी प्रगति उतनी ही सीमित होगी।

उन्होंने निवेशकों से कहा कि भारत और विशेष रूप से उत्तर प्रदेश में निवेश करना उनके लिए ‘विन-विन सिचुएशन’ है। उन्होंने सभी उद्यमियों और प्रतिभागियों को इंटरनेशनल ट्रेड शो के लिए शुभकामनाएं दीं और भारत को 2047 तक ‘विकसित राष्ट्र’ बनाने के लक्ष्य को दोहराया।

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भारत का आत्मनिर्भर बनना जरूरी, रूस हमारा टाइम-टेस्टेड पार्टनर : यूपी में बोले मोदी

ग्रेटर नोएडा ,25  सितंबर (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। भारत के आत्मनिर्भर बनने पर जोर देते हुए, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को कहा कि वैश्विक अनिश्चितता के बाद भी भारत की विकास दर मजबूत बनी हुई है।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि सरकार मेक इन इंडिया पर फोकस दोगुना कर रही है। हमारा लक्ष्य देश में चिप से लेकर जहाज तक बनाना है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि पहली, पूरी तरह से स्वदेशी एके-203 असॉल्ट राइफलें जल्द ही सेना को सौंप दी जाएंगी।

इंडो-रशियन राइफल्स प्राइवेट लिमिटेड (आईआरआरपीएल) एक ज्वाइंट वेंचर कंपनी है जिसकी स्थापना उत्तर प्रदेश के अमेठी में एके-203 (जिसे भारत में शेर नाम दिया गया है) के स्वदेशी उत्पादन के लिए की गई है।

एके-203 राइफलें, एके-47 और एके-56 राइफलों की तुलना में काफी आधुनिक हैं। ये कलाश्निकोव सीरीज की सबसे घातक राइफलों में से एक हैं।

प्रधानमंत्री मोदी ने आगे कहा कि अब भारतीयों का मानना है कि स्वदेशी उत्पाद बेहतर, उपयोगकर्ता-अनुकूल और टिकाऊ होते जा रहे हैं। इस कारण गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं होना चाहिए और देश को आत्मनिर्भर बनना होगा।

जैसे ही प्रधानमंत्री मेगा ट्रेड शो का उद्घाटन करने के लिए कार्यक्रम स्थल पर पहुंचे, उन्होंने प्रदर्शनी क्षेत्र का दौरा किया और विभिन्न क्षेत्रों में अगली पीढ़ी के इनोवेशन को देखा।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में आयोजित इस मेगा इवेंट का तीसरा संस्करण 25 से 29 सितंबर तक इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में आयोजित किया जा रहा है, जिसमें राज्य की औद्योगिक, कृषि, सांस्कृतिक और इनोवेशन क्षमताओं को वैश्विक मंच पर प्रदर्शित किया जाएगा।

यह आयोजन औद्योगिक प्रगति को प्रदर्शित करने, व्यापार सहयोग को बढ़ावा देने और निवेश आकर्षित करने पर केंद्रित है।

इसमें बिजनेस और इंडस्ट्री लीडर्स, स्टार्टअप, निर्यातक और सरकारी अधिकारी शामिल होंगे। इस व्यापार मेले में 2,400 से अधिक प्रदर्शकों और 1,25,000 बी2बी आगंतुकों के भाग लेने की उम्मीद है।

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वर्ल्ड फूड इंडिया में 1 लाख करोड़ के एमओयू साइन होंगे : चिराग पासवान

नई दिल्ली ,25  सितंबर (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। वर्ल्ड फूड इंडिया का चौथा संस्करण 25 से 28 सितंबर तक राजधानी दिल्ली स्थित भारत मंडपम में आयोजित किया जा रहा है।

इस भव्य आयोजन का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 25 सितंबर की शाम 6 बजे करेंगे। इसी बीच केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्री चिराग पासवान ने गुरुवार को कहा कि वर्ल्ड फूड इंडिया का उद्देश्य देश और दुनिया में फूड प्रोसेसिंग सेक्टर से जुड़े सभी वर्टिकल्स को एक मंच पर लाना है।

उन्होंने कहा कि चार दिनों में विभिन्न एमओयू पर हस्ताक्षर किए जाएंगे, जिनका मूल्य 1 लाख करोड़ रुपए से अधिक होगा। पिछले संस्करण में हस्ताक्षरित एमओयू में से 80 प्रतिशत को धरातल पर उतारा जा चुका है।

इस उद्योग को बढ़ावा देना लक्ष्य है, जो रोजगार सृजन, किसानों की मदद और देश की अर्थव्यवस्था में योगदान देता है। 90 से अधिक देशों के प्रतिनिधि और देश के अधिकांश राज्यों की मजबूत उपस्थिति इस आयोजन में देखने को मिलेगी।

लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के हाइड्रोजन बम वाले बयान पर चिराग पासवान ने कहा कि जब वे फोड़ेंगे तभी पता चलेगा कि उनका यह हाइड्रोजन बम क्या है।

अभी तो जितनी बार वे आते हैं, वे उसी चीज पर बल देते हैं जिसकी वजह से एसआईआर प्रक्रिया को शुरू किया गया है। उनका बार-बार आकर यह कहना कि वोटर लिस्ट में धांधली हो रही है, तो उसी वजह से तो एसआईआर को लाया जा रहा है।

उन्होंने आगे कहा कि एक तरफ शिकायत भी आप करेंगे और शिकायत के समाधान के लिए जिस प्रक्रिया का पालन किया जाएगा, उसमें भी दिक्कत है।

मतलब चीटिंग भी अपनी, पट भी अपनी, यह नहीं चलेगा। अगर आपको इस व्यवस्था से दिक्कत है तो आपके पास कानूनी विकल्प भी हैं, लेकिन सिर्फ आना और आरोप लगाकर चले जाना गलत है।

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एकडालिया के मंडप में सीएम की आंखें नम हुई तो चक्रबेरिया में किया डांडिया

कोलकाता 25 Sep, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) । मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने लगातार दुर्गा पूजा मंडपों का उद्घाटन कर रिकॉर्ड बना लिया है। सीएम ममता बनर्जी लगाता दुर्गा पूजा मंडपों का उद्घाटन कर रही है।

आज उन्होंने महानगर कोलकाता के तमाम नामचीन दुर्गा पूजा मंडपों का उद्घाटन किया। सीएम ममता बनर्जी जैसे ही एकडालिया के दुर्गा पूजा मंडप पहुंची उनकी आंखें उनके मंत्री मंडल के वरीय सहयोगी रहें सुब्रत मुखर्जी की याद में नम हो गई।

वहीं मुख्यमंत्री ने चक्रबेरिया  सार्वजनिक के पूजा मंडप का भी उद्घाटन किया और यहां मौजूद महिलाओं के साथ संगीत की धून पर डांडिया खेला। मुख्यमंत्री के साथ डांडिया खेलकर महिलाओं का उत्साह काफी बढ़ गया और उन्होंने सीएम के इस व्यवहार की तारीफ की।

मुख्यमंत्री आज जब  एकडालिया के दुर्गा पूजा मंडप के मंच पर पहुंची तो उनके मंत्री मंडल के वरीय सहयोगी रहें सुब्रत मुखर्जी की तस्वीर को देख कर उनकी आंखें जहां नम हो गई वहीं वह बेहद भावुक हुईं। मुख्यमंत्री ने कहा, “यह पूजा मुझे सुब्रत दा की याद दिलाती है।”

उन्होंने आगे कहा, “वह मुझे सात दिन पहले फ़ोन करके पूछते थे कि वह मुझे कब डेट देंगी, सीएम ने कहा जाने वाला तो चल गया है वह अब किसे  पूजा उद्घाटन की डेट देंगी। सीएम ने कहा कि सुब्रत दा सबसे पहले डेट चाहते थे। आने पर वह यहीं बैठकर पूरे समय बातें करते रहते थे।”

सीएम ममता ने पूजा का उद्घाटन करते हुए, सुब्रत मुखर्जी के साथ बिताए दिनों की यादें ताज़ा की। सीएम ने कहा कि, काली पूजा से ठीक एक दिन पहले उनका निधन हो गया। ममता ने स्पष्ट किया कि सुब्रत मुखर्जी के जाने से जो रिक्तता हुई है वह अभी तक नहीं भरी गई है।

सीएम ने कहा “मुझे बहुत दुख हो रहा है। तस्वीर देखते ही मेरी आंखों में आंसू आ जाते हैं,” उन्होंने कहा। “सुब्रत जैसा व्यक्ति जब चला जाता है, तो कभी वापस नहीं आता।

असामयिक मृत्यु, सुब्रत दा को ऐसे नहीं जाना चाहिए था।” पूजा के दिनों में, एकडालिया का मंच मुख्यमंत्री के लिए बेहद निजी हो जाता है। सिर्फ़ राजनीति ही नहीं, बल्कि रिश्ते, यादें और एक गहरा आध्यात्मिक जुड़ाव—कुल मिलाकर, इस पूजा के दौरान सुब्रत आज भी उनके मन में जीवित हैं।

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राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने वृंदावन के ठाकुर बांके बिहारी मंदिर में किए दर्शन

वृंदावन ,25  सितंबर (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने वृंदावन के प्रसिद्ध ठाकुर बांके बिहारी मंदिर में दर्शन किए हैं।

राष्ट्रपति के दर्शन के लिए मंदिर को कुछ समय के लिए आम भक्तों के लिए बंद रखा गया, ताकि उनकी सुरक्षा और सुविधा सुनिश्चित की जा सके। इस दौरान रिजर्व समय में किसी भी भक्त को मंदिर में प्रवेश की अनुमति नहीं दी गई।

कार्यक्रम के अनुसार, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू दोपहर 3:30 बजे मथुरा के कुब्जा कृष्ण मंदिर पहुंचेंगी, जहां वह करीब 30 मिनट तक रहेंगी। इसके बाद, 4:15 बजे वह श्रीकृष्ण जन्मस्थान पहुंचेंगी, जहां वह दर्शन और पूजन करेंगी।

शाम 5 बजे राष्ट्रपति मथुरा जंक्शन रेलवे स्टेशन पहुंचेंगी, जहां से वह ट्रेन से दिल्ली के सफदरजंग रेलवे स्टेशन के लिए प्रस्थान करेंगी।

राष्ट्रपति जिस स्पेशल ट्रेन से वृंदावन पहुंची हैं, वह महाराजा एक्सप्रेस ट्रेन है। 16 कोच की ये ट्रेन आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित होती है, जिसमें राष्ट्रपति के साथ उनके स्टाफ के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

राष्ट्रपति ने पिछली बार जून 2023 में इसी विशेष ट्रेन से सफर किया था और वे भुवनेश्वर से अपने गृहनगर रायरंगपुर (ओडिशा) गई थीं। 2 साल 3 महीने बाद राष्ट्रपति मुर्मू ने दोबारा इस ट्रेन से सफर किया है।

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के मथुरा-वृंदावन दौरे को लेकर रेलवे स्टेशनों, लाइनों के किनारे और ओवरब्रिजों पर सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त किए गए। आरपीएफ और जीआरपी के जवान पूरे सेक्शन में तैनात हैं।

राष्ट्रपति के पहुंचने से पहले ही वरिष्ठ अधिकारियों ने सुचारू यात्रा सुनिश्चित करने के लिए मंदिरों में सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी की। श्री कृष्ण जन्मस्थान मंदिर और राष्ट्रपति के यात्रा कार्यक्रम के अन्य स्थलों पर सुरक्षा के सभी पहलुओं की गहन जांच की गई।

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जब रांची की सड़कों पर अचानक निकले एसएसपी व सिटी एसपी देर रात

रांची,24.09.2025 – जब रांची  में अचानक निकले एसएसपी देर रात सड़क पर.  तैनात पुलिस पदाधिकारी और जवानों को दिए कई निर्देश.क्राइम कंट्रोल और असमाजिक तत्वों पर निगरानी रखने के साथ साथ रात्रि गस्ती कड़ाई से करने का दिए निर्देश. इस  दौरान एसएसपी के साथ सिटी एसपी भी रहे मौजूद.

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दुर्गा पूजा के मद्दे नज़र रांची पुलिस अलर्ट,एंटी क्राइम चेकिंग अभियान जारी

रांची,24.09.2025 – रांची में दुर्गा पूजा के मद्दे नज़र रांची पुलिस हाई अलर्ट मोड में है.डीएसपी के नेतृत्व में शहर भर में चलाया जा रहा है एंटी क्राइम चेकिंग अभियान.

सभी पर नजर रांची पुलिस की है.आने जाने वाले हर वाहन कार, बाइक ,ऑटो तक की जांच की जा रही है.

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साउथ स्टार ऋषभ शेट्टी स्टारर ‘कांतारा : चैप्टर 1’ का ट्रेलर हुआ जारी….!

25.09.2025 – होम्बले फिल्म्स के बैनर तले निर्मित फिल्म ‘कांतारा : चैप्टर 1’ का ट्रेलर जारी कर दिया गया है। साउथ स्टार ऋषभ शेट्टी स्टारर ‘कांतारा : चैप्टर 1’ को देशभर में रिलीज होने वाली सबसे बड़ी पैन-इंडिया फिल्म के रूप में देखा जा रहा है।

इस फिल्म की क्रिएटिव टीम में म्यूजिक डायरेक्टर बी. अजनीश लोकनाथ, सिनेमैटोग्राफर अरविंद कश्यप और प्रोडक्शन डिज़ाइनर विनेश बंग्लान शामिल हैं, जिन्होंने मिलकर फिल्म की दमदार विजुअल और भावनात्मक कहानी को आकार दिया है।

होम्बले फिल्म्स द्वारा 2022 में निर्मित ‘कांतारा’ ब्लॉकबस्टर फिल्म साबित हुई थी। फिल्म ‘ कांतारा: चैप्टर 1’ के साथ एक बार फिर होम्बले फिल्म्स भारतीय सिनेमा की सीमाओं को आगे बढ़ा रही है।

मेकर्स ने ‘ कांतारा : चैप्टर 1’ के लिए नेशनल और इंटरनेशनल स्पेशलिस्ट के साथ एक बड़ा वॉर सीक्वेंस तैयार किया है, जिसमें 500 से ज़्यादा कुशल फाइटर्स और 3,000 लोग शामिल हैं।

यह सीक्वेंस 25 एकड़ में फैले एक पूरे शहर में, ऊबड़-खाबड़ इलाके में 45-50 दिनों के दौरान फिल्माया गया था, जो इसे भारतीय सिनेमा के इतिहास में सबसे बड़े सीक्वेंसेज में से एक बनाता है।

यह फिल्म 2 अक्टूबर को दुनिया भर में कन्नड़, हिंदी, तेलुगु, मलयालम, तमिल, बंगाली और अंग्रेजी भाषाओं में रिलीज होगी।

प्रस्तुति : काली दास पाण्डेय

https://youtu.be/M2OnifMgvps?si=j31q7Tm38MEOEJ05

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अखिलेश यादव का भाजपा पर हमला, कहा – पीडीए पूरे देश में बनेगा बदलाव की ताक़त

लखनऊ, 24 सितंबर 2025 (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)।समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा है कि उत्तर प्रदेश से जन्मी पीडीए की जनचेतना अब पूरे देश के ‘पीड़ित, दुखी और अपमानित’ समाज के लिए संघर्ष की नई आवाज़ बन चुकी है। यह आवाज़ उन वर्गों की है जिन्हें ऐतिहासिक रूप से उपेक्षा और उत्पीड़न झेलना पड़ा और जो आज अपने सम्मान, अधिकार, आरक्षण और पिछड़ेपन से उबरने की दिशा में एकजुट होकर आगे बढ़ रहे हैं।

उन्होंने कहा कि जहाँ समाज की संख्या कम है, वहाँ भी लोगों को यह समझ आ गया है कि एकजुटता ही उनकी सबसे बड़ी ताक़त है। यही एकजुटता उनके हक की रक्षा करेगी। इसीलिए पीडीए अंतिम पंक्ति के लोगों के स्वाभिमान और आत्मसम्मान के नवजागरण का नाम है। यही कारण है कि ‘जो पीड़ित वही पीडीए’ के नारे के साथ अब यह समाज देशभर में यह संकल्प ले रहा है कि “पीडीए का परचम पूरे देश में लहराएंगे, अपनी सरकार बनाएंगे।”

अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार में पीडीए समाज के साथ बड़े पैमाने पर भेदभाव और शोषण हो रहा है। सत्ता संरक्षण में इनके अधिकार छीने जा रहे हैं और इसी कारण भाजपा की बेचैनी और घबराहट साफ दिख रही है।

उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि जिन गाँवों में पीडीए समाज की संख्या अधिक है, विशेषकर मल्लाह जैसे समाजों में, वहाँ भाजपा सरकार पीडीए पाठशाला खुलने के डर से सीधे स्कूल बंद तो नहीं कर पा रही, लेकिन सत्ता-संरक्षित अधिकारियों और प्रभावशाली लोगों के जरिए शिक्षकों को न भेजने और झूठी हाज़िरी लगाने का दबाव प्रधानाध्यापकों पर बनाया जा रहा है। यह भी स्कूल बंद कराने की एक नई चाल है।

अखिलेश ने चेतावनी दी कि ऐसे अन्यायपूर्ण रवैये और भ्रष्टाचार से उपजा आक्रोश अंततः हिंसक भी हो सकता है।

सपा अध्यक्ष ने कहा कि भाजपा ने शिक्षा का पूरा माहौल बिगाड़ दिया है और पीडीए समाज को शिक्षा से वंचित रखने की यह साज़िश अब सफल नहीं होगी। उन्होंने दावा किया कि जनता अब पूरी तरह जागरूक है और 2027 में भाजपा को सत्ता से बाहर का रास्ता दिखाने जा रही है।

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SC-ST जैसा EBC कानून, निकायों में 30% आरक्षण; महागठबंधन का पहला संकल्प पत्र जारी

पटना 24 Sep,(Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)  बिहार विधानसभा चुनाव 2025 से पहले महागठबंधन ने बुधवार को पटना में अपना पहला चुनावी घोषणा-पत्र जारी किया। कांग्रेस नेता राहुल गांधी और आरजेडी नेता तेजस्वी यादव ने संयुक्त रूप से “अति पिछड़ा न्याय संकल्प” नाम से इस मैनिफेस्टो का ऐलान किया। इसमें अति पिछड़ा वर्ग (EBC) और वंचित तबकों के लिए कई अहम वादे किए गए हैं।

राहुल गांधी का सरकार पर हमला

लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने कहा कि देश में अति पिछड़ा, आदिवासी, ओबीसी और दलित वर्ग को उनकी आबादी के अनुपात में अधिकार और भागीदारी नहीं मिल पा रही है। उन्होंने नीतीश सरकार पर निशाना साधते हुए कहा, “20 साल से सत्ता में रहने के बावजूद उन्होंने ये वादे क्यों पूरे नहीं किए, जिन्हें आज हम अपना विजन बना रहे हैं।”

महागठबंधन के 10 बड़े वादे

* महागठबंधन के घोषणा-पत्र में अति पिछड़े वर्ग और सामाजिक न्याय को ध्यान में रखते हुए ये वादे शामिल हैं

* एससी-एसटी की तर्ज पर अति पिछड़ा अत्याचार निवारण कानून बनाया जाएगा।

* पंचायत और नगर निकायों में EBC आरक्षण 20% से बढ़ाकर 30% किया जाएगा।

*आबादी के अनुपात में आरक्षण सुनिश्चित करने के लिए 50% की सीमा को बढ़ाने का प्रस्ताव लाकर इसे संविधान की 9वीं अनुसूची में शामिल करने के लिए केंद्र को भेजा जाएगा।

* भर्ती प्रक्रिया में “Not Found Suitable (NFS)” को गैरकानूनी घोषित किया जाएगा।

* भूमिहीन परिवारों को शहरी क्षेत्रों में 3 डिसिमल और ग्रामीण क्षेत्रों में 5 डिसिमल जमीन दी जाएगी।

*शिक्षा का अधिकार कानून 2010 के तहत प्राइवेट स्कूलों में आरक्षित सीटों का आधा हिस्सा EBC, OBC, SC और ST बच्चों को मिलेगा।

*25 करोड़ रुपये तक के सरकारी ठेकों और आपूर्ति टेंडरों में वंचित वर्गों को 50% आरक्षण दिया जाएगा।

* सभी निजी शिक्षण संस्थानों में नामांकन में आरक्षण लागू होगा।

*आरक्षण की निगरानी के लिए उच्चाधिकार प्राप्त आरक्षण नियामक प्राधिकरण बनाया जाएगा।

*जातियों की सूची में किसी भी बदलाव का अधिकार केवल विधानमंडल को होगा।

तेजस्वी यादव का बयान

आरजेडी नेता तेजस्वी यादव ने कहा कि यह घोषणा-पत्र सिर्फ वादों का कागज़ नहीं बल्कि सामाजिक न्याय का रोडमैप है। उन्होंने कहा कि महागठबंधन बिहार में अति पिछड़े समाज को नई ताकत देने का काम करेगा।

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पहलगाम हमला: 26 पर्यटकों की हत्या में मदद करने वाला गिरफ्तार

ऑपरेशन महादेव में मिली थी बड़ी लीड

नई दिल्ली 24 Sep, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी): जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में 26 पर्यटकों की नृशंस हत्या के मामले में सुरक्षाबलों को एक बड़ी कामयाबी मिली है। इस आतंकी हमले में आतंकवादियों की मदद करने वाले एक शख्स को गिरफ्तार कर लिया गया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान मोहम्मद कटारिया के रूप में हुई है।

पुलिस के अनुसार, कटारिया की गिरफ्तारी जुलाई में चलाए गए ‘ऑपरेशन महादेव’ के दौरान बरामद हथियारों की फॉरेंसिक जांच के बाद संभव हो पाई। जांच में मिले सबूतों के आधार पर कटारिया को हिरासत में लिया गया है और उससे पूछताछ जारी है।

गौरतलब है कि इसी साल 22 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम स्थित बैसरन घाटी में आतंकवादियों ने निहत्थे पर्यटकों पर अंधाधुंध गोलियां बरसाई थीं। इस बर्बर हमले में 26 पर्यटकों की जान चली गई थी। रिपोर्ट्स के मुताबिक, आतंकियों ने लोगों से उनका धर्म पूछकर उन्हें करीब से गोली मारी थी।

इस कायराना हमले की जिम्मेदारी पाकिस्तान समर्थित आतंकी संगठन ‘द रेजिस्टेंस फ्रंट’ (TRF) ने ली थी, जो लश्कर-ए-तैयबा का ही एक मुखौटा संगठन है। इस घटना के बाद दुनियाभर में इसकी कड़ी निंदा हुई थी और पूरे भारत में पाकिस्तान के खिलाफ भारी आक्रोश देखने को मिला था।

इस आतंकी हमले का बदला लेने के लिए भारत ने पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में बड़ी जवाबी कार्रवाई की थी, जिसमें 100 से ज्यादा आतंकियों को मार गिराया गया था।

सरकार ने पहले सिंधु जल संधि को रद्द करने जैसे कड़े कदम उठाए और इसके बाद मई की शुरुआत में ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत पीओके और पाकिस्तान के कई शहरों में हवाई हमले कर 9 आतंकी शिविरों को नेस्तनाबूद कर दिया था। इस ऑपरेशन के दौरान पाकिस्तान के कई एयरबेस को भी भारी नुकसान पहुंचा था, जिसके बाद दोनों देशों के बीच तनाव चरम पर पहुंच गया था।

इसके बाद, पहलगाम हमले के आतंकियों का सफाया करने के लिए जुलाई में ‘ऑपरेशन महादेव’ चलाया गया। 28 जुलाई को इस ऑपरेशन के दौरान, भारतीय सेना ने लश्कर के तीन खूंखार आतंकवादियों- सुलेमान, अफगान और जिब्रान को ढेर कर दिया था, जिससे यह पुष्टि हो गई कि इस हमले के पीछे लश्कर का ही हाथ था।

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Special Festive Drive के तहत राँची के विभिन्न मिठाई दुकानों एवं रेस्टूरेंट का औचक निरीक्षण

उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी, राँची श्री मंजूनाथ भजन्त्री के निदेशानुसार खाद्य सुरक्षा दल ने किया निरीक्षण

चलन्त खाद्य जाँच प्रयोगशाला द्वारा खाद्य नमूनों विशेषकर दूध से बने उत्पाद की जांच

न्यू चूरूवाला और न्यू राज स्वीट्स को नोटिस

रांची,24.09.2025 – उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी, राँची श्री मंजूनाथ भजन्त्री के निदेशानुसार Special Festive Drive के तहत राँची के विभिन्न मिठाई दुकानों एवं रेस्टूरेंट का औचक निरीक्षण खाद्य सुरक्षा दल द्वारा किया गया।

इस क्रम में चलन्त खाद्य जाँच प्रयोगशाला द्वारा खाद्य नमूनों विशेषकर दूध से बने उत्पाद जैसे-पनीर, खोवा एवं खोवा से बनी मिठाईयों On the spot जाँच किया गया।

इस क्रम में खाद्य प्रतिष्ठान बिसनीस आईसक्रीम, फिरायालाल चौक, राँची, जलजोगा रेस्टूरेन्ट, अल्बर्ट एक्का चौक, राँची, स्वीट् इंडिया, महात्मा गाँधी मार्ग, राँची, न्यू चुरूवाला, महात्मा गाँधी मार्ग, राँची, न्यू राज स्वीट्स, ओवरब्रिज मेन रोड, राँची, रसीक लाल, डोरंडा, राँची, राजस्थान कलेवालय, कचहरी चौक, राँची, न्यू दिल्ली ढाबा, कचहरी चौक, राँची, उदय मिष्टान भंडार, लालपुर, राँची एवं The Cafe Coffee Day, लालपुर, राँची का जाँच किया गया।

जाँच के क्रम में न्यू चुरूवाला, महात्मा गाँधी मार्ग, राँची में पनीर (लगभग 4 कि०ग्रा०) अवमानक पाया गया, जिसे मौके पर नष्ट कर दिया गया है। खाद्य कारोबारी को नोटिस की कार्रवाई की जा रही है।

जाँच के क्रम में न्यू राज स्वीट्स, महात्मा गाँधी मार्ग, राँची में बिना लेबल के फ्रुट जैम पैकेट पाया गया, जिसे खाद्य कारोबारी को नहीं बेचने का निदेश दिया गया है। खाद्य कारोबारी को उक्त कृत्य हेतु नोटिस की कार्रवाई की जा रही है।

शेष उपरोक्त अंकित खाद्य प्रतिष्ठानों में मानक रूप के अनुरूप खाद्य सामग्रियों की बिक्री की जा रही थी।

अधिकांश प्रतिष्ठानों में कर्मियों के द्वारा बिना एप्रॉन / हेडगेयर / ग्लब्स के साथ खाद्य कारोबार किया जा रहा था। खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी, राँची के निदेश पर सभी कर्मियों को प्रतिष्ठान संचालक के द्वारा मौके पर ही सुरक्षात्मक सुविधाए उपलब्ध करायी गई।

साथ ही सभी खाद्य कारोबारियों को उपभोक्ता से शिकायत करने पर उसका निष्पादन करने एवं उपभोक्ताओं से कुशल व्यवहार करने का निर्देश दिया गया।

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छत्तीसगढ़ शराब घोटाला : चैतन्य बघेल को 13 दिन की EOW रिमांड, दीपेन चावड़ा से भी 29 सितंबर तक होगी पूछताछ

रायपुर 24 Sep, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। छत्तीसगढ़ शराब घोटाले मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए ईओडब्ल्यू (EOW) ने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बेटे चैतन्य बघेल को 13 दिन की पुलिस रिमांड पर अपने हवाले कर लिया है।

चैतन्य बघेल अब 6 अक्टूबर तक EOW रिमांड पर रहेंगे, इस दौरान जांच टीम उनसे कड़ी पूछताछ करेगी। इससे पहले कस्टम मिलिंग घोटाले में गिरफ्तार दीपेन चावड़ा को भी 29 सितंबर तक पुलिस रिमांड पर सौंपा गया है।

बता दें कि आज ईओडब्ल्यू ने रायपुर स्पेशल कोर्ट में प्रोडक्शन वारंट दायर कर चैतन्य बघेल को गिरफ्तार करने की प्रक्रिया पूरी की।

इसके बाद कड़ी सुरक्षा के बीच उन्हें रायपुर सेंट्रल जेल से कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट में चैतन्य बघेल और दीपेन चावड़ा दोनों के मामले की सुनवाई हुई।

बता दें कि आज छत्तीसगढ़ शराब घोटाले मामले में चैतन्य बघेल को आज EOW गिरफ्तार कर रिमांड पर ले सकती है। ACB-EOW ने रायपुर स्पेशल कोर्ट में चैतन्य को गिरफ्तार करने के लिए कोर्ट में प्रोडक्शन वारंट का आवेदन लगाया है।

कुछ देर पहले पुलिस चैतन्य को रायपुर सेंट्रल जेल से कड़ी सुरक्षा के बीच कोर्ट पहुंची है, जहां ACB/EOW की कोर्ट में मामले की सुनवाई होगी। चैतन्य के अलावा कस्टम मिलिंग स्कैम में गिरफ्तार दीपेन चावड़ा को भी पेशी के लिए लाया गया है।

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सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला: मध्य प्रदेश सिविल जज भर्ती में तीन साल की प्रैक्टिस अनिवार्यता की रद्द, दिए ये निर्देश

नई दिल्ली/ भोपाल 24 Sep, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) । सुप्रीम कोर्ट ने मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय के उस आदेश को रद्द कर दिया, जिसमें सिविल जज के पदों पर भर्ती के लिए तीन साल की लीगल प्रैक्टिस को अनिवार्य किया गया था।

जस्टिस पीएस नरसिम्हा और जस्टिस अतुल एस. चंदुरकर की पीठ ने मंगलवार को यह महत्वपूर्ण फैसला सुनाया। मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की ओर से अधिवक्ता अश्विनी कुमार दुबे ने तर्क दिया कि दोबारा परीक्षा आयोजित करना “असंवैधानिक और अव्यावहारिक” होगा। उन्होंने कहा कि इससे अनावश्यक मुकदमेबाजी शुरू हो सकती है।

सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई के बाद हाईकोर्ट के खंडपीठ के फैसले को चुनौती देने वाली अपील को स्वीकार कर लिया।

यह आदेश मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय के 13 जून, 2024 के उस फैसले के खिलाफ दायर अपील पर आया, जिसमें 14 जनवरी, 2024 को आयोजित प्रारंभिक परीक्षा में सफल उन उम्मीदवारों को बाहर करने का निर्देश दिया गया था, जो संशोधित नियमों के तहत पात्रता मानदंडों को पूरा नहीं करते थे।

पिछले साल, सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट के उस आदेश पर रोक लगा दी थी, जिसमें तीन साल की लीगल प्रैक्टिस की अनिवार्यता के बिना सिविल जज भर्ती प्रक्रिया को रोका गया था।

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पंचकूला में खेल महाकुंभ का शुभारंभ, 3 हजार से ज्यादा खिलाड़ी ले रहे हिस्सा

पंचकूला ,24  सितंबर (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। सेक्टर 3 ताऊ देवीलाल स्टेडियम में बुधवार को खेल महाकुंभ के दूसरे चरण की शुरुआत हुई। खेलों का यह महाकुंभ तीन दिनों तक चलेगा।

खेल महाकुंभ का आयोजन 24-26 सितंबर के बीच होगा। तीन दिवसीय खेल महाकुंभ में राज्य के 3,000 से ज्यादा खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं।

खेल महाकुंभ के द्वितीय चरण में कुश्ती, टेबल टेनिस, जूडो, कराटे, वॉलीबॉल (महिला एवं पुरुष वर्ग) और पुरुष वर्ग की हॉकी प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी।

हरियाणा में खेल महाकुंभ 2025 का आयोजन दो चरणों में हो रहा है। इसकी शुरुआत 2 अगस्त को ताऊ देवी लाल स्टेडियम से हुई थी। इसमें 26 विभिन्न खेलों में राज्य के 15,410 से ज्यादा खिलाडिय़ों ने 2,100 से ज्यादा पदकों के लिए प्रतिस्पर्धा की।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का लक्ष्य 2036 के ओलंपिक खेलों में भारत को एक खेल महाशक्ति के रूप में स्थापित करना है। इस दिशा में हरियाणा सक्रियता से कार्य कर रहा है।

भारत ने पेरिस ओलंपिक 2024 में 6 पदक जीते, जिसमें 5 पदक हरियाणा के ही खिलाडिय़ों ने अपने नाम किए थे।
हरियाणा पदक जीतने वाले खिलाडिय़ों को सबसे अधिक नकद पुरस्कार देने वाला राज्य है। यहां राज्य, राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय खेल प्रतियोगिताओं में भाग लेने वाले और पदक जीतने वाले छात्रों को छात्रवृत्ति प्रदान की जा रही है।

खेल महाकुंभ का उद्देश्य खेल भावना का विकास करना है। इसके जरिए टैलेंटेड खिलाडिय़ों को मंच प्रदान किया जा रहा है, ताकि युवाओं को प्रेरणा मिले। हरियाणा को खेलों की नर्सरी माना जाता है।

यहां के खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक अपने नाम कर चुके हैं। खेल गतिविधियों में भाग लेने से युवा शारीरिक और मानसिक रूप से फिट बनेंगे। इसके साथ ही समाज में समानता और समावेशिता को बढ़ावा मिलेगा।

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बंगाल में बारिश का कहर : कांग्रेस का आरोप, ममता सरकार इंतजाम करने में रही नाकाम

पटना ,24  सितंबर (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। पश्चिम बंगाल में भारी बारिश के कारण हुई कई लोगों की मौत पर अब सियासत शुरू हो गई है। पश्चिम बंगाल कांग्रेस के अध्यक्ष शुभंकर सरकार ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि मैंने कुछ दिन पहले मुख्यमंत्री को कोलकाता की सड़कों को लेकर पत्र लिखा था, लेकिन उन्होंने कोई इंतजाम नहीं किए।

उन्होंने आगे कहा, यह सब अनदेखी का नतीजा है। कोलकाता नगर निगम को ऐसा लगता है कि किसी को इस बारे में कुछ पता नहीं है। मैं पूछता हूं कि जब मौसम विभाग ने अलर्ट जारी किया था तो उन्होंने इस संबंध में इंतजाम क्यों नहीं किए?

मेरे घर के सामने भी पानी भरा हुआ है, जिसमें कोई भी आदमी डूब सकता है। कोलकाता में हालात खराब हैं, लेकिन मुख्यमंत्री कह रही हैं कि बिजली विभाग की गलती है। अगर ऐसा है, तो फिर उन्हें गिरफ्तार क्यों नहीं किया गया? आज लाशें पानी में तैर रही हैं। पूजा के दौरान सबको ध्यान देना चाहिए था।

पश्चिम बंगाल में बीते दिन हुई मूसलाधार बारिश से मृतकों की संख्या बढ़कर 10 हो गई है। मंगलवार शाम 8:30 बजे तक की रिपोर्ट में कोलकाता में ही आठ मौतें दर्ज की गईं। सभी मौतें बिजली के खुले तारों से संपर्क में आने से हुईं, जहां जलमग्न इलाकों में बिजली के तार पानी में डूबे हुए थे।

मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इस घटना के लिए संजीव गोयनका के स्वामित्व वाली निजी बिजली उत्पादन एवं वितरण कंपनी सीईएससी लिमिटेड को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा कि अगर कंपनी प्रबंधन ने बुनियादी ढांचे के विकास कार्य की उपेक्षा न की होती, तो ये मौतें टाली जा सकती थीं।

पश्चिम बंगाल के कोलकाता में शारदीय नवरात्रि के बीच रात भर हुई तेज बारिश ने शहर को बुरी तरह प्रभावित किया। कोलकाता के कई इलाकों में जलभराव हो गया, जिससे मेट्रो और रेल सेवाएं बुरी तरह प्रभावित हुईं।

इसके अलावा, कोलकाता मेट्रो रेलवे ने मंगलवार को भारी बारिश के कारण यात्रियों की सुरक्षा के लिए कई स्टेशनों के बीच परिचालनों को निलंबित कर दिया था, जबकि ईस्टर्न रेलवे ने कई ट्रेनों को रद्द या री-शिड्यूल किया था।

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जीएसटी रिफॉर्म से यूपी के उपभोक्ता, व्यापारी को हुआ बड़ा फायदा : सीएम योगी

लखनऊ ,24  सितंबर (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) । शारदीय नवरात्रि के प्रथम दिन से लागू हुए ‘नेक्स्ट जेन जीएसटी रिफॉर्म’ ने बाजार में नई ऊर्जा भर दी है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को हजरतगंज स्थित यूनिवर्सल बुकसेलर के पास आयोजित पत्रकार वार्ता में कहा कि घटे हुए जीएसटी रेट्स से आम उपभोक्ता, व्यापारी और उद्यमी सभी वर्गों को बड़ा लाभ मिल रहा है।

इस रिफॉर्म ने जहां उपभोक्ताओं को राहत दी है, वहीं बाजार की मजबूती और रोजगार सृजन का मार्ग भी प्रशस्त किया है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि विद्यार्थियों के लिए नोटबुक, पेंसिल और अन्य शैक्षणिक सामग्री पर जीएसटी शून्य कर दिया गया है।

इसी तरह ज्यादातर घरेलू उपयोग की आवश्यक सामग्रियों को जीरो या 5 प्रतिशत के दायरे में लाया गया है। जीवन रक्षक 33 प्रकार की दवाओं को भी पूरी तरह से जीएसटी से मुक्त कर दिया गया है।

सीएम योगी ने कहा कि बाजार में खपत बढऩे से उत्पादन में वृद्धि हुई है। इससे व्यापारी और उद्यमी दोनों को लाभ हुआ है और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर खुले हैं। त्योहारों के सीजन में यह बड़ा कदम उपभोक्ताओं के लिए राहत लेकर आया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यूपी देश का सबसे बड़ा उपभोक्ता राज्य है और इस रिफॉर्म से यहां की अर्थव्यवस्था को विशेष मजबूती मिलेगी।

जीएसटी लागू होने के बाद देश का कलेक्शन 7 लाख करोड़ से बढ़कर 22 लाख करोड़ तक पहुंचा है, जबकि यूपी में यह 49 हजार करोड़ से बढ़कर 1.15 लाख करोड़ से ऊपर पहुंच चुका है।

सीएम योगी ने कहा कि यह रिफॉर्म भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए अत्यंत आवश्यक थे और देश को महंगाई से राहत देने की दिशा में बड़ा कदम साबित होंगे।

इससे पहले मुख्यमंत्री ने हजरतगंज मार्केट में व्यापारियों और उपभोक्ताओं से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने जीएसटी रिफॉर्म से संबंधित पंपलेट और बैनर वितरित किए।

सीएम ने दुकानदारों और ग्राहकों से संवाद भी किया। व्यापारियों और उपभोक्ताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के प्रति आभार जताया।

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