ट्रायल रन में वंदे भारत एक्सप्रेस ने तोड़े सारे रिकॉर्ड

*180 किमी/घंटे की पकड़ी रफ्तार*

नई दिल्ली ,27 अगस्त (आरएनएस/FJ)। केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने अपने ट्विटर हैंडल से एक वीडियो शेयर किया है। इसमें वंदे भारत एक्सप्रेस जिसे ट्रेन-18 के नाम से भी जाना जाता है, ने ट्रायल रन के दौरान 180 किमी प्रति घंटे की गति सीमा को तोड़ दिया। यह रेलवे के लिए एक नई कामयाबी है। वीडियो शेयर करते हुए अश्विनी वैष्णव ने ट्विटर पर लिखा, वंदेभारत-2 का स्पीड ट्रायल कोटा-नागदा सेक्शन के बीच 120/130/150 और 180 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से शुरू हुआ।

वंदे भारत वर्तमान में शताब्दी एक्सप्रेस की जगह लेगा। आपको बता दें कि इस ट्रेन की क्षमता 200 किमी प्रति घंटे की रफ्तार की है। हालांकि, इसके लिए अनुकूल ट्रैक और ग्रीन सिग्नल हो। नई वंदे भारत में 16 कोचों के साथ शताब्दी एक्सप्रेस के समान यात्री ले जाने की क्षमता होगी। इसमें दोनों सिरों पर ड्राइवर केबिन हैं। वंदे भारत एक्सप्रेस पूरी तरह से वातानुकूलित ट्रेन है। यह ट्रेन यात्रियों को आरामदायक और सुरक्षित यात्रा प्रदान करती है।

आपको बता दें कि इस ट्रेन के दूसरे चरण का ट्रायल रन कोटा-नागदा सेक्शन पर शुरू हुआ। रेलवे के मुताबिक, ट्रायल रन पूरा होने के बाद इसकी रिपोर्ट रेलवे सेफ्टी कमिश्नर को भेजी जाएगी। सुरक्षा आयुक्त से हरी झंडी मिलने के बाद नई वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन दूसरे नए रूट पर चलने लगेगी। सूत्रों ने बताया कि नई ट्रेन अहमदाबाद और मुंबई के बीच चलाई जा सकती है।

सूत्रों के अनुसार, नई ट्रेनों में यात्रा को सुरक्षित और अधिक आरामदायक बनाने के लिए ऑटोमेटिक फायर सेंसर, सीसीटीवी कैमरे और जीपीएस सिस्टम लगे होंगे। इन ट्रेनों की अधिकतम गति 180 किमी/घंटा तक है। आईसीएफ ने अगस्त 2023 तक 75 वंदे भारत ट्रेनों के निर्माण का लक्ष्य रखा है।

पिछली ट्रेनों की तुलना में हल्के डिब्बे होने के कारण नई ट्रेनों में यात्रा करना अधिक आरामदायक होगा। कोच स्टेनलेस स्टील के बने होते हैं। वजन कम होने के कारण यात्री तेज रफ्तार में भी ज्यादा सहज महसूस करेंगे। इसके अलावा, इस नई ट्रेन में पायलट द्वारा संचालित ऑटोमेटिक गेट हैं। इसकी खिड़कियां चौड़ी हैं। सामान रखने के लिए भी जगह ज्यादा है। सूत्रों का कहना है कि ट्रेन के कुछ हिस्सों को छोड़कर अधिकांश हिस्से मेड इन इंडिया हैं।

यात्रियों की सुरक्षा के लिए सभी नई ट्रेनों में कवच तकनीक लगाई जा रही है, ताकि एक ही ट्रैक पर दूसरे ट्रेन के आने की स्थिति में ऑटोमेटिब ब्रेक लगाया जा सके। ट्रेन की परीक्षण गति 180 किमी प्रति घंटा है, जबकि अधिकतम गति सीमा 160 किमी प्रति घंटा है। अभी दो वंदे भारत ट्रेनें चल रही हैं। एक नई दिल्ली-वाराणसी और दूसरी नई दिल्ली-वैष्णोदेवी कटरा के बीच चलती है।

******************************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

फ्लाइट रोकने के लिए दे दी उड़ाने की धमकी

*परिवार को दुबई जाने से रोकना चाहता था शख्स*

नई दिल्ली ,27 अगस्त (आरएनएस/FJ)। चेन्नई में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। जहां, नशे में धुत एक शख्स अपने परिवार को विदेश जाने से रोकने के लिए शनिवार को दुबई जाने वाली इंडिगो की फ्लाइट को ही बम से उड़ाने की धमकी दे डाली।

हालांकि, पुलिस नियंत्रण कक्ष में अज्ञात कॉल आने के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने यह पता लगाने के लिए गहन जांच की कि क्या इंडिगो के विमान में कोई विस्फोटक रखा गया है। विमान में ऐसी कोई वस्तु नहीं मिली, जिससे अधिकारियों और अन्य लोगों ने राहत की सांस ली।

एयरपोर्ट और पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, चेन्नई के ही रहने वाला शख्स अपने परिवार के दो सदस्यों को दुबई जाने से रोकना चाहता था। जिसके बाद उसने शहर के पुलिस कंट्रोल रूम में धमकी भरा कॉल किया।

जिसके बाद सुरक्षा एजेंसियों के होश उड़ गए। विमान के उड़ान भरने से पहले ही अधिकारी उसकी जांच में जुट गए। तलाशी लेने के बाद धमकी फर्जी निकली।

फ्लाइट सुबह 7.20 बजे दुबई के लिए उड़ान भरने वाली थी। अधिकारियों ने बताया कि जिस विमान को सुबह 7.20 बजे रवाना होना था, उसने जांच के बाद दिन में अपने गंतव्य के लिए उड़ान भरी। उन्होंने बताया कि फोन करने वाले व्यक्ति का पता लगाने के लिए जांच जारी है।

*********************************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

भाजपा के सहयोगी आठवले ने आजाद को दिया एनडीए में शामिल होने का न्योता

नई दिल्ली 27 Aug. (Rns/FJ)  । कांग्रेस से इस्तीफा देने वाले गुलाम नबी आजाद अपनी नई राजनीतिक पार्टी का गठन कर अपने गृह राज्य जम्मू कश्मीर में सक्रिय होने जा रहे हैं।

भविष्य की राजनीति और गठबंधन को लेकर गुलाम नबी आजाद ने अब तक अपने पत्ते नहीं खोले हैं, लेकिन इस बीच उन्हें भाजपा के सहयोगी दल का न्योता मिल गया है, न्योता एनडीए गठबंधन में शामिल होने के लिए।

मोदी सरकार के मंत्री एवं भाजपा के सहयोगी रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया के राष्ट्रीय अध्यक्ष रामदास आठवले ने आजाद को एनडीए में शामिल होने का न्योता दिया है।

रामदास आठवले ने आजाद को एनडीए में शामिल होने का न्योता देते हुए कहा कि, गुलाम नबी आजाद को पार्टी में वो सम्मान रहीं मिल पा रहा था, जिसके वो हकदार थे एवं दिन प्रतिदिन उन्हें आरोप प्रत्यारोपों का सामना करना पड़ रहा था। आजाद जी का कांग्रेस पार्टी से त्यागपत्र देना निश्चित रूप से एक स्वागत योग्य कदम है। आजाद जी को बहुत समय बाद आजादी मिली है अब उन्हें देश के विकास के लिए एनडीए में शामिल होना चाहिए।

आजाद की राज्य सभा से विदाई के समय के वाक्ये का जिक्र करते हुए आठवले ने कहा कि, गुलाम नबी आजाद जी की जब राज्यसभा से विदाई हुई थी तब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने सदन में उनकी प्रशंसा की थी और इस दौरान प्रधानमंत्री जी ने कहा था कि पद सत्ता जीवन में आती रहती है, लेकिन उसको कैसे संभालना है, ये गुलाम नबी आजाद जी से सीखना चाहिए।

उन्होंने कांग्रेस पार्टी में एक बड़ी टूट की संभावना जाहिर करते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी की वर्तमान स्थिति को देखें तो कांग्रेस लगातार टूटती ही जा रही है। शरद पवार, ममता बनर्जी के बाद गुलाम नबी आजाद के नेतृत्व में कांग्रेस में एक बड़ा विभाजन हो सकता है।

*******************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

क्रिएटिव हो गए जालसाज, लोगों को ठगने के खोज रहे नए तरीके

नई दिल्ली ,27 अगस्त (आरएनएस/FJ)। भुगतान एप पर लिंक भेजना, बिजली या किसी अन्य बिल के बारे में संदेश भेजना, ओएलएक्स या अन्य एप्लिकेशन के माध्यम से विक्रेताओं से संपर्क करना और सस्ती दरों पर ऋण विकल्प प्रदान करना- ये कुछ नए तरीके हैं जो जालसाजों ने पिछले कुछ वर्षो में लोगों को ठगने के लिए अपनाए हैं।

पश्चिमी दिल्ली का रहने वाला कृष्णा जल्दी पैसा कमाने के तरीके खोज रहा था। वह एक व्हाट्सएप ग्रुप में शामिल हो गया और एक आसान ऑनलाइन लोन के बारे में किसी के द्वारा पोस्ट किया गया। जब कृष्ण ने उस व्यक्ति से उसके नंबर पर संपर्क किया, तो उसे रिंग नामक ऐप डाउनलोड करने के लिए एक लिंक दिया गया। उसने इसे डाउनलोड कर लिया।

वेरिफिकेशन की प्रक्रिया में उसने दूसरे पक्ष के व्यक्ति को अपना ओटीपी भेजा। वह नहीं जानता था कि वह अपने नेट बैंकिंग का विवरण किसी अज्ञात व्यक्ति को दे रहा था। उसे एक बड़ी गलती करने का एहसास हुआ, क्योंकि अगले कुछ घंटों में उसका बैलेंस लगभग शून्य हो गया।
इसी तरह, लोकप्रिय इलेक्ट्रॉनिक या कपड़े ब्रांडों की नकली ई-कॉमर्स वेबसाइटों के माध्यम से भोले-भाले लोगों को ठगने में शामिल अखिल भारतीय सिंडिकेट हैं। उनके पास विश्वसनीय यूआरएल जैसे अग्रवाल एंड सन्स डॉट को डॉट इन, हिंदसॉल्यूशन डॉट को डॉट इन, बन्सल ट्रेडर्स डॉट कॉम, सन सॉलर डॉट कॉम और इसी तरह की कई फर्जी वेबसाइटें भी हैं।

दक्षिण दिल्ली निवासी कुशाल शर्मा को जालसाजों ने तब ठगा जब वह एसी खरीदना चाहता था। वह ऐसी ही एक फर्जी वेबसाइट के जाल में फंस गया और उसे 28,472 रुपये का नुकसान हुआ।

उन्होंने घरेलू उपकरण को खुले बाजार की तुलना में बहुत सस्ती कीमत पर प्राप्त करने की उम्मीद में अग्रिम भुगतान किया, लेकिन, ऐसा नहीं हुआ, उन्हें कोई डिलीवरी नहीं मिली। विक्रेता से संपर्क करने के उनके प्रयास व्यर्थ हो गए, क्योंकि दिया गया मोबाइल फोन नंबर हमेशा बंद रहता था।

दिल्ली-एनसीआर में लोगों को ठगने का एक अनोखा मामला सामने आया है, जिसमें जालसाज उन लोगों को निशाना बनाते हैं जो अपनी कॉलोनियों में अपने लापता बच्चों या लापता परिवार के सदस्यों के बारे में विज्ञापन प्रकाशित करते हैं।
उत्तर पश्चिम दिल्ली के रोहिणी इलाके की रहने वाली बबीता (बदला हुआ नाम) अपनी 17 वर्षीय बेटी के लापता होने के बाद सदमे में आ गई। इस संबंध में उसने पुलिस में गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई।

शिकायत दर्ज कराने के एक दिन बाद उसे एक अनजान नंबर से कॉल आई। दूसरी तरफ के व्यक्ति ने उन्हें बताया कि उसने लापता लड़की को ढूंढ लिया है और उन्हें अपने पेटीएम खाते पर 5,000 रुपये या यात्रा खर्च का भुगतान करने के लिए कहा।

जैसी कि उम्मीद थी, परिवार ने भुगतान कर दिया, लेकिन लापता बेटी कभी नहीं आई। उन्हें पता चला कि वे एक ऐसे गिरोह के जाल में फंस गए हैं जो आमतौर पर मदद की तलाश में ऐसे जरूरतमंद लोगों को निशाना बनाता है।

इसी तरह, ओएलएक्स या क्यूआर कोड से संबंधित धोखाधड़ी में, स्कैमर, एक सेना/अर्धसैनिक ऑपरेटिव के रूप में, उस व्यक्ति से संपर्क करता है जो ओएलएक्स, क्विकर जैसी वेबसाइटों या एप पर उत्पाद बेचने की कोशिश कर रहा है, और उक्त वस्तु के लिए मांगी गई कीमत का भुगतान करने के लिए सहमत है।

जालसाज का दावा है कि वह देश के किसी दुर्गम क्षेत्र में तैनात है और इसलिए वह न तो फिजिकल डिलीवरी लेने आ सकता है, न ही वह नकद में पैसे का भुगतान कर सकता है और इसलिए, उसे ऑनलाइन पैसे ट्रांसफर करने की जरूरत है।

एक सौदा करने के बाद वह विक्रेता को एक नकली स्क्रीनशॉट (पेटीएम स्पूफ एप या इसी तरह के एप का उपयोग करके उत्पन्न) भेजता है, यह दिखाने के लिए कि उक्त राशि विक्रेता के पेटीएम खाते में स्थानांतरित कर दी गई है।

जब विक्रेता, दावा करता है कि धन प्राप्त नहीं हुआ है, तो जालसाज कुछ तकनीकी समस्या के बारे में बताता है और फिर पीडि़त को एक क्यूआर कोड भेजता है।

वह प्रक्रिया के माध्यम से पीडि़त का मार्गदर्शन करता है और उसे गूगल पे का उपयोग करके उक्त स्क्रीनशॉट अपलोड करता है। जैसे ही पीडि़त व्यक्ति स्क्रीनशॉट अपलोड करता है और गूगल पे पर यूपीआई पिन डालता है, पैसा क्रेडिट होने के बजाय पीडि़त के खाते से डेबिट हो जाता है।

जालसाज इस कवायद को पीडि़त के साथ जितनी बार कर सकता है, दोहराता है और फिर कनेक्शन काट देता है।

इस तरह, ओएलएक्स/क्विकर आदि पर किसी उत्पाद को ऑनलाइन बेचने की कोशिश में पीडि़त को कई हजार या लाखों रुपये का नुकसान होता है।

***************************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

नयी शिक्षा नीति आत्मनिर्भर भारत के सपने को पूरा करने में मददगार होगी: चौबे

नयी दिल्ली 27 Aug. (Rns/FJ): केन्द्रीय खाद्य, सार्वजनिक वितरण एवं उपभोक्ता मामलों के राज्य मंत्री अश्विनी कुमार चौबे ने कहा है कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति युवाओं को नयी दिशा देगी और  यह देश को अग्रणी राष्ट्र बनाने के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के सपने को पूरा करने में मददगार साबित होगी।

चौबे ने कल रात यहां समिट इंडिया के ‘आत्मनिर्भर भारत’ की भागीदारी सम्मेलन में कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति के साथ हम नयी ऊंचाई पर पहुंच रहे हैं और यह युवाओं का भविष्य संवारने में महती भूमिका अदा करेगी। इससे देश को पांच ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था का लक्ष्य हासिल करने बहुत मदद मिलेगी।

अखिल भारतीय तकनीकी शिक्षा परिषद के अध्यक्ष अनिल सहस्त्रबुद्धे ने इस मौके पर कहा,“ भारत आत्मनिर्भर हो गया है, आज देश में एक कलम की निब से लेकर उपग्रह बनाये जा रहे हैं। हमें युवाओं की तकनीकी शिक्षा पर ध्यान देना चाहिए। कौशल आधारित कार्यक्रमों के माध्यम से हम अधिक उद्यमी तैयार कर सकते हैं। इससे रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे।”

समिट इंडिया के अध्यक्ष श्याम जाजू ने कहा कि आत्मनिर्भर भारत, भारत के विकास के बुनियादी ढांचे की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। समिट इंडिया के माध्यम से हमारा उद्देश्य सरकार की शिक्षा और रोजगार की नीतियों के बारे में जागरुकता बढ़ाना है। उन्होंने कहा, “ हम जमीनी स्तर पर जनता तक पहुंचेंगे, इसे सफल बनायेंगे। इससे रोजगार के अवसर पैदा होंगे। लोग आत्मनिर्भर होने लगेंगे ओर आत्मनिर्भर भारत का सपना पूरा होगा।

समिट इंडिया के महासचिव महेश वर्मा ने कहा, “ इस आयोजन के पीछे हमारा उद्देश्य न केवल विभिन्न सरकारी योजनाओं के बारे में जागरुकता पैदा करना है बल्कि विभिन्न संगठनों और व्यक्तियों द्वारा किये गये सफल कार्यों की सराहना भी करना है।

इस अवसर पर ‘आजादी का अमृत महोत्सव’ कार्यक्रम के दौरान शिक्षा, विज्ञान और प्रौद्योगिकी, चिकित्सा विज्ञान, दर्शन, सकारात्मक दृष्टिकोण और उनकी उत्कृष्टता के लिए राष्ट्रीय उपलब्धि पुरस्कार 2022 के साथ कुछ योग्य आत्मनिर्भर राष्ट्रीय नायकों को सम्मानित किया गया।

************************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

PFI कैम्प में आतंक की ट्रेनिंग की आशंका, गृह मंत्रालय ने दिए जांच के आदेश

नई दिल्ली 27 Aug. (Rns/FJ): PFI कैम्प यानी पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया पर जांच एजेंसियों ने शिकंजा कसा है। इसके बाद गृह मंत्रालय ने जांच के आदेश दिए हैं। निजामाबाद के PFI कैंप में संदिग्ध गतिविधियों की जांच के आदेश दिए गए हैं।

पीएफआई कैंप में आतंक की ट्रेनिंग की आशंक है। इसके बाद गृह मंत्रालय भी सख्त एक्शन में आ गया है और जांच के लिए आदेश दे दिए हैं। इससे पहले पिछले महीने भी पीएफआई से जुड़े दो संदिग्ध आतंकियों को गिरफ्तार किया गया था।

ये गिरफ्तार बिहार की पटना पुलिस ने की थी. इस दौरान उनके पास से कई आपत्तिजनक दस्तावेज भी बरामद किए गए थे। जिनसे पता चला था कि दोनों आतंकी वर्ष 2047 तक भारत को इस्लामिक राष्ट्र बनाने और मुगलों का राज फिर से स्थापित करने की दिशा में काम कर रहे थे।

दोनों मार्शल आर्ट के नाम पर हथियार चलाने का ट्रेनिंग कैंप चला रहे थे। यह दोनों एक समुदाय विशेष के लोगों को आतंकी प्रशिक्षण देने का काम कर रहे थे।

**********************************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

सोपोर में लश्कर के 3 आतंकी गिरफ्तार, तलाशी में हथगोले बरामद

श्रीनगर 27 Aug. (Rns/FJ): जम्मू और कश्मीर में आतंकवादियों के खिलाफ सेना के जवानों में अभियान चला रखा है। घाटी में आतंकियों को चुन चुनकर मौत के घाट उतार रहे हैं। हाल ही में उत्तरी कश्मीर के सोपोर में पुलिस को बड़ा सफलता मिली है।

जम्मू-कश्मीर पुलिस ने उत्तरी कश्मीर के सोपोर में लश्कर-ए-तैयबा के आतंकी संगठन के तीन ओवरग्राउंड वर्कर्स को गिरफ्तार करने का दावा किया है। 22 राष्ट्रीय राइफल्स (आरआर), और 179 बीएन केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) सहित सुरक्षा बलों के साथ सोपोर पुलिस द्वारा शुक्रवार शाम बोमई पुलिस स्टेशन के क्षेत्र में बोमई चौक पर एक संयुक्त अभियान में ये गिरफ्तारियां की गईं।

पुलिस के अनुसार, पकड़े गए आतंकियों से आपत्तिजनक सामग्री के साथ हथियार बरामद हुआ है। इस घटना के बाद आस-पास के इलाकों में पुलिस का सर्च अभियान चल रहा है।

जम्मू-कश्मीर पुलिस के मुताबिक, आतंकवादियों की पुष्टि शारिक अशरफ, सकलैन मुश्ताक और तौफीक हसन शेख के रूप में की गई है। गोरीपुरा से बोमई जा रहे तीन लोगों को चेकिंग के दौरान संदिग्ध रूप से घूमते देखा गया।

पुलिस को रुकने के लिए कहा गया, तो उन्होंने मना कर दिया और भागने का प्रयास किया। पुलिस के अनुसार सुरक्षाकर्मी उन्हें पकड़ने में कामयाब रहे।

तलाशी के बाद उनके पास से 12 पाकिस्तानी झंडे, नौ पोस्टर और तीन हथगोले मिले। पकड़े गए व्यक्ति प्रारंभिक जांच के अनुसार प्रतिबंधित आतंकवादी समूह लश्कर-ए-तैयबा के ओजीडब्ल्यू हैं और वे लगातार बाहरी मजदूरों सहित सुरक्षा कर्मियों और नागरिकों पर हमला करने के अवसर की तलाश में थे।

बोमई पुलिस स्टेशन में मामला दर्ज किया गया है और अतिरिक्त जांच जारी है।

वहीं खबर है कि अरनिया बॉर्डर पार कर रहे एक घुसपैठिए को सीमा सुरक्षा बल (BSF) ने गिरफ्तार किया है। उससे पूछताछ की जा रही है।

**********************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

झारखंड में मची सियासी हलचल के बीच यूपीए विधायक बैग-ब्रीफकेस लेकर पहुंचे CM हाउस

रांची 27 Aug. (Rns/FJ): झारखंड में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व वाली मौजूद सरकार का गिरना तय हो गया है। इसके बाद नई सरकार बनाने के पहले सत्ताधारी गठबंधन यूपीए के विधायक छत्तीसगढ़ शिफ्ट किए जा सकते हैं। ताजा राजनैतिक हालात पर रणनीति तय करने के लिए शनिवार को दिन के 11 बजे से सीएम हाउस में यूपीए की जो मीटिंग चल रही है, उसमें भाग लेने पहुंचे कई विधायक बैग-ब्रीफकेस लेकर पहुंचे हैं। माना जा रहा है कि विधायकों को एकजुट रखने के लिए उन्हें रांची से बाहर किसी सुरक्षित ठिकाने पर रखा जा सकता है।

सूत्रों का कहना है कि इन्हें लग्जरियस बसों से ले जाया जाएगा। खबर है कि इन्हें छत्तीसगढ़ के बिलासपुर ले जाया जाएगा। नई सरकार बनने पर विधानसभा में फ्लोर टेस्ट अनिवार्य होगा और इसे देखते हुए यूपीए गठबंधन कोई जोखिम नहीं लेना चाहेगा। छत्तीसगढ़ में कांग्रेस की सरकार है, इसलिए यहां विधायकों के सामूहिक प्रवास में सहूलियत होगी।

राज्य में मौजूदा राजनीतिक संकट मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को ऑफिस ऑफ प्रॉफिट मामले में विधानसभा की सदस्यता के लिए अयोग्य करार दिए जाने की वजह से पैदा हुआ है। राज्यपाल रमेश बैस ने उनकी विधानसभा की सदस्यता खारिज करने का आदेश दे दिया है, लेकिन प्रक्रिया के अनुसार इस संबंध में आधिकारिक पत्र निर्वाचन आयोग जारी करेगा। संभावना है कि आयोग आज ही पत्र जारी करेगा और इसके तत्काल बाद संवैधानिक बाध्यताओं के चलते हेमंत सोरेन को त्यागपत्र देना होगा।

यह भी तय माना जा रहा है कि इस्तीफे के बाद हेमंत सोरेन दुबारा सरकार बनाने का दावा पेश करेंगे, क्योंकि खबरों के मुताबिक राज्यपाल के आदेश में उनके आगे चुनाव लड़ने पर रोक नहीं लगाई गई है।

बहरहाल, रणनीति तय करने के लिए यूपीए विधायकों की शनिवार दिन 11 बजे से सीएम हाउस में बैठक चल रही है। पिछले तीन दिनों में चौथी बार यूपीए विधायकों की बैठक हो रही है। सीएम हेमंत सोरेन, मंत्री डॉ. रामेश्वर उरांव, आलमगीर आलम, बन्ना गुप्ता, चंपई सोरेन, सत्यानंद भोक्ता सहित लगभग 40 विधायक बैठक में मौजूद हैं।

****************************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

भ्रष्ट इंजीनियर के घर से मिला नोटों का अंबार

*पैसों का ‘पहाड़’ देखकर अधिकारी भी हैरान*

पटना 27 Aug. (Rns/FJ): बिहार में विजिलेंस ने ग्रामीण कार्य विभाग में तैनात एक कार्यपालक इंजीनियर के घर से करोड़ों का कैश बरामद हुआ है। जानकारी के मुताबिक यह छापेमारी किशनगंज और पटना स्थित ठिकानों पर की गई है।

बताया जा रहा है कि जब टीम किशनगंज में छापेमारी करने पहुंची तो पता चला कि यह भ्रष्ट इंजीनियर अपने जूनियर इंजीनियर और कैशियर के यहां रिश्वत का पैसा रखता है।

इसके बाद जांच टीम ने इन लोगों के यहां भी दबिश दी। किशनगंज से करीब 5 करोड़ कैश और ज्वैलरी बरामद हुई है। वहीं कार्यपालक अभियंता संजय कुमार राय के पटना आवास की तलाशी में लगभग 1 करोड़ रुपये नकद मिले हैं। जांच टीम नोटों के मिलान में जुट गई है।

भ्रष्ट इंजीनियर संजय राय के खिलाफ निगरानी टीम ने आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज किया है। शनिवार को उसके किशनगंज और पटना के दानापुर स्थित दो ठिकानों पर छापेमारी की गई।

संजय राय किशनगंज प्रभाग में तैनात है। घर से इतनी ज्यादा मात्रा में नोट देखकर एकबार तो निगरानी टीम के अधिकारी भी चौंक गए।

बरामद की गई राशि करीब 5 करोड़ रुपये बताई जा रही है। हालांकि नोटों की पूरी गिनती होने के बाद ही सटीक राशि के बारे में पता चल पाएगा। किशनगंज में संजय राय के आवास पर निगरानी के 14 अधिकारी मौजूद हैं।

इंजीनियर के खिलाफ कुछ दिन पहले केस दर्ज किया गया था। छापेमारी की यह कार्रवाई डीएसपी अरुण पासवान के नेतृत्व में की गई

*************************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

बाढ़ के बाद चंबल क्षेत्र में तबाही का मंजर

मुरैना 27 Aug. (Rns/FJ): मध्यप्रदेश के मुरैना जिले में चंबल नदी का रौद्र रूप अब शांत पड़ रहा है, लेकिन हाल के दिनों में बाढ़ के कारण हुयी तबाही का मंजर अब प्रभावित क्षेत्रों में चारों ओर दिखायी दे रहा है। राजस्थान की सीमा से सटे चंबल अंचल में चंबल नदी अपना रौद्र रूप दिखाने के बाद शांत पड़ गई है और जलस्तर भी धीरे धीरे कम हो रहा है। लेकिन वह अपने पीछे तबाही छोड़ गई है। जिले के सबलगढ़ अनुभाग से लेकर जिले के अंतिम छोर पोरसा के ग्रामीण क्षेत्रों में जहां तक नजर फैलाई जाए, वहां पानी ही पानी दिखाई दे रहा है। हजारों एकड़ जमीन में बोई गई खरीफ की फसल को चंबल की बाढ़ के पानी ने बर्बाद कर ग्रामीणों को खाने पीने और पशुओं के चारे के लिये तक बेबस कर दिया है।

प्रशासन की बाढ़ से निपटने की तैयारियों के बीच जिले के लगभग 50 गांव पानी से अब भी घिरे हुए हैं और अनेक लोग अपनी-अपनी छतों पर खुले साये में शरण लेने मजबूर हैं। पिछले पांच दिनों से बाढ़ पीड़ित अपना और अपने परिवार के साथ बाढ़ की विभीषिका और इससे जुड़े दुष्प्रभाव भी झेलते हुए नजर आ रहे हैं।

मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा राहत व बचाव कार्य के लिये भेजे गए सेना के दो हेलीकॉप्टरों ने उन्हें जीवन दान दिया है। बाढ़ में फंसे लगभग दस हजार लोगों को सुरक्षित निकालकर उन्हें राहत शिविरों में विस्थापित किया गया है और एक हेलीकॉप्टर उन्हें भोजन और शुद्ध पानी मुहैया कराने के कार्य में जुटा है।

बाढ़ पीड़ित क्षेत्रों में पत्रकारों के एक दल ने देखा कि सेना का हेलीकॉप्टर जब खाने के पैकेट लेकर बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में पहुंचता है, तो हजारों हाथ उसकी आवाज सुनकर खाने के पैकेट लेने के लिये उठते दिखाई देते हैं। बताया गया है कि लगभग एक सैकड़ा से अधिक गांवों के लोगों का खाने पीने और गृहस्थी का सभी जरूरी समान बाढ़ के पानी में बह चुका है या खराब हो गया है। अब उनके पास केवल और केवल जिला प्रशासन का सहारा ही दिखाई दे रहा है।

बाढ़ पीड़ितों ने पत्रकारों को बताया कि चंबल की बाढ़ से उन्हें हर साल सामना करना पड़ता है, लेकिन उन्हें बाढ़ से स्थायी रूप से निजात मिल सके, ऐसा कोई उपाय नहीं हो पाया है। उन्होंने बताया कि बाढ़ से राहत मिलने के बाद उन्हें अब कई बीमारियों का सामना भी करना पड़ेगा। पीड़ित परिवारों ने उम्मीद जतायी है कि मुख्यमंत्री चौहान के आश्वासन के बाद प्रशासन बाढ़ से हुयी क्षति का आकलन कराके उचित मुआवजा देगा। साथ ही उन्होंने मांग की कि जब तक वे बाढ़ की त्रासदी से नहीं उभर जाते, तब तक उनके खाने पीने और रहने की उचित व्यवस्था की जाए।

चंबल अंचल के मुरैना और भिंड जिले में चंबल और इसकी सहायक नदियों में बाढ़ के कारण तबाही हुयी है। कोटा बैराज और कुछ अन्य बांधों से अतिरिक्त पानी छोड़ने के कारण भी चंबल नदी में बाढ़ के जलस्तर बढ़ा और इसने खतरे के निशान को भी पार कर लिया था। हालाकि अब जलस्तर धीरे धीरे कम हो रहा है।

**********************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

तेंदुए की मौजूदगी की सूचना के बाद वन विभाग का अमला हुआ सतर्क

शिवपुरी 27 Aug. (Rns/FJ): मध्यप्रदेश के शिवपुरी के घनी बस्ती वाले क्षेत्र हवाई पट्टी के निकट एक तेंदुआ दिखायी देने के बाद वन विभाग का अमला भी सतर्क हो गया।

वन विभाग के सूत्रों ने आज बताया कि देर रात तेंदुआ के घनी बस्ती के पास देखे जाने की सूचना पुलिस और वन विभाग में मिली। इसके बाद वन विभाग का अमला भी मौके पर पहुंचा और सतर्कतावश आसपास के क्षेत्र में आवश्यक कदम उठाए गए हैं। वन विभाग का गश्ती दल भी सक्रिय हो गया है।

सूत्रों ने कहा कि तेंदुआ के विचरण वाले क्षेत्र में पैरों के निशान देखे गए हैं। अनुमान यह भी लगाया गया है कि तेंदुआ फिलहाल वापस आसपास के जंगली क्षेत्र में पहुंच गया है। स्थानीय हवाई पट्टी क्षेत्र के लोगों के अनुसार कल रात लगभग 8 बजे सड़क किनारे एक तेंदुआ घूमता हुआ दिखा, जिसे देखकर सभी लोग सावधान हो गए और पुलिस तथा वन विभाग को सूचित किया गया। हवाई पट्टी क्षेत्र से कुछ ही दूरी पर ही शिवपुरी का माधव राष्ट्रीय उद्यान स्थित है, जिसमें बड़ी संख्या में तेंदुए और अन्य वन्य प्राणी मौजूद हैं।

*********************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

बीएसएफ ने घुसपैठ को नाकाम किया, पाकिस्तानी नागरिक गिरफ्तार

जम्मू  27 Aug. (Rns/FJ): सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के जवानों ने केन्द्रशासित प्रदेश जम्मू-कश्मीर में आतंकवादियों की घुसपैठ की कोशिश को नाकाम कर दिया है और जम्मू क्षेत्र के रणबीर सिंह पुरा सेक्टर में अंतरराष्ट्रीय सीमा पर एक पाकिस्तानी नागरिक को गिरफ्तार किया है।

बीएसएफ के एक प्रवक्ता ने शनिवार को बताया कि घटना 26-27 अगस्त की दरमियानी रात की है। प्रवक्ता ने कहा, “घुसपैठिया भारतीय सीमा में घुस गया और बाड़ की ओर बढ़ने लगा। जब सैनिकों ने उसे ललकारा तो उसने कोई ध्यान नहीं दिया और आक्रामक तरीके से बाड़ की ओर बढ़ता रहा।”

प्रवक्ता ने कहा कि उस पर गोलियां चलाई गईं, जिसके बाद वह गेट के पीछे छिप गया, लेकिन सैनिकों ने गेट खोल दिया और उसे पकड़ लिया। पाकिस्तानी नागरिक की पहचान मोहम्मद शबद (45)के रूप में हुई। वह सियालकोट का रहने वाला है।

*********************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

आज का राशिफल

मेष : (चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ)

आपका दिन सामान्य रहेगा। आपका वैवाहिक जीवन सुखमय रहेगा, जीवनसाथी के साथ मधुरता बनी रहेगी। स्टूडेंट्स की पढ़ाई के प्रति रुचि बढ़ेगी। आत्मविश्वास में बढोतरी होगी। आपको अपने काम के प्रति सचेत रहना चाहिए। कुछ अच्छे मौके आपके हाथ आ सकते हैं उन्हें निकलने न दें। आपको अपने खर्चों पर भी कुछ कंट्रोल करना चाहिए। कार्यक्षेत्र में सीनियर्स का सहयोग मिलता रहेगा। आध्यात्मिक विचार और अधिक प्रबल होंगे । स्वास्थ्य लाभ होगा।

वृष : (ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी ,वु , वे, वो)

आपका दिन उत्तम रहेगा। कोई ऐसा काम आपके पास आएगा, जिससे आपको धन लाभ हो सकता है। इससे आपकी आर्थिक स्थिति पहले से और बेहतर हो जायेगी। आपके रूके हुए काम किसी रिशतेदार की मदद से जल्द पूरे हो जाएंगे। कुछ लोग आपसे दोस्ती के लिए हाथ आगे बढ़ा सकते हैं। जीवनसाथी आपकी कोई इच्छा पूरी कर सकता है, जिससे आपको बहुत खुशी महसूस होगी आपके आसपास के कुछ लोग आपसे मदद मांग सकते हैं। घर-परिवार का वातावरण खुशनुमा बना रहेगा। आर्थिक स्थिति मजबूत होगी।

मिथुन : (का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, हा)

आपका दिन बेहतरीन रहेगा। किसी निजी काम को पूरा करने के लिए बड़े-बुजुर्ग की राय मानना आपके लिए कारगर साबित होगा। घर में बच्चों की बर्थडे पार्टी का आयोजन कर सकते हैं। घर पर कुछ मेहमान आ सकते हैं, जिससे घर में रौनक बनी रहेगी। काम के प्रति आपकी मेहनत रंग लायेगी। आपको एक्स्ट्रा इनकम के नए मौके मिलेंगे। दोस्तों से मन की बात शेयर करेंगे, इससे परेशानी का हल निकलेगा। परिवारिक रिश्ते मजबूत होंगे। सेहत अच्छी बनी रहेगी।

कर्क : (ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो)

आपका दिन शानदार रहेगा। किसी जरूरी काम से की गई यात्रा लाभदायक हो सकती है। आपका व्यवहार दूसरों को प्रभावित कर सकता है। हर तरह के मामलों में आप शांत मन से विचार करेंगे। भविष्य में होने वाले किसी काम की तैयारी शुरू कर सकते हैं। अपनों का साथ मिलने से आप खुश रहेंगे। आपको जीवनसाथी का पूरा साथ मिलेगा। किसी रिश्तेदार से आर्थिक सहायता मिल सकती है। जीवन में लोगों का सहयोग मिलता रहेगा।

सिंह : (मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे)

आपका दिन मनोनुकूल रहेगा। कार्यक्षेत्र में कोई महत्वपूर्ण फैसला लेने से आपको फायदा होगा। किसी अनुभवी की मदद से आपको धन लाभ की प्राप्ति होगी। पहले किए गये कामों से आपको लाभ होगा। साथ ही आपको संतान सुख की प्राप्ति भी होगी। दिन आपके फेवर में होने के कारण आप खुश रहेंगे। छात्रों को पढ़ाई पर ज्यादा धयान देने की जरूरत है। वह पढा हुआ भूल सकते हैं या फिर ध्यान भटक सकता है।

कन्या : (टो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो)

आपका दिन ठीक-ठाक रहेगा। कोई काम पूरा होने में थोड़ी परेशानी आ सकती है। किसी अनुभवी की मदद आपके लिए फायदेमंद साबित हो सकती है। समाज के लोग आपके पक्ष में रहेंगे। दोस्तों का भी आपको भरपूर सहयोग मिलेगा। स्वास्थ्य के प्रति आपको थोड़ा जागरूक रहने की जरूरत है। पारिवारिक माहौल मधुर बनाने में ध्यान करें। अगर आप पार्टनरशिप में कोई कार्य कर रहे हैं, तो आपको धैर्य बनाये रखना चाहिए। आपकी मेहनत रंग लायेगी।

तुला : (रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते)

आपका दिन पहले की अपेक्षा अच्छा रहेगा। किसी सहकर्मी से जरूरी काम पर रोचक चर्चा हो सकती है। दूसरों की राय आपके लिए कारगर साबित होगी। जीवनसाथी के साथ आपके संबंध मजबूत होंगे। कारोबार को बढ़ाने के लिए आपको कुछ खास लोगों से मदद मिल सकती है। बड़े भाई-बहन से कोई अच्छा सा गिफ्ट भी मिल सकता है। कार्यस्थल पर उच्च अधिकारी आपके काम की तारीफ कर सकते हैं। आपको अचानक धन लाभ के मौके मिल सकते हैं। जीवन में लाभ के अवसर प्राप्त होंगे।

वृश्चिक : (तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू)

आपका दिन शानदार रहेगा। बच्चों के साथ घर पर समय बिताएंगे जिससे आपका मन प्रसन्न रहेगा। परिवार में खुशी का माहौल बना रहेगा। इसके अलावा ऑफिस में सहयोगी आपके काम से काफी प्रभावित होंगे। कुछ लोग आपसे काम सीखने की चाह रखेंगे। आपको अपने सभी काम में सफलता मिलेगी। आपके अंदर भरपूर एनर्जी रहेगी। घर में आपको सबका साथ मिलेगा। संतान पक्ष की किसी सफलता से आप बहुत खुश रहेंगे। आपकी सभी समस्याओं का निवारण होगा।

धनु : (ये, यो, भा, भी, भू, ध, फा, ढा, भे)

आपका दिन ठीक-ठाक रहेगा। इस राशि के नौकरी करने वालों के लिए दिन सामान्य रहने वाला है। ऑफिस में काम ज्यादा हो सकता है। आर्थिक स्थिति में कुछ सुधार हो सकता है। किसी दोस्त की समस्या सुलझाने में आप खुद भी उलझ सकते हैं। आपको थकावट महसूस हो सकती है। इसका असर आपकी दिनचर्या पर पड़ सकता है। परिवार में आर्थिक रूप से आपकी कुछ जिम्मेदारियां बढ़ सकती हैं। अंतत: आपकी सभी समस्याएं सुलझ जायेगी और आपका दिन बेहतर रहेगा।

मकर : (भो, जा, जी, खी, खू, खा, खो, गा, गी)

आपका दिन सामान्य रहेगा। परिवार के सभी सदस्य आपसे खुश रहेंगे। आपकी सेहत सुधार के प्रयास थोड़े उतार-चढ़ाव के साथ सफल होंगे। ऑफिस में टीम मेंबरों से मधुरता बनाए रखें ।गुस्से पर कंट्रोल रखें। किसी काम को लेकर आपका नजरिया दूसरों से अलग हो सकता है। जीवनसाथी के साथ बात करने से गलतफ़हमी दूर होंगी। इसके अलावा दूसरों की बातों में दखल देने से आपको बचना चाहिए। आपको किस्मत का सहयोग मिलेगा।

कुंभ : (गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा)

आपका दिन फायदेमंद रहेगा। धन लाभ के नये रास्ते खुले नजर आएंगे। ऑफिस में कोई ऐसा काम आपको मिल सकता है, जिसके लिए आप बहुत दिनों से उत्सुक थे। इस राशि के विवाहितों के लिए दिन यादगार रहने वाला है। आप फ्यूचर प्लानिंग कर सकते हैं। नौकरी कर रहे लोगों को उन्नति के अवसर प्राप्त हो सकते हैं। किसी काम के सिलसिले में यात्रा हो सकती है। दोस्तों के साथ आपके संबंध मजबूत होंगे।

मीन : (दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची)

आर्थिक रूप से आपकी प्रगति होना तय है। जीवन में धन लाभ के नये अवसर आयेंगे। रूके हुये काम पूरे होने पर आपको खुशी का अनुभव होगा। सामाजिक कार्यों में आप बढ़-चढ़ कर हिस्सा लेंगे। घर पर अचानक कुछ रिश्तेदार आ सकते हैं। बड़े-बुजुर्गों के आशीर्वाद से जीवन में शांति और सद्भाव बना रहेगा। आपके दाम्पत्य संबंध में नई खुशियों का संचार होगा। सरकारी क्षेत्र में अगर आप अपना करियर बनाने के लिये कदम बढ़ायेंगे, तो आपको सफलता अवश्य मिलेगी। धन धान्य की वृद्धि होती है।

*************************************

 

गुलाम नबी आजाद के समर्थन में लगी इस्तीफों की झड़ी

*6 पूर्व विधायकों ने छोड़ी कांग्रेस*

श्रीनगर ,26 अगस्त (आरएनएस/FJ)। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद के शुक्रवार को पार्टी से इस्तीफे के बाद जम्मू-कश्मीर में पार्टी के 6 पूर्व विधायकों सहित पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं ने भी इस्तीफा दे दिया। इनमें जीएम सरूरी, हाजी अब्दुल राशिद, मुहम्मद अमीन भट, गुलजार अहमद वानी और चौधरी मुहम्मद अकरम शामिल हैं।

जेकेपीसीसी के नए अध्यक्ष अब अकेले हैं। हम सभी आजाद साहब के साथ हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान जम्मू-कश्मीर को नए मेडिकल कॉलेज और जिले दिए। सरूरी ने अपने इस्तीफे की घोषणा करते हुए संवाददाताओं से कहा, वह जम्मू-कश्मीर में 4 अगस्त, 2019 की स्थिति की बहाली के लिए धरने पर बैठे थे। उन्होंने जम्मू-कश्मीर के लोगों की बहुत सेवा की है और हम सब उनके साथ हैं।

कांग्रेस के एक अन्य वरिष्ठ नेता, सलमान निजामी ने कहा, आजाद साहब ने अपने 5 पेज के त्याग पत्र में अपने इस्तीफे के कारणों को स्पष्ट कर दिया है। मैं पिछले 15 सालों से कांग्रेस का जमीनी स्तर का कार्यकर्ता हूं। हम सभी ने आजाद साहब के समर्थन में कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया है। जम्मू-कश्मीर के पूर्व मंत्री आर.एस. चिब ने भी पार्टी से इस्तीफा दे दिया है।

आने वाले दिनों में जम्मू-कश्मीर से और अधिक कांग्रेस नेताओं के इस्तीफा देने की संभावना है, जिसके बाद आजाद द्वारा एक नई पार्टी शुरू करने की उम्मीद है, जिसका नेतृत्व उनके नेतृत्व में होगा और विधानसभा चुनावों में भाग लेंगे।

***************************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

भारत का – जोरावर करेगा चीन के दांत खट्टे

*पहाड़ों पर ड्रैगन को मिलेगा मुंहतोड़ जवाब*

नई दिल्ली,26 अगस्त (आरएनएस/FJ)। चीन के साथ उत्तरी सीमा पर सैन्य गतिरोध तथा भविष्य की चुनौतियों और लड़ाईयों को देखते हुए सेना ऐसा स्वदेशी बहुद्देशीय हल्का लेकिन बेहद मजबूत अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी से लैस टैंक ‘जोरावर खरीदने जा रही है जो हजारों किलोमीटर की ऊंचाई पर दुर्गम पर्वतीय क्षेत्रों सहित हर जगह और सभी मौसम में दुश्मन के दांत खट्टे कर सके।

दरअसल चीन के साथ पूर्वी लद्दाख में दो वर्ष से भी अधिक समय से चले आ रहे सैन्य गतिरोध के दौरान सेना ने मौजूदा टैंकों और अपने जोश तथा जज्बे के साथ चीन को करारा जवाब दिया लेकिन उसे ऐसे हल्के लेकिन मजबूत और अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी से लैस टैंक की कमी बहुत अधिक खली जिसे ऊंचाई वाले दुर्गम क्षेत्रों में आसानी से ले जाकर तुरंत तैनात किया जा सके।

दूसरी ओर चीनी सेना इस तरह के हल्के टैंकों से लैस है जिन्हें पहाड़ों पर आसानी से एक स्थान से दूसरे स्थान पर ले जाया जा सकता है। इसे देखते हुए सेना भी इस कमी को दूर करने की योजना पर आगे बढ रही है।

चीन और पाकिस्तान के दो मोर्चों से एक साथ उत्पन्न होने वाली चुनौती , भविष्य के खतरों, दुनिया भर में अलग अलग जगहों पर चल रहे सैन्य संघर्षों तथा लड़ाईयों और अभियानों के खतरों का बारिकी से अध्ययन कर रही सेना इन से सीख तथा सबक भी ले रही है। इसी सीख के आधार पर सेना भविष्य की सुरक्षा चुनौतियों तथा खतरों से निपटने के लिए दूरगामी रणनीति की तहत तैयारी करते हुए अपने आप को भविष्य की मजबूत सेना बनाने की दिशा में काम रही है।

इसी कड़ी में वह ‘जोरावर’ टैंक के साथ साथ स्वार्म ड्रोन, टैंक रोधी निर्देशित मिसाइल, अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी से लैस फ्यूचर रेड़ी कॉम्बेट व्हीकल तथा मैकेनाइज्ड इंफेन्ट्री की क्षमता विकसित करने पर भी विशेष ध्यान दे रही है।

उच्च पदस्थ तथा विश्वसनीय रक्षा सूत्रों का कहना है कि सेना ने ‘जोरावर’ टैंक का डिजायन तैयार कर लिया है और उसे इसकी खरीद के लिए सरकार की ओर से सिद्धांतत हरी झंडी भी मिल गयी है। इन टैंकों की खरीद रक्षा खरीद प्रक्रिया 2020 की मेक इन इंडिया श्रेणी के तहत आत्मनिर्भर भारत की अवधारणा को ध्यान में रखते हुए की जायेगी।

इस टैंक को बनाने के लिए घरेलू रक्षा उद्योग से संपर्क कर सेना द्वारा डिजायन टैंक बनाने को कहा गया है। यह टैंक भारतीय सेना की जरूरतों तथा भौगोलिक क्षेत्रों के अनुरूप तो होगा ही साथ ही में यह अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी जैसे कृत्रिम बुद्धिमत्ता यानी आर्टिफीसियल इंटेलिजेंस, ड्रोन, बचाव प्रणाली तथा खतरों को भांपने की प्रौद्योगिकी से भी लैस होगा।

सूत्रों का कहना है कि थल सेना के लिए टैंक सबसे प्रमुख हथियार है जिसके बल पर जंग का रूख बदला जा सकता है लेकिन अब बदली हुई परिस्थितियों में ऐसे टैंक की जरूरत है जिसे हमला करने के साथ साथ दुश्मन के टैंकों और अन्य हथियारों के साथ साथ अदृश्य हवाई खतरों जैसे ड्रोन आदि से भी सुरक्षा की जरूरत होगी।

उन्होंने कहा कि जो दुश्मन और हथियार दिखाई देता है उससे बचा जा सकता है लेकिन अदृश्य और अचानक प्रकट होने वाले हवाई खतरों से बचने के लिए इन टैंकों को अत्याधुनिक संचार प्रणाली तथा ड्रोन रोधी और अन्य खतरों से बचाव का कवच पहनाना होगा। सेना चाहती है कि ‘जोरावर’ उसके पास मौजूद सभी टैंकों का मिश्रण हो जो हल्का भले ही हो लेकिन मजबूती में उसका कोई सानी न हो और उसकी मारक क्षमता के सामने दुश्मन घुटने टिका दे।

स्वदेशी टैंक पर जोर देने का एक कारण यह भी है कि यूक्रेन और रूस के बीच युद्ध से उत्पन्न हालातों में इन देशों से टैंकों के कलपुर्जों तथा उपकरण की आपूर्ति प्रभावित हो रही है तो यदि हमारे पास स्वदेशी टैंक होंगे तो हमें इस तरह की दिक्कतों का सामना नहीं करना पड़ेगा।

जोरावर का नाम भारत के प्राचीन समय के सेनानायक जोरावर सिंह कहलुरिया के नाम पर रखा गया है जिन्होंने लद्दाख, तिब्बत , बाल्टिस्तान और स्कर्दू आदि को जीता था।

इसके अलावा दुनिया भर में विभिन्न अभियानों और हमारे सीमावर्ती क्षेत्रों में ड्रोन के बढते इस्तेमाल को देखते हुए भारत भी अपनी सेना को अत्याधुनिक ड्रोन हथियार प्रणाली से लैस करने की दिशा में बढ रहा है। सेना स्वार्म ड्रोन प्रणाली के महत्व और इसके इस्तेमाल को समझते हुए स्वदेशी कंपनियों से ड्रोन खरीद रही है।

सभी सेनाओं को इस बात का भलीभांति अंदाजा लग गया है कि आज के दौर में ड्रोन के कारण उनकी ताकत कई गुणा बढ जाती है। भारतीय सेना भी इसी को ध्यान में रखकर ड्रोन प्रणाली पर विशेष जोर दे रही है।

***************************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

इतिहास में पहली बार, सुप्रीम कोर्ट की कार्यवाही की हुई लाइव स्ट्रीमिंग

नई दिल्ली 26 Aug. (Rns/FJ): सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई के लिए लाइव-स्ट्रीमिंग की सिफारिश करने के तीन साल से अधिक समय के बाद शुक्रवार को इतिहास में पहली बार, सुप्रीम कोर्ट की कार्यवाही का सीधा प्रसारण किया गया। भारत के चीफ जस्टिस एन.वी. रमना की पीठ की कार्यवाही का सीधा प्रसारण किया गया।

सुप्रीम कोर्ट ने एक नोटिस में कहा, कृपया ध्यान दें कि भारत के माननीय मुख्य न्यायाधीश के सेवनिवृत्ति की पूर्व संध्या पर, माननीय मुख्य न्यायाधीश की अदालत की कार्यवाही, यानी समारोह पीठ 26 अगस्त, 2022, सुबह 10:30 बजे की कार्यवाही एनआईसी के वेबकास्ट पोर्टल के माध्यम से लाइव स्ट्रीम किया जाएगा। शीर्ष अदालत द्वारा जारी इस नोटिस में एक लिंक भी शेयर किया गया और लिखा कि उपरोक्त लिंक को सुप्रीम कोर्ट की वेबसाइट से भी एक्सेस किया जा सकता है।

न्यायमूर्ति रमना ने अपने अंतिम कार्य दिवस पर मुख्य न्यायाधीश-नामित न्यायमूर्ति यू.यू. ललित के साथ पीठ साझा की। न्यायमूर्ति ललित को हाल ही में भारत के 49वें मुख्य न्यायाधीश के रूप में नियुक्त किया गया और सीजेआई रमना की सेवानिवृत्ति के बाद वह पदभार ग्रहण करेंगे।

शीर्ष अदालत ने पहली बार सीजेआई की अदालत में सूचीबद्ध मामलों की सुनवाई और आदेशों की घोषणा का सीधा प्रसारण किया। फ्रीबी पर शीर्ष अदालत का आदेश उन आदेशों में शामिल था, जिनका सीधा प्रसारण किया गया। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि अदालती कार्यवाही की लाइव स्ट्रीमिंग आगे होगी या नहीं।

2018 में, शीर्ष अदालत ने फैसला सुनाया कि अदालती कार्यवाही का सीधा प्रसारण संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत न्याय प्राप्त करने के अधिकार का हिस्सा है। छह हाईकोर्ट यूट्यूब पर अपने चैनलों के माध्यम से कार्यवाही का सीधा प्रसारण कर रहे हैं।

***************************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

कांग्रेस पार्टी से इस्तीफा देने के बाद आजाद ने राहुल गांधी पर लगाए बड़े आरोप

नई दिल्ली 26 Aug. (Rns/FJ): गुलाम नबी आजाद ने अपने त्याग पत्र में पार्टी को बर्बाद करने के लिए राहुल गांधी को जिम्मेदार ठहराते हुए आरोप लगाया कि अध्यक्ष पद के लिए वह ऐसे व्यक्ति को चुनेंगे जो बस कठपुतली बनकर रहे और पर्दे के पीछे सारे निर्णय वह खुद ही लें। आजाद ने आरोप लगाया कि 2020 में पार्टी में सुधार की मांग करने वाले जी-23 नेताओं को कांग्रेस कार्य समिति की बैठक में गाली दी गई, अपमानित किया गया और बदनाम किया गया।

अपने त्याग पत्र में उन्होंने कहा, “दुर्भाग्य से, कांग्रेस पार्टी में स्थिति ऐसी हो गई है कि अब पार्टी का नेतृत्व संभालने के लिए प्रॉक्सी का सहारा लिया जा रहा है। यह प्रयोग निश्चित रूप से विफल होगा। पार्टी इस तरह बर्बाद हो गई है कि स्थिति अब हाथ से निकल गई है। इसके अलावा, ‘चुना हुआ अध्यक्ष’ एक कठपुतली से ज्यादा कुछ नहीं होगा।”

उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने राष्ट्रीय स्तर पर भाजपा को और राज्य स्तर पर क्षेत्रीय दलों को स्थान दिया है। उन्होंने राहुल गांधी का नाम लिए बिना आरोप लगाया, “यह सब इसलिए हुआ क्योंकि पिछले आठ वर्षों में पार्टी नेतृत्व ने शीर्ष पर एक गैर-गंभीर व्यक्ति को बिठाने की कोशिश की।”

दिग्गज नेता ने आरोप लगाया कि एआईसीसी चलाने वाली मंडली के निर्देश पर जम्मू में उनका नकली अंतिम संस्कार जुलूस निकाला गया और इस अनुशासनहीनता के लिए एआईसीसी के महासचिव और राहुल गांधी के समर्थकों ने उनका व्यक्तिगत रूप से स्वागत किया।

आजाद ने पत्र में लिखा, “इसके बाद उसी मंडली ने अपने गुंडों को एक पूर्व मंत्री कपिल सिब्बल के आवास पर हमला करने के लिए उकसाया, जो अदालतों में आप और आपके परिजनों की चूक पर बचाव कर रहे थे।” उन्होंने कहा कि जिन 23 वरिष्ठ नेताओं ने पार्टी की चिंता से यह पत्र लिखा था, उनका एकमात्र अपराध यह है कि उन्होंने पार्टी की कमजोरियों के कारणों और उसके उपचार के बारे में बताया।

*****************************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

भारतीय वायु सेना ने ऑस्ट्रेलिया में अभ्यास पिच ब्लैक में भाग लिया

नई दिल्ली 26 Aug. (Rns/FJ): ऑस्ट्रेलिया में अभ्यास पिच ब्लैक के पहले चरण में भाग लेने वाली भारतीय वायु सेना ने यहां कई मिशनों में हिस्सा लिया। भारतीय वायु सेना ने कहा कि विभिन्न स्थितियों की ड्रिल की गई जिसमें विभिन्न मंच शामिल थे। पिच ब्लैक के पहले चरण में, वायु सेना टीम ने इस इवेंट में भाग लेने वाली दूसरी वायु सेना के साथ कई मिशनों में हिस्सा लिया। विभिन्न स्थितियों का अनुकरण किया गया जिसमें विभिन्न प्लेटफॉर्म शामिल थे।

रॉयल ऑस्ट्रेलियाई वायु सेना द्वारा आयोजित अभ्यास पिच ब्लैक 2022 में भाग लेने के लिए शुक्रवार को भारतीय वायु सेना का एक दल ऑस्ट्रेलिया के डार्विन पहुंचा। यह अभ्यास पहले 2018 में आयोजित होने वाला था, लेकिन कोविड-19 महामारी के चलते इसे रद्द करना पड़ा और चार साल बाद, रक्षा मंत्रालय द्वारा जारी एक बयान के अनुसार, इस साल इसे फिर से निर्धारित किया गया।

भारतीय वायुसेना की टुकड़ी में 100 से अधिक वायु योद्धा शामिल हैं, जिन्हें चार सुखोई-30 एमकेआई लड़ाकू और दो सी-17 विमानों के साथ तैनात किया गया है। वे एक जटिल वातावरण में बहु-डोमेन हवाई युद्ध मिशन करेंगे और सर्वोत्तम आदान-प्रदान करेंगे। भाग लेने वाली वायु सेना के साथ अभ्यास करेंगे।

**********************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

आरटीओ की कमाई के टूटे रिकॉर्ड: VIP नंबर 0001 हुआ नीलाम

देहरादून 26 Aug. (Rns/FJ): राजधानी के लोगों को महंगी गाड़ियां खरीदने के साथ वीआईपी नंबर लेने का भी शौक है। आरटीओ द्वारा नए नंबर की सीरीज जारी करने के बाद वीआईपी नंबरों की नीलामी की जाती है। इस बार महंगी गाड़ियों के मुकाबले वीआईपी नंबर ज्यादा पैसों में नीलाम हुए हैं।

देहरादून में 0001 वीआईपी नंबर 7 लाख 66 हजार रुपए में नीलाम हुआ है। साथ ही 0007 के लिए 1 लाख 11 हजार रुपए की बोली लगी है। बता दें कि राज्य गठन के बाद पहली बार गाड़ियों के वीआईपी नंबर के लिए सबसे अधिक बोली लगाई गई है।

बता दें कि परिवहन विभाग द्वारा गुरुवार को वीआईपी नंबरों की नीलामी की गई। वीआईपी नंबरों की बोली में 0001 से 0009 तक की बोली लगाई गई। इसमें 0001 के लिए 7,66,000 रुपए, 0002 के लिए 35 हजार रुपए, 0003 के लिए 25 हजार रुपए, 0004 के लिए 26 हजार रुपए, 0005 के लिए 25 हजार रुपए की बोली लगी। स्पेशल नंबर माना जाने वाला 0007 के लिए एक लाख 11 हजार रुपए की बोली लगी। 0008 नवंबर के लिए 39 हजार रुपए दांव पर लगाए गए। 0009 के लिए 63 हजार रुपए की बोली लगाई गई।

आरटीओ दिनेश पठोई ने बताया कि इससे पहले वीआईपी नंबर एक के लिए अधिकतम बोली 5 लाख रुपए लगाई गई थी। इससे पहले ऑनलाइन नीलामी की व्यवस्था नहीं होने पर वीआईपी नंबरों के आवंटन को लेकर विभागीय अधिकारियों और कर्मचारियों की कार्यशैली पर सवाल उठते थे। लेकिन जब से नंबरों के आवंटन को लेकर ऑनलाइन व्यवस्था लागू की गई है, माहौल बदल गया है। ना सिर्फ नीलामी में अधिक से अधिक वाहन स्वामी हिस्सा लेते हैं, बल्कि परिवहन विभाग की आय में साल दर साल इजाफा हो रहा है।

**************************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

सोनाली फोगाट को जबरन पिलाया गया था सिंथेटिक ड्रग्स

*गोवा पुलिस का बड़ा खुलासा*

पणजी 26 Aug. (Rns/FJ): भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की नेता सोनाली फोगाट हत्या मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। कथित हत्या के सिलसिले में उनके दो सहयोगियों से गोवा पुलिस ने रात भर पूछताछ की। इस दौरान खुलासा हुआ है कि सोनाली फोगाट को सिंथेटिक ड्रग्स दिया गया था। गोवा पुलिस ने बताया कि सामने आया है कि सोनाली को जबरन ड्रग्स दिया गया था। सोनाली के PA सुधीर सांगवान और दोस्त सुखविंदर वासी ने पूछताछ में सोनाली को जबरन ड्रग्स देने की बात कबूल भी की है।

गोवा के आईजी ओमवीर सिंह बिश्नोई ने कहा कि सोनाली के पोस्टमार्टम के बाद हमने पूरे मामले की जांच शुरू की है। आईजी ओमवीर सिंह बिश्नोई ने कहा कि सोनाली फोगाट के भाई की शिकायत के बाद हमने हत्या का मुकदमा दर्ज किया था और हमने सभी के बयान लिए और उन जगहों का दौरा किया जहां वे गए थे, आरोपियों को पूछताछ के लिए बुलाया गया, पूछताछ में हमने पाया कि सोनाली फोगाट को जबरदस्ती कोई न कोई पदार्थ दिया गया था।

गोवा पुलिस के आईजी ओमवीर सिंह ने कहा कि सोनाली फोगाट को जबरदस्ती ड्रग पिलाया गया, जिसके बाद उसकी हालत बिगड़ गई, सुबह 4:30 बजे जब वह कंट्रोल में नहीं थी तो आरोपी उसे शौचालय में ले गया, 2 घंटे तक उन्होंने क्या किया? इसका आरोपियों ने जवाब नहीं दिया, हमने सारे सीसीटीवी फुटेज देखे और दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

आईजी ओमवीर सिंह ने कहा कि आरोपियों से पूछताछ की जा रही है और उन्हें फॉरेंसिक टीम के साथ मौका-ए-वारदात में ले जाया जा रहा है, हमें लगता है कि जो ड्रग उन्हें जबरदस्ती पिलाया गया था, उससे ही उनकी मौत हुई है, उस पार्टी में दो और लड़कियां भी थीं, जिनकी पहचान कर ली गई है और उन्हें भी पूछताछ के लिए बुलाया जा रहा है।

***************************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

सोनाली फोगाट को फिल्म की शूटिंग के बहाने ले जाया गया गोवा : रिंकू ढाका

पणजी 26 Aug. (Rns/FJ): हरियाणा भाजपा नेता और टिकटॉक स्टार सोनाली फोगाट के परिवार के सदस्यों ने आरोप लगाया है कि उन्हें फिल्म की शूटिंग के बहाने गोवा लाया गया था। सोनाली फोगाट के भाई रिंकू ढाका ने कहा, सुधीर सागवान (फोगाट के पीए) ने हमें बताया कि 24 अगस्त को फिल्म की शूटिंग थी।

लेकिन होटल के कमरे केवल दो दिनों के लिए, 22 और 23 अगस्त को बुक किए गए थे। कोई फिल्म शूटिंग नहीं थी। यह सब झूठ था। हमने किसी अभिनेता या फिल्म की शूटिंग नहीं देखी।

पुलिस ने सोनाली के पर्सनल असिस्टेंट सुधीर सांगवान और उसके दोस्त सुखविंदर वासी के खिलाफ आईपीसी की धारा 302 (हत्या) के तहत मामला दर्ज किया।

फोगाट 22 अगस्त को गोवा आई थी और अंजुना के एक होटल में रुकी थी।

गोवा पुलिस ने कहा कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के अनुसार, फोगाट के शरीर पर ब्लंट कट मिले हैं।

ढाका ने कहा, मैंने अपनी शिकायत में जो कुछ भी कहा है वह सही है और उसी आधार पर मामला आगे बढ़ेगा। यह पूर्वनियोजित (हत्या) थी और सोनाली को इसलिए गोवा लाया गया था।

उन्होंने कहा कि उनकी बहन का एक आरोपी के साथ डांस करते हुए वीडियो वायरल हुआ, वह गुरुग्राम का है न कि गोवा का।

उन्होंने कहा, यह वीडियो पुराना है, यह गुरुग्राम का है। यह वीडियो सोनाली की छवि खराब करने के लिए वायरल की गई है। यह लंबे समय से पूर्वनियोजित थी, इसलिए उन्हें (उनकी मृत्यु के बाद) दोष नहीं दिया जाना चाहिए।

इस बीच, गोवा पुलिस फोगाट की मौत के मामले में दस्तावेज और सबूत जुटा रही है। पुलिस के मुताबिक सबूत मिलने के बाद इस मामले में गिरफ्तारी की जाएगी।

पुलिस महानिरीक्षक ओमवीर सिंह बिश्नोई ने बताया कि फोगाट के भाई की शिकायत के आधार पर अंजुना थाने में धारा 302 (हत्या) के तहत एफआईआर दर्ज की गयी है।

बिश्नोई ने कहा, सोनाली फोगाट के भाई रिंकू ढाका की शिकायत के बाद गुरुवार को मामला दर्ज किया गया। उसने दो लोगों के खिलाफ आरोप लगाए थे और हमने उनसे पूछताछ शुरू कर दी है।

******************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

गुलाम नबी आजाद ने कांग्रेस को कहा अलविदा, सोनिया गांधी को भेजा 5 पन्नों का इस्तीफा

जम्मू 26 Aug. (Rns/FJ): अध्यक्ष पद के चुनाव से पहले कांग्रेस को बड़ा झटका लगा है। वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद ने पार्टी को अलविदा कह दिया है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद ने पार्टी से इस्तीफा दे दिया है। इसके पीछे के कारणों का अभी खुलासा नहीं हो सका है। आजाद ने कांग्रेस की अध्यक्ष सोनिया गांधी को 5 पन्नों का इस्तीफा भेजा है।

वो काफी लंबे समय से पार्टी की नीतियों को लेकर नाराज चल रहे थे और जम्मू में जो पार्टी ने उन्हें जिम्मेदारी दी थी उससे वो पहले ही इस्तीफा दे चुके थे। वहीं अब गुलाम नबी आजाद ने पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से लेकर सभी पदों से इस्तीफा दिया है।

खास बात है कि 2020 में ही उन्होंने पार्टी की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी को पत्र लिखा था, जिसमें संगठन स्तर पर बड़े बदलाव की मांग की गई थी। उस दौरान कांग्रेस की भीतर ही G-23 समूह चर्चा में आया था, जिसमें आनंद शर्मा, मनीष तिवारी समेत कई नेता शामिल थे।

************************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला, ‘मुफ्त की सौगातें’ बांटने वाले केस को 3 जजों की बेंच के पास भेजा

नई दिल्ली 26 Aug. (Rns/FJ): राजनीतिक पार्टियों द्वारा ‘फ्रीबीज‘ यानी मुफ्त की सौगातें बांटने पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा फैसला सामने आया है। कोर्ट ने इस मामले की सुनवाई के लिए केस को तीन जजों की बेंच को पुनर्विचार के लिए ट्रांसफर कर दिया है। सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि इस मसले पर विशेषज्ञ कमिटी का गठन करना सही होगा। लेकिन उससे पहले कई सवालों पर विचार करना जरूरी है। 2013 के सुब्रमण्यम बालाजी फैसले की समीक्षा भी जरूरी है। हम यह मामला तीन जजों की विशेष बेंच को सौंप रहे हैं। अगली सुनवाई दो हफ्ते बाद होगी।

सुप्रीम कोर्ट के वकील अश्विनी कुमार उपाध्याय द्वारा दायर एक जनहित याचिका पर अदालत का यह फैसला आया है। कोर्ट ने कहा कि ‘फ्रीबीज’ टैक्सपेयर का महत्वपूर्ण धन खर्च किया जाता है। हालांकि सभी योजना पर खर्च फ्रीबीज नहीं होते। यह मसला चर्चा का है और अदालत के दायरे से बाहर है।

अदालत ने सुनवाई के दौरान कहा कि सरकार को ऑल पार्टी मीटिंग बुलाकर चर्चा करनी चाहिए। इसके लिए कमेटी बनाना अच्छा रहेगा। सुप्रीम कोर्ट ने कहा, ‘कुछ सवाल हैं जैसे कि न्यायिक हस्तक्षेप का दायरा क्या है? क्या अदालत किसी भी योजना को लागू करने योग्य आदेश पास कर सकती है? समिति की रचना क्या होनी चाहिए? कुछ पार्टी का कहना है कि सुब्रमण्यम बालाजी 2013 के फैसले पर भी पुनर्विचार की जरूरत है।’

मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि फ्रीबिज एक ऐसी स्थिति पैदा कर सकती है, जहां राज्य को दिवालिया होने की ओर धकेल दिया जाता है। उन्होंने कहा कि ऐसी मुफ्त घोषणा का इस्तेमाल पार्टी की लोकप्रियता बढ़ाने के लिए किया जाता है। यह राज्य को वास्तविक उपाय करने से वंचित करता है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि निर्वाचन लोकतंत्र में निर्वाचक मंडल के पास सच्ची शक्ति है।

इस मामले की पिछली सुनवाई में कोर्ट सरकार से सर्वदलीय बैठक के जरिए एक राय बनाने की बात कह चुका है। चुनाव आयोग ने भी कहा कि इस बाबत नियम कायदे और कानून बनाने का काम उसका नहीं, बल्कि सरकार का है। वहीं, सरकार ने कहा कि कानून बनाने का मामला इतना आसान नहीं है। कुछ विपक्षी पार्टियां इस मुफ्त की घोषणाएं करने को संविधान प्रदत्त अभिव्यक्ति के अधिकार का अंग मानती हैं।

**********************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

नेपाल से नकली नोट भारत लाते तीन लोगों को पुलिस ने पकड़ा

बरेली 26 Aug. (Rns/FJ): उत्तर प्रदेश में बरेली मंडल से सटी नेपाल सीमा पर पुलिस नकली नोट भारत में लाने वाले तीन लोगों को बीती देर रात गिरफ्तार कर लिया।

पुलिस ने खुफिया सूचना मिलने पर सीमावर्ती इलाके में तलाशी अभियान चलाकर इन लोगों को पकड़ा है। इनसे पूछताछ में पता चला है कि ये लोग नेपाल के रास्ते उत्तराखंड, पीलीभीत, बरेली इलाकों में नकली मुद्रा भेजते थे। इस गिरोह की विस्तृत जानकारी जुटाने के लिये तीनों से पूछताछ की जा रही है।

पुलिस को सूचना मिली थी कि शाम ढलते ही नेपाल से भारत सीमा में तमाम लोग नकली करेंसी लेकर आते हैं। इस पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने गुरुवार देर शाम छापामार कार्यवाही कर जिले के फतेहगंज पश्चिमी इलाके में तीन लोगों को नकली नोटों के साथ हिरासत में लिया। लम्बी पूंछतांछ बाद उनके खिलाफ थाना फतेहगंज पश्चिमी थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है।

आरोपियों के पास से 500 रुपये के 719 नकली नोट बरामद हुये हैं। इंटेलिजेंस एजेंसियों ने भी पूछताछ शुरू कर दी है। एसपी देहात बरेली राजकुमार अग्रवाल ने शुक्रवार सुबह बताया कि फतेहगंज पश्चिमी थाना पुलिस ने पीलीभीत में दयूरिया कलां की शीवा, अलीगंज (बरेली) में ढकिया गांव के पुष्पेंद्र सिंह और पीलीभीत में दयूरिया के शोएब को पकड़ा है। तीनों लोग बाइक से बरेली से दिल्ली की ओर जा रहे थे। पुलिस ने इनकी तलाशी के दौरान बैग में रखे 3,59,500 कीमत के नोट बरामद किए, जो जांच में नकली निकले।

एसपी देहात ने बताया कि पूछताछ में आरोपित पुष्पेंद्र ने बताया कि वह 5 साल से नकली नोटों का काम कर रहा है। अलीगंज का रहने वाला धर्मेंद्र उसे नोट नेपाल से लाकर मुहैया कराता है। इस गिरोह के सरगना के अपराधिक इतिहास की बात सामने आई है। ये लोग नेपाल से नकली नोट लाते थे। नकली नोटों का ज्यादातर इस्तेमाल आरोपित सामान खरीदने में करते थे। जब दुकानदार बचे हुए रुपए वापस करता तो बदले में आरोपित को असली नोट मिल जाता था। एसपी देहात ने बताया कि नकली नोटों को चलाने वाले पूरे गिरोह का पता लगाया जा रहा है।

***********************************

इसे भी पढ़ें : आबादी पर राजनीति मत कीजिए

इसे भी पढ़ें : भारत में ‘पुलिस राज’ कब खत्म होगा?

इसे भी पढ़ें : प्लास्टिक मुक्त भारत कैसे हो

इसे भी पढ़ें : इलायची की चाय पीने से मिलते हैं ये स्वास्थ्य लाभ

तपती धरती का जिम्मेदार कौन?

मिलावटखोरों को सजा-ए-मौत ही इसका इसका सही जवाब

जल शक्ति अभियान ने प्रत्येक को जल संरक्षण से जोड़ दिया है

इसे भी पढ़ें : भारत और उसके पड़ौसी देश

इसे भी पढ़ें : चुनावी मुद्दा नहीं बनता नदियों का जीना-मरना

इसे भी पढ़ें : *मैरिटल रेप या वैवाहिक दुष्कर्म के सवाल पर अदालत में..

इसे भी पढ़ें : अनोखी आकृतियों से गहराया ब्रह्मांड का रहस्य

इसे भी पढ़ें : आर्द्रभूमि का संरक्षण, गंगा का कायाकल्प

इसे भी पढ़ें : गुणवत्ता की मुफ्त शिक्षा का वादा करें दल

इसे भी पढ़ें : अदालत का सुझाव स्थाई व्यवस्था बने

इसे भी पढ़ें : भारत की जवाबी परमाणु नीति के

हर समय हर वक्त सच के साथ

Exit mobile version