राष्ट्रपति मुर्मू, उपराष्ट्रपति धनखड़ और पीएम मोदी ने देशवासियों को दी महाशिवरात्रि की बधाई

नई दिल्ली 26 Feb, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)- देशभर में आज महाशिवरात्रि का पर्व मनाया जा रहा है। इस बीच, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ समेत कई नेताओं ने देशवासियों को महाशिवरात्रि की बधाई दी।

राष्ट्रपति के आधिकारिक एक्स अकाउंट पर लिखा, “मैं सभी देशवासियों को महाशिवरात्रि के पावन पर्व की हार्दिक बधाई देती हूं। मेरी प्रार्थना है कि हम सब पर देवाधिदेव महादेव की कृपा बनी रहे तथा हमारा देश निरंतर प्रगति के पथ पर आगे बढ़ता रहे।” उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने भी देशवासियों को महाशिवरात्रि की बधाई दी। उन्होंने एक्स पर लिखा, “महाशिवरात्रि के इस पावन अवसर पर सभी देशवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं। आत्म-चिंतन और आध्यात्मिक जागरूकता का प्रतीक यह पावन पर्व हमें ज्ञान, धैर्य और करुणा के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। मेरी कामना है कि सम्पूर्ण सृष्टि पर भगवान शिव की कृपा बनी रहे और उनके आशीष से हमारा राष्ट्र प्रगति और समृद्धि के पथ पर अग्रसर हो। हर हर महादेव।”

पीएम मोदी ने एक्स अकाउंट पर एक वीडियो शेयर किया। उन्होंने लिखा, “सभी देशवासियों को भगवान भोलेनाथ को समर्पित पावन पर्व महाशिवरात्रि की असीम शुभकामनाएं। यह दिव्य अवसर आप सभी के लिए सुख-समृद्धि और उत्तम स्वास्थ्य लेकर आए, साथ ही विकसित भारत के संकल्प को सुदृढ़ करे, यही कामना है। हर-हर महादेव!”

वहीं, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने एक्स पर लिखा, “महाशिवरात्रि के पावन पर्व की समस्त देशवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं। शिव और शक्ति के मिलन का यह पर्व अध्यात्म, आत्मचिंतन और आस्था का महापर्व है। देवाधिदेव महादेव से सभी के कल्याण की कामना करता हूं।” केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने महाशिवरात्रि की बधाई दी। उन्होंने कहा, “समस्त देशवासियों को महाशिवरात्रि के पावन पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं। भगवान महादेव से देश की खुशहाली एवं समृद्धि की प्रार्थना करता हूं।” लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी देशवासियों को महाशिवरात्रि की शुभकामनाएं दी। राहुल गांधी ने अपने एक्स अकाउंट पर एक तस्वीर शेयर करते हुए लिखा, “सभी को महाशिवरात्रि के पावन पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं! शिवशक्ति की कृपा आप सब पर हमेशा बनी रहे। हर हर महादेव।”

इसके अलावा सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने एक्स पर लिखा, “सभी को महाशिवरात्रि की सर्वकल्याणकारी शुभकामनाएं!” उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महाशिवरात्रि के पर्व की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा, “त्रिभुवनपति भगवान शिव की आराधना और उपासना को समर्पित पावन महापर्व महाशिवरात्रि की सभी श्रद्धालुओं एवं प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई व शुभकामनाएं। देवाधिदेव महादेव और माता पार्वती की कृपा से सभी का कल्याण हो, सम्पूर्ण सृष्टि का उद्धार हो।”

************************

 

राशिद साबिर खान के निर्देशन में ‘नया ज़माना’ की शूटिंग मार्च में शुरू होगी……!

26.02.2025 – प्रोड्यूसर अब्बास खान ईरानी द्वारा शबनम फिल्म प्रोडक्शन के बैनर तले बनाई जा रही हिन्दी फीचर फिल्म ‘नया ज़माना’ की शूटिंग मार्च माह के प्रथम सप्ताह में शुरू होगी इसकी घोषणा इस फिल्म के निर्देशक राशिद साबिर खान ने पिछले दिनों अंधेरी पश्चिम, मुंबई स्थित होटल ओरिटेल बैंक्वेट हॉल में आयोजित एक भव्य समारोह में वरिष्ठ निर्देशक मनोज अग्रवाल और इजहार हुसैन की उपस्थिति में की।

इस फिल्म में प्रोड्यूसर अब्बास खान ईरानी नवोदित अभिनेत्री गुड़िया ईरानी के साथ अपने अभिनय का जलवा बिखेरते नजर आएंगे। इस फिल्म में आजकल नवयुवकों में पनप रही नई किस्म की कुप्रवृतियों को उजागर करने की कोशिश की जायेगी।

सिनेदर्शकों के टेस्ट को ध्यान में रखते हुए फिल्म की कथावस्तु में रोमांस, एक्शन, कॉमेडी और ट्रेजेडी का भी समावेश किया गया है।

इस फिल्म के संगीतकार अखिलेश कुमार, डीओपी मनोज सी. कुमार, पोस्ट प्रोडक्शन सुधांशु झा, एक्शन डायरेक्टर मोजेज फर्नांडिसऔर पीआरओ समरजीत हैं।

इस फिल्म में बृज गोपाल, हितेन तेजवानी, विजय पाटकर, जयवंत वाडकर, गोपाल सिंह, नवीन त्यागी, वाजिद अंसारी और रमजान शेख की भी अहम भूमिका है।

प्रस्तुति : काली दास पाण्डेय

LG के अभिभाषण के बीच किया हंगामा

स्पीकर ने आतिशी सहित सभी AAP विधायकों को किया निष्कासित

नई दिल्ली 25 Feb (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) : दिल्ली विधानसभा की मंगलवार की कार्यवाही हंगामे के साथ शुरू हुई। उपराज्यपाल के अभिभाषण के बीच में ही आप के विधायक हंगामा करने लगे।

विधानसभा अध्यक्ष ने आतिशी सहित सभी आप विधायकों को दिनभर के लिए सदन से निष्कासित कर दिया। निष्कासित किए गए विधायकों में आतिशी के अलावा वीरेंद्र काद्यान्न, कुलदीप, गोपाल राय, जरनैल सिंह, संजीव झा, अनिल झा, विशेष रवि, सोमदत्त और वीर सिंह धींगन शामिल हैं।

Uproar amid LG’s address, Speaker expels all AAP MLAs including Atishi : एलजी ने अपने अभिभाषण में कहा कि सरकार 5 प्रमुख चीजों पर काम करेगी जिसमें यमुना, प्रदूषण, भ्रष्टाचार मुक्त शासन, अनाधिकृत कॉलोनियों का नियमितकरण शामिल है। उपराज्यपाल के अभिभाषण के दौरान बीजेपी विधायक ‘मोदी-मोदी’ के नारे लगाते नजर आए।

उधर सदन से निकाले गए AAP विधायक हाथ में बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर की फोटो लेकर विधानसभा के बाहर प्रदर्शन करते नजर आए। मीडिया से बात करते हुए आतिशी ने कहा कि बीजेपी ने सीएम ऑफिस और मंत्रियों के कार्यालयों से बाबा साहेब भीमराव आंबेडकर की फोटो हटाकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की फोटो लगा दी है।

उन्होंने कहा, ‘मैं भारतीय जनता पार्टी से पूछना चाहती हूं कि क्या प्रधानमंत्री मोदी बाबा साहेब से बड़े हो गए हैं? इसी के खिलाफ आम आदमी पार्टी ने प्रदर्शन किया और हम सदन से लेकर सड़क तक प्रदर्शन करते रहेंगे, जब तक बाबा साहेब की तस्वीर उनकी जगह नहीं लगा दी जाती।

**************************

 

दिल्ली विधानसभा सत्र : मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शराब नीति 2024 पर CAG रिपोर्ट पेश की

नई दिल्ली 25 Feb, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) । दिल्ली विधानसभा में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने आबकारी नीति 2024 पर CAG रिपोर्ट पेश की।LG के अभिभाषण के बाद सदन में शराब नीति पर CAG रिपोर्ट पेश हुई। दिल्ली सरकार की ओर से CAG की सभी 14 पेंडिंग रिपोर्ट पेश की गई । रिपोर्ट में बताया गया है कि आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार की गलत शराब नीति से दिल्ली को 2026 करोड़ रुपए का नुकसान हुआ है।

नई दिल्ली में राजनीतिक उठा-पटक लगातार जारी है। दिल्ली विधानसभा में मंगलवार को सदन के दूसरे दिन दिल्ली के एलजी विनय कुमार सक्सेना के अभिभाषण के दौरान आम आदमी पार्टी के विधायकों ने जमकर हंगामा करना शुरू कर दिया और बाबासाहेब अंबेडकर और भगत सिंह की फोटो को कई दफ्तरों से हटाए जाने का विरोध किया।

इसके बाद आतिशी समेत करीब 14 विधायकों को पूरे दिन के लिए सदन की कार्यवाही से निलंबित कर दिया गया है और सभी निलंबित विधायक दिल्ली विधानसभा के बाहर आकर धरने पर बैठ गए हैं। आम आदमी पार्टी के विधायक हाथों में बाबासाहेब की फोटो लेकर बैठे हुए हैं और विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।

***************************

 

कांग्रेस पर भड़कीं प्रीति जिंटा, फेक न्यूज को बढ़ावा देने का लगाया आरोप

मुंबई 25 Feb, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। अभिनेत्री प्रीति जिंटा ने मंगलवार को सोशल मीडिया पर एक पोस्ट शेयर किया, जिसमें वह 10 साल पहले लिए लोन का जिक्र करते हुए कांग्रेस पार्टी पर भड़कती और फेक न्यूज को बढ़ावा देने का आरोप लगाती नजर आईं। उन्होंने पार्टी से कहा कि उन्हें इस कृत्य के लिए शर्म आनी चाहिए।

एक्स हैंडल केरल कांग्रेस ने एक पोस्ट शेयर किया, जिसमें लिखा था, “उन्होंने (प्रीति जिंटा) अपने सोशल मीडिया अकाउंट भाजपा को दे दिए और 18 करोड़ रुपये माफ करवा लिए। पिछले हफ्ते बैंक को नुकसान हुआ और अब जमाकर्ता अपने पैसों के लिए सड़क पर आ गए हैं।”

केरल कांग्रेस की पोस्ट को री-पोस्ट करते हुए प्रीति जिंटा ने कांग्रेस को जमकर लताड़ लगाई। उन्होंने लिखा, “नहीं, मैं अपने सोशल मीडिया अकाउंट खुद ही चलाती हूं और आपको फेक न्यूज को बढ़ावा देने के लिए शर्म आनी चाहिए! किसी ने मेरे लिए कुछ भी नहीं लिखा या कोई लोन नहीं लिया।”

अभिनेत्री ने किसी पार्टी द्वारा फेक न्यूज को बढ़ावा देने के लिए हैरानी जताई। उन्होंने आगे लिखा, “मैं हैरान हूं कि कोई राजनीतिक पार्टी या उनका प्रतिनिधि मेरे नाम और तस्वीरों का इस्तेमाल करके फेक न्यूज को बढ़ावा दे रहा है और बेबुनियाद गपशप और क्लिकबैट में लिप्त है।”

मामले को स्पष्ट करते हुए अभिनेत्री ने आगे लिखा, “रिकॉर्ड के लिए एक लोन लिया गया था, जो पूरी तरह से चुका दिया गया था और इस बात को 10 साल से भी ज्यादा समय हो चुका है। उम्मीद है कि यह स्पष्ट हो जाएगा और मदद करेगा ताकि भविष्य में कोई गलतफहमी न हो।”
बता दें, प्रीति जिंटा को लेकर हाल ही में खबर आई कि न्यू इंडिया कोऑपरेटिव बैंक की तरफ से उनके 18 करोड़ रुपये माफ कर दिए गए।

दरअसल, न्यू इंडिया कोऑपरेटिव बैंक को कुछ समय पहले ही अनियमितताओं के चलते समस्याओं का सामना करना पड़ा था, जिससे ग्राहकों को उनके पैसे मिलने में दिक्कत हुई।

उस समय ऐसी खबरें सामने आई थीं कि बैंक ने नियमों का पालन किए बिना कुछ लोगों को बड़ा कर्ज दिया था और उनके कर्ज भी माफ कर दिए थे। बताया गया कि इस सूची में अभिनेत्री प्रीति जिंटा का भी नाम था।

****************************

 

महाशिवरात्रि स्नान पर्व के लिए मेला क्षेत्र और प्रयागराज शहर में नो-व्हीकल जोन प्लान लागू

महाकुंभ नगर  25 Feb, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) । प्रयागराज की पावन धरती पर चल रहे महाकुंभ 2025 का समापन अब बेहद करीब है। भक्ति, आस्था और श्रद्धा के इस महासंगम को व्यवस्थित और सुरक्षित बनाने के लिए मेला पुलिस प्रबंधन ने विशेष दिशा-निर्देश जारी किए हैं।

महाशिवरात्रि के अंतिम स्नान पर्व में भीड़ प्रबंधन को लेकर 25 फरवरी से मेला क्षेत्र और प्रयागराज में नो-व्हीकल जोन लागू कर दिया गया है, ताकि श्रद्धालुओं को स्नान और दर्शन का अवसर निर्बाध रूप से मिल सके।

मेला पुलिस के अनुसार 25 फरवरी 2025 को मेला क्षेत्र को अपराह्न 4:00 बजे से नो-व्हीकल जोन घोषित किया गया है, जबकि प्रयागराज कमिश्नरेट को सायंकाल 6:00 बजे से नो-व्हीकल जोन बनाया जाएगा।

सभी नागरिकों से अनुरोध किया गया है कि वे इस व्यवस्था का सम्मान करते हुए पूरा सहयोग करें। भीड़ प्रबंधन को सुचारू रखने के लिए सभी श्रद्धालुओं से निवेदन किया गया है कि वे अपने प्रवेश के सबसे निकटस्थ घाट पर ही स्नान करें, ताकि सभी को सुगमता और सुरक्षा मिल सके।

दक्षिणी झूसी : यहां से आने वाले श्रद्धालु संगम द्वार ऐरावत घाट पर स्नान कर सकेंगे।

उत्तरी झूसी : यहां से आने वाले श्रद्धालु संगम हरिश्चंद्र घाट और संगम ओल्ड जीटी घाट पर स्नान करेंगे।

परेड से आने वाले श्रद्धालु संगम द्वार भारद्वाज घाट, संगम द्वार नागवासुकि घाट, संगम द्वार मोरी घाट, संगम द्वार कालीघाट, संगम द्वार रामघाट, संगम द्वार हनुमान घाट पर स्नान करेंगे।

अरैल से आने वाले श्रद्धालु संगम द्वार अरैल घाट पर स्नान करेंगे।

दूध, सब्जी, दवाइयां, पेट्रोल/डीजल, एम्बुलेंस जैसी आवश्यक सामग्रियों की गाड़ियों और सरकारी कर्मचारियों (डॉक्टर, पुलिस, प्रशासन) के वाहनों पर कोई रोक-टोक नहीं होगी। ये सभी अपने कार्य निर्बाध रूप से कर सकेंगे।

26 फरवरी 2025 को महाकुंभ पर्व का समापन महाशिवरात्रि के साथ होगा। श्रद्धालुओं से अनुरोध किया गया है कि वे शीघ्रता से निकटस्थ घाट पर स्नान और शिवालय में दर्शन कर अपने गंतव्य को प्रस्थान करें।

दिशा निर्देशों में ये भी बताया गया है कि सभी पांटून पुलों का संचालन भीड़ के दबाव के अनुसार किया जाएगा। श्रद्धालुओं से अपील की गई है कि सभी घाटों को संगम के समान मान्यता प्राप्त है, इसलिए श्रद्धालु निकटस्थ घाट पर स्नान कर यातायात और भीड़ प्रबंधन में सहयोग करें।

******************************

 

आरोप लगाना और भाग जाना, विपक्ष की आदत बन गई : चिराग पासवान

पटना 25 Feb, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)  । लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रमुख और केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने मंगलवार को विपक्ष के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के झूठ बोलने के आरोप लगाने पर पलटवार किया।

चिराग पासवान ने कहा कि प्रधानमंत्री ने क्या झूठ बोला है, यह बताएं। आजकल विपक्ष की आदत बन गई है कि झूठ बोलना और भाग जाना। पत्रकारों से बातचीत करते हुए केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने कहा कि भारत एक लोकतांत्रिक देश है और देश की जनता यह सब बातें देखती है और उसी के आधार पर अपना फैसला करती है।

एक झूठ बोलने वाले मुख्यमंत्री दिल्ली में थे, जो बड़े-बड़े वादे कर के आए थे, उनके साथ देश की जनता ने क्या किया, 10 साल के बाद दिल्ली की सत्ता से उन्हें बाहर कर दिया। इसी तरीके से अगर देश में कोई झूठ बोलता है तो लोकतंत्र में इतनी ताकत है कि उस व्यक्ति को अगले चुनाव में जनता अपना फैसला सुना देगी।

उन्होंने कहा, “अब यही पैमाना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ भी है। इसका मतलब कहीं न कहीं पिछले तीन बार से वह अपनी बातों पर खरे उतरते हैं। आज की तारीख में प्रधानमंत्री मोदी के वादे, उनके वादों को पूरा करने की गारंटी है और यही कारण है कि आज तीसरी बार सत्ता में आए। यह कोई सामान्य बात नहीं है कि सरकार एक ही व्यक्ति की सरकार चुने।”

उन्होंने राजद पर निशाना साधते हुए कहा कि 90 के दशक में जिस तरीके से बिहार में एक के बाद एक गलत नीतियां लागू की गईं, भ्रष्टाचार की हदों को पार किया गया, परिणाम स्वरूप उसके बाद कभी इनका दल अकेले बहुमत में नहीं आ पाया। हमेशा इनको मुख्यमंत्री के लिए बैसाखी का सहारा लेना पड़ा। यह दर्शाता है कि झूठ उन्होंने बोला था। तीसरी बार पीएम मोदी को प्रधानमंत्री पद देना यह बताता है कि जनता ने उनके वादों पर मुहर लगाई है।

**************************

 

संदेशपरक फिल्म ‘लांछना’ का मुहूर्त संपन्न

25.02.2025 – मिली फिल्म्स एंड टी वी इंटरनेशनल के बैनर तले बनने वाली संदेशपरक फिल्म ‘लांछना’ का मुहूर्त रांची (झारखंड) स्थित बाजपुर में संपन्न हुआ। मुहूर्त शॉट के बाद अभिनेता शेखर वत्स, मनोज कुमार व अन्य कलाकारों पर फिल्म के कई महत्वपूर्ण दृश्यों को फिल्माया गया।

आम इंसान के मन में शामिल मोह माया व मानवीय वेदना का सांसारिक जीवन में पड़ रहे प्रभाव और व्याप्त आभाव के यथार्थ की दास्तान को बयां करती इस संदेशपरक फिल्म के निर्माता मनोज कुमार हैं। इस हिंदी फीचर फिल्म के पूर्व फिल्म निर्माता मनोज कुमार झारखंड की धरती से जुड़ी शॉर्ट फिल्म ‘वांछा-द ब्लैक डिजायर’ का निर्माण कर चुके हैं।

शॉर्ट फिल्म ‘वांछा-द ब्लैक डिजायर’ वर्तमान समय में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सभी ओटीटी प्लेटफॉर्म पर सिनेप्रेमियों के लिए उपलब्ध है। अपनी नवीनतम फिल्म ‘लांछना’ को लेकर फिल्म निर्माता मनोज कुमार इन दिनों काफी उत्साहित हैं।

कुल पांच कर्णप्रिय गीतों से सजी फिल्म ‘लांछना’ के गीतकार प्रशांत गैलवर व राकेश कुमार सुमन, संगीतकार श्रीकांत इंदवार, डीओपी सुमित सचदेवा, कथा-पटकथा व संवाद लेखक प्रशांत गैलवर, सेट डिजाइनर मनोज वर्मा, प्रचारक काली दास पाण्डेय और प्रोडक्शन टीम हेड शंकर पाठक हैं। इस फिल्म में झारखंड प्रदेश के कलाकारों को प्राथमिकता दी गई है।

इस फिल्म की शूटिंग रांची के अलावा अन्य निकटवर्ती इलाकों में भी की जाएगी। झारखंड के चर्चित फिल्म निर्देशक प्रशांत गैलवर के निर्देशन में बन रही इस हिंदी फीचर फिल्म के मुख्य कलाकार मिस नवी मुंबई रह चुकी अभिनेत्री रिया मेकट्टूकुलम, सुरजीत सिंह राजपूत, मनोज सहाय, शंकर पाठक, श्रुति भदानी, शेखर वत्स, मनोज वर्मा, विनय सिंह, दीपक चौधरी, पंकज सिन्हा, जितेंद्र वाढेर, दिनेश साहदेव, शशि भूषण, अंजली वर्मा, प्रीति भास्कर और गोपाल आदि हैं।

प्रस्तुति : काली दास पाण्डेय

**********************************

 

खुशखबरी: सरकार ने किसानों के खाते में डाले 2000-2000 रुपये

भागलपुर ,24 फरवरी(Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। मोदी सरकार ने किसान सम्मान निधि की 19वीं किस्त भी जारी कर दी है। जानकारी के अनुसार 9.8 करोड़ किसानों के बैंक खातों में 22,000 करोड़ रुपये ट्रांसफर कर दिए गए हैं। पीएम ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि बाबा अजगैबीनाथ की इस पावन धरा पर इस समय महाशिवरात्रि की भी तैयारियां चल रही हैं।

उन्होंने कहा कि ऐसे पवित्र समय में, मुझे पीएम किसान निधि की एक और किस्त देश के करोड़ों किसानों को भेजने का सौभाग्य मिला है। करीब 22 हजार करोड़ रुपये एक क्लिक पर देशभर के किसानों के खातों में पहुंचे हैं। देश के 9.8 करोड़ से भी ज्यादा किसानों को 2000-2000 रुपये उनके खाते में सीधे ट्रांसफर कर दिया गया है। बता दें, पीएम-किसान योजना के तहत हर लाभार्थी किसान को हर चार महीने में 2,000 रुपये की तीन बराबर किस्तों में कुल 6,000 रुपये का सालाना लाभ दिया जाता है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि मैंने लाल किले से कहा है कि विकसित भारत के चार मजबूत स्तंभ हैं। ये स्तंभ हैं- गरीब, किसान, महिला और नौजवान। एनडीए सरकार, चाहे केंद्र में हो या फिर प्रदेश में, किसान कल्याण हमारी प्राथमिकता है। पीएम ने कहा कि महाकुंभ के समय में मंदराचल की इस धरती पर आना बड़ा सौभाग्य है। इस धरती में आस्था भी है, विरासत भी है और विकसित भारत का सामर्थ्य भी है। ये शहीद तिलका मांझी की धरती है और सिल्क सिटी भी है। प्रधानमंत्री मोदी के साथ बिहार के सीएम नीतीश कुमार, सांसद गिरिराज सिंह, केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान, केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी और बिहार बीजेपी अध्यक्ष दिलीप जायसवाल और बिहार सरकार में मंत्री मंगल पांडेय मंच पर मौजूद हैं।

*****************************

 

 

 

संभल की जामा मस्जिद सरकार की जमीन पर बनी

यूपी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में दाखिल की स्टेटस रिपोर्ट

नई दिल्ली ,24 फरवरी(Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। उत्तर प्रदेश सरकार ने संभल में शाही जामा मस्जिद और उसके पास मौजूद कुएं को लेकर सुप्रीम कोर्ट में स्टेटस रिपोर्ट दाखिल कर दी है। यूपी सरकार ने कहा- संभल की शाही जामा मस्जिद भी सरकारी जमीन पर बनाई गई है।

मस्जिद के पास मौजूद कुआं भी सरकारी जमीन पर है। खुद मस्जिद कमेटी ने गलत फोटो पेश करके अदालत को गुमराह करने की कोशिश की है। राज्य सरकार ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि ‘ऐसा होना ऐतिहासिक रूप से महत्वपूर्ण क्षेत्र होगा।

मस्जिद समिति का आवेदन कुएं की पुनरुद्धार प्रक्रिया को ना सिर्फ नाकामयाब करने की कोशिश है, बल्कि यह क्षेत्र के संरक्षण, विकास एवं पर्यावरण के लिए भी हानिकारक है। राज्य सरकार इस क्षेत्र में शांति और सद्भाव सुनिश्चित करने के लिए काम कर रही है, जैसा कि सुनवाई के दौरान किया गया था।

कुआं उन 19 कुओं का हिस्सा है जो जिला प्रशासन की ओर से पुनर्जीवित किए जा रहे हैं। बारिश के पानी का संचयन और जल पुनर्भरण के बाद सभी समुदायों की ओर से उपयोग किया जा सकेगा। इन प्राचीन कुओं का पुनरुद्धार किया जा रहा है. सांस्कृतिक रूप से भी संभल में पर्यटन को आकर्षित करेगा।

*******************************

 

सीएम योगी ने की सपा की खिंचाई, कहा- समाजवादी से सनातनी हो गए हैं नेता प्रतिपक्ष

लखनऊ ,24 फरवरी (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को बजट सत्र के पांचवें दिन महामहिम राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा में भाग लिया। उन्होंने कहा कि यह बहुत गंभीर चर्चा है।

इसमें सत्ता पक्ष से जुड़े 98 और प्रतिपक्ष के 48 (कुल 146 सदस्यों) सदस्यों ने भाग लिया है। नेता प्रतिपक्ष समाजवादी से सनातनी हो गए हैं। स्वभाव के विपरीत उन्होंने अपने सदस्यों को टोका भी।

स्वागतयोग्य है कि आपने इस विषय को समझा और महत्व देकर सम्मान का भाव प्रकट किया। सीएम ने सपा के सोशल मीडिया सेल के हैंडल के जरिए उन पर प्रहार किया।

नेता प्रतिपक्ष के सवालों पर सीएम योगी ने जवाब देते हुए कहा कि जिन महापुरुषों ने भी भारत में जन्म लिया, मैं उन सभी को मानता हूं। मैं बुद्ध, जैन परंपरा (सभी तीर्थंकरों) को मानता हूं। हम लोग सनातन धर्म के साथ-साथ बौद्ध तीर्थस्थलों के पुनरुद्धार और सौंदर्यीकरण का कार्य कर रहे हैं।

भारत २के प्रति सम्मान का भाव रखने वाले और सनातन परंपरा में प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष भूमिका रखने वाले सभी पंथ-संप्रदाय (बौद्ध, जैन, सिख) का हम सम्मान करते हैं। गुरु गोविंद सिंह के चार-चार पुत्रों की शहादत के प्रति सम्मान का भाव ही है कि पीएम मोदी ने 26 दिसंबर की तिथि को ‘वीर बाल दिवस’ के रूप में घोषित किया है।

उन्होंने कहा कि पहली बार गुरुवाणी का पाठ निरंतर मुख्यमंत्री आवास पर हो रहा है। भगवान बुद्ध, जैन तीर्थंकरों, सिख परंपरा, कबीरपंथी, रविदासी, महर्षि वाल्मीकि की परंपरा या भारत के अंदर जन्मी हर उस उपासना विधि का, जिससे सनातन धर्म को मजबूती प्रदान होती हो और देश ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ के रूप में आगे बढ़ता है, उन सबके प्रति हमारे मन में श्रद्धा और सम्मान का भाव है।

सीएम योगी ने पहले दिन राज्यपाल के अभिभाषण के दृश्य की चर्चा की। समाजवादी पार्टी के सदस्यों को इंगित करते हुए बोले कि आप संविधान की प्रति लेकर घूमते हैं, लेकिन संवैधानिक पदों पर बैठे महानुभावों के प्रति आप लोगों का दृष्टिकोण क्या है, राज्यपाल के अभिभाषण के दौरान सदन के दृश्य देखकर इसका सहज अनुमान लगा सकते हैं।

जो शोर-शराबा, टिप्पणियां और राज्यपाल के प्रति व्यवहार किया जा रहा था, क्या वह संवैधानिक था? यदि ऐसा व्यवहार संवैधानिक है तो फिर असंवैधानिक क्या है? आप लोग भाषण बहुत देते हैं, लेकिन वास्तविक आचरण देखना है तो सपा सोशल मीडिया सेल का हैंडल देखिए। वह उनकी विचारधारा, आंतरिक शिष्टाचार, लोकतंत्र के प्रति उनके विचारों की अभिव्यक्ति का ऐसा माध्यम है, जिससे कोई भी सभ्य समाज लज्जा महसूस करता है। फिर भी आप दूसरों को उपदेश देते हैं।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने द्वितीय राष्ट्रपति डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन की टिप्पणी से बात का आगाज किया। उन्होंने बताया कि डॉ. राधाकृष्णन ने कहा कि मानव का मानव होना उपलब्धि है, मानव का दानव होना पराजय और मानव का महामानव होना उसकी विजय है। मानव, दानव व महामानव (देव) तीनों श्रेणी सदा रही है। मान्यता है कि महर्षि कश्यप की दो रानियां थीं। एक से देव व दूसरे से दानव हुए। कर्म, आचरण, व्यवहार उन्हें उस श्रेणी में पहुंचाता है। सीएम ने देव, दानव व महामानव का अंतर बताया।

उन्होंने सपा और नेता प्रतिपक्ष पर तंज कसते हुए कहा कि अच्छा लगा कि आपने महाकुंभ, सनातन परंपरा व अयोध्या धाम को स्वीकार किया। समाजवादी जब अंतिम पायदान पर खड़ा होता है तो उसे धर्म की याद आती है। नेता प्रतिपक्ष को इस बारे में आपत्ति थी कि भारतीय जनता पार्टी ने अपने लोक कल्याण संकल्प पत्र में राज्यपाल के अभिभाषण में महाकुंभ को वैश्विक स्तर का आयोजन बनाने का उल्लेख क्यों किया और उस प्रकार की व्यवस्था क्यों नहीं की।

मुख्यमंत्री ने नेता प्रतिपक्ष से कहा कि 2013 में आपको जाने नहीं दिया गया था। इस बार आप गए थे। आपने स्नान किया, सुविधाओं की मुक्तकंठ से प्रशंसा की। व्यवस्था सरकार की थी, माध्यम अध्यक्ष जी थे। महाकुंभ में यदि विश्वस्तरीय सुविधा नहीं होती तो अब तक 63 करोड़ श्रद्धालु उसका हिस्सा नहीं बनते। अनुमान है कि 26 फरवरी तक यह संख्या 65 करोड़ पार करेगी। भारत में 144 करोड़ लोग रहते हैं, इसमें 110 करोड़ सनातन धर्मावलंबी हैं।

***************************

 

जानें कैसे टीमवर्क से सुचारू हुआ दुनिया का सबसे बड़ा आयोजन

महाकुंभ 2025: प्रयागराज के डीएम रविंद्र कुमार मंडार के नेतृत्व में भीड़ प्रबंधन के नए मानक स्थापित

प्रयागराज, 24 फरवरी (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। महाकुंभ 2025 अपने चरम पर है, और हर दिन करोड़ों श्रद्धालु संगम में पुण्य की डुबकी लगाने के लिए प्रयागराज पहुंच रहे हैं। इतने बड़े पैमाने पर लोगों का आना प्रशासन के लिए किसी परीक्षा से कम नहीं, लेकिन अब तक सभी व्यवस्थाएं सुचारू रूप से संचालित हो रही हैं। कुशल प्रबंधन और अनुशासनिक कड़े नियमों के चलते अब तक यह आयोजन एक मिसाल बना हुआ है।

जिले की कमान संभाल रहे हैं ज़िला मजिस्ट्रेट रविंद्र कुमार मंडार, जो न सिर्फ खुद हर व्यवस्था पर नजर बनाए हुए हैं, बल्कि प्रशासनिक टीम को भी पूरी तरह सक्रिय रखे हुए हैं। महाकुंभ का आयोजन जितना धार्मिक आस्था से जुड़ा है, उतना ही प्रशासनिक दक्षता और टीमवर्क की परीक्षा भी है। भीड़ नियंत्रण, यातायात प्रबंधन, चिकित्सा सेवाओं की उपलब्धता, सुरक्षा व्यवस्था और आपातकालीन सहायता को प्रभावी तरीके से लागू करना सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक है। रविंद्र कुमार मंडार, जो पहले भी अपनी प्रशासनिक निपुणता के लिए प्रधानमंत्री से सम्मान प्राप्त कर चुके हैं, इस चुनौती को पूरी संजीदगी से संभाल रहे हैं।

बीते 40 दिनों से वह प्रतिदिन लगभग 22 घंटे तक काम कर रहे हैं ताकि हर छोटी-बड़ी व्यवस्था पर कड़ी निगरानी रखी जा सके। प्रयागराज रेलवे स्टेशन, जो इस दौरान सबसे व्यस्त स्थानों में से एक बन गया है, वहां भीड़ को सुव्यवस्थित रखने के लिए कई कदम उठाए गए हैं। सटीक दिशानिर्देश, अलग-अलग निकासी मार्ग, रियल-टाइम संचार व्यवस्था और प्रशासनिक अधिकारियों की तैनाती के चलते श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ रहा है।

इसके अलावा, पूरे शहर में अस्थायी चिकित्सा केंद्र, आपातकालीन सेवाएं, खाने-पीने की सुव्यवस्था और रहने की उचित व्यवस्थाओं पर भी ध्यान दिया जा रहा है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए प्रशासन द्वारा पर्याप्त संख्या में स्वच्छता केंद्र स्थापित किए गए हैं। रविंद्र कुमार मंडार खुद इन व्यवस्थाओं का लगातार जायजा ले रहे हैं और जहां जरूरत पड़ रही है, वहां तुरंत फैसले लेकर सुधार भी कर रहे हैं। महाकुंभ जैसे भव्य आयोजन को सफल बनाने में सिर्फ एक व्यक्ति की मेहनत ही नहीं, बल्कि एक मजबूत टीम की भूमिका भी अहम होती है।

पुलिस बल, सफाई कर्मचारी, चिकित्सा दल, स्वयंसेवक और अन्य प्रशासनिक अधिकारी—हर कोई अपने हिस्से की ज़िम्मेदारी निभा रहा है। हर किसी का एक ही लक्ष्य है कि श्रद्धालु यहां से एक सकारात्मक और सुरक्षित अनुभव लेकर लौटें। जैसे-जैसे महाकुंभ समाप्ति की और बढ़ रहा है, प्रयागराज प्रशासन की रणनीति और टीमवर्क की सराहना की जा रही है।

इस आयोजन ने यह दिखाया है कि सही नेतृत्व, ठोस योजना और समर्पित टीमवर्क के बल पर किसी भी बड़े आयोजन को सफलतापूर्वक संचालित किया जा सकता है। आने वाले दिनों में भी प्रशासन की चुनौती बनी रहेगी, लेकिन अब तक जो व्यवस्थाएं बनी हुई हैं, वह इसे अब तक का सबसे व्यवस्थित और सफल महाकुंभ बनाने की दिशा में आगे बढ़ा रही हैं।

***************************

 

दिल्ली सीएम ऑफिस से हटी बाबा साहेब और भगत सिंह की फोटो

आप ने कहा -भाजपा सिख-दलित विरोधी

नई दिल्ली ,24 फरवरी(Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। दिल्ली में आज से विधानसभा सत्र शुरू है. इस बीच सदन में विपक्ष की नेता आतिशी ने बीजेपी सरकार के ऊपर बड़ा आरोप लगाया है.

उसने दावा किया है कि विधानसभा में मुख्यमंत्री कार्यालय से बाबा साहेब और भगत सिंह की तस्वीर को हटा दिया गया है. वहीं, आम आदमी पार्टी ने बीजेपी को दलित विरोधी करार दिया है.

आप नेता आतिशी ने कहा कि बीजेपी की दलित विरोधी मानसिकता जगजाहिर है. आज बीजेपी ने अपनी असली मानसिकता का प्रमाण देश के सामने रख दिया है. दिल्ली सरकार ने हर कार्यालय में बाबा साहेब और भगत सिंह की फोटो लगाने का फैसला किया था.

3 महीने पहले बाबा साहेब और भगत सिंह की फोटो को लगाया गया था. उन्होंने विधानसभा में सीएम दफ्तर से बाबा साहेब और भगत सिंह की फोटो को हटा दिया है.

वहीं, आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने ट्वीट कर कहा, ‘दिल्ली की नई बीजेपी सरकार ने बाबा साहेब की फोटो हटाकर प्रधानमंत्री मोदी जी की फोटो लगा दी. ये सही नहीं है.

इससे बाबा साहेब के करोड़ों अनुयायियों को ठेस पहुंची है. मेरी बीजेपी से प्रार्थना है. आप प्रधानमंत्री जी की फोटो लगा लीजिए, लेकिन बाबा साहेब की फोटो तो मत हटाइए. उनकी फोटो लगी रहने दीजिए.

****************************

 

विदेशी ताकतों के साथ मिलकर देश और धर्म को कमजोर करने में लगा है नेताओं का एक वर्ग : पीएम मोदी

छतरपुर ,23 फरवरी(Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले में स्थित बागेश्वर धाम में प्रस्तावित कैंसर अस्पताल का शिलान्यास करने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि नेताओं का एक वर्ग ऐसा है जो लोगों को तोडऩे में लगा है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 218 करोड़ की लागत से लगभग 11 हेक्टेयर क्षेत्र में बनने वाले साइंस और रिसर्च सेंटर का शिलान्यास किया।

इस मौके पर उन्होंने कहा कि आजकल हम देखते हैं कि नेताओं का एक वर्ग ऐसा है जो धर्म का मखौल उड़ाता है, उपहास उड़ाता है और लोगों को तोडऩे में जुटा है। बहुत बार विदेशी ताकतें भी इन लोगों का साथ देकर देश और धर्म को कमजोर करने की कोशिश करते हुए दिखाई देते हैं।

उन्होंने आगे कहा कि हिंदू आस्था से नफरत करने वाले ये लोग सदियों से किसी न किसी भेष में रहते हैं। गुलामी की मानसिकता से घिरे हुए ये लोग हमारी मान्यताओं और मंदिरों पर, हमारे संत, संस्कृति और सिद्धांतों पर हमला करते रहते हैं। ये लोग हमारे पर्व, परंपराओं और प्रथाओं को गाली देते हैं। जो धर्म संस्कृति व स्वभाव से ही प्रगतिशील है, उस पर कीचड़ उछालने की हिम्मत दिखाते हैं। हमारे समाज को बांटना, उसकी एकता को तोडऩा ही इनका एजेंडा है।

बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की सराहना करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि धीरेंद्र शास्त्री काफी समय से देश में एकता के मंत्र को लेकर लोगों को जागरूक करते रहते हैं। अब उन्होंने समाज और मानवता के हित में एक निर्णय लिया है, इस कैंसर संस्थान के निर्माण की ठानी है। यानी अब बागेश्वर धाम में भजन, भोजन और निरोगी जीवन तीनों का आशीर्वाद मिलेगा। हमारे मंदिर, मठ, धाम एक ओर पूजन और साधना के केंद्र रहे हैं तो दूसरी ओर विज्ञान और सामाजिक चिंतन, सामाजिक चेतना के भी केंद्र रहे हैं।

प्रयागराज में चल रहे महाकुंभ की चर्चा करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि महाकुंभ की हर तरफ चर्चा हो रही है। महाकुंभ अब पूर्णता की ओर है, अब तक करोड़ों लोग वहां पहुंच चुके हैं। करोड़ों लोगों ने आस्था की डुबकी लगाई है, संतों के दर्शन किए हैं। अगर इस महाकुंभ की तरफ नजर करें तो सहज ही अहसास हो जाता है कि यह एकता का महाकुंभ है। यह 144 साल बाद हुआ। यह महाकुंभ एकता के महाकुंभ के रूप में प्रेरणा देता रहेगा।

 

******************************

 

एआई डाउनलोड्स में चीन और अमेरिका से भी आगे निकला भारत: वित्त मंत्री

कोट्टायम ,23 फरवरी(Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने भारत में इनोवेशन की तेज गति और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) को अपनाने में देश की स्थिति पर प्रकाश डालते हुए कहा कि भारत एआई डाउनलोड्स में चीन और अमेरिका से भी आगे निकला गया है।

वित्त मंत्री ने आईआईआईटी कोट्टायम के दीक्षांत समारोह में अपने संबोधन में माइक्रोसॉफ्ट के सीईओ सत्य नडेला के उस बयान जिक्र किया, जिसमें उन्होंने भारत को एआई के उपयोग की राजधानी बताया था।

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि यह एक बहुत बड़ा बयान है क्योंकि इसका मतलब है कि हम सिर्फ एआई के बारे में बात नहीं कर रहे हैं या केवल एआई में शोध नहीं कर रहे हैं, बल्कि हम इसे बड़े पैमाने पर लागू कर रहे हैं।

भारत द्वारा तेजी से एआई को अपनाने को लेकर वित्त मंत्री ने कहा कि 2024 में देश में एआई से जुड़े हुए 3 अरब ऐप डाउनलोड हुए थे। यह आंकड़ा अमेरिका के 1.5 अरब और चीन के 1.3 अरब से काफी अधिक है।

वित्त मंत्री ने आगे कहा कि हम न केवल आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) को अपनाने में अग्रणी हैं बल्कि हम यह भी आकार दे रहे हैं कि एआई को कैसे नियंत्रित किया जाए।

उन्होंने कहा कि पेरिस में हाल ही में एआई एक्शन समिट में (जिसकी भारत ने फ्रांस के साथ सह-अध्यक्षता की थी) प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि एआई सिर्फ एक राष्ट्रीय मुद्दा नहीं बल्कि एक वैश्विक जिम्मेदारी है। हमें एक ऐसे एआई की जरूरत है जो नैतिक, समावेशी और भरोसेमंद हो।

उन्होंने आगे बताया कि ग्लोबल इनोवेशन इंडेक्स में भारत की रैंक 2015 में 81वें स्थान से बढ़कर 2024 में 39वें स्थान पर पहुंच गई है।
इसके अलावा वित्त मंत्री ने कहा कि भारत का पेटेंट-टू-जीडीपी रेश्यो 2013 में 144 से बढ़कर 2023 में 381 हो गया है। यह दिखाता है कि देश में बीते दस वर्षों में पेटेंट की संख्या में काफी बढ़ोतरी हुई है।

*****************************

 

श्रीसैलम टनल में फंसे झारखंड के चार कामगार

सीएम बोले- हर पल ले रहे रेस्क्यू की जानकारी

रांची ,23 फरवरी(Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। तेलंगाना के श्रीसैलम में निर्माणाधीन टनल की छत का एक हिस्सा ढहने से फंसे आठ लोगों में चार झारखंड के गुमला जिले के रहने वाले हैं। शनिवार को इसकी जानकारी मिलने के बाद चारों मजदूरों के घरों में कोहराम मच गया है। परिजनों को रो-रोकर बुरा हाल है।

झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के निर्देश के बाद स्थानीय प्रशासन के अफसरों ने मजदूरों के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें भरोसा दिलाया है कि मजदूरों को सुरक्षित निकालने के लिए चल रहे रेस्क्यू ऑपरेशन पर राज्य की सरकार की निगाह है। सुरंग में फंसे मजदूरों में गुमला सदर थाना क्षेत्र के तिर्रा गांव निवासी संतोष साहू, घाघरा थाना क्षेत्र के खंभिया कुंबा टोली निवासी अनुज साहू, रायडीह थाना क्षेत्र के कोबी टोली गांव निवासी जगता खेस और पालकोट थाना क्षेत्र के उम्दा नकटी टोली गांव निवासी संदीप साहू शामिल हैं।

गुमला के श्रमिक निर्मल साहू, बॉबी साहू और जुआरी साहू उन लोगों में हैं, जो हादसे के ठीक पहले टनल से बाहर निकलने में सफल रहे। इन्हीं श्रमिकों ने सबसे पहले अपने साथियों के घर वालों को हादसे की सूचना दी। संदीप साहू पिछले साल मजदूरी करने के लिए तेलंगाना गए थे। संदीप के साथ काम करने वाले निर्मल साहू ने शनिवार को उनकी पत्नी संतोषी देवी को घटना की जानकारी दी।

इसके बाद से संतोषी देवी, बेटा ऋषभ, बेटी रीमा और राधिका की आंखों के आंसू नहीं थम रहे। इसी तरह संतोष साहू की बेटियां राधिका कुमारी और रीमा कुमारी भी रो-रोकर बेहाल हैं। राधिका ने कहा कि शनिवार शाम को हमें फोन से घटना की जानकारी मिली। सरकार से आग्रह है कि मेरे पिता सहित सभी लोगों को सुरक्षित निकाला जाए। घाघरा के अनुज साहू दो माह पूर्व काम करने गए थे। उनके घर वाले भी परेशान हैं।

झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने तेलंगाना के सीएम रेवंत रेड्डी से आग्रह किया है कि श्रमिकों को सुरक्षित निकालने के लिए हरसंभव कदम उठाए जाएं। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार के अधिकारी तेलंगाना सरकार के साथ समन्वय स्थापित कर पल-पल की जानकारी ले रहे हैं। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा है, सभी श्रमिक सुरक्षित बाहर निकाल लिए जाएं, मरांग बुरु से यही प्रार्थना है।

*****************************

 

केवाईसी नियमों का पालन करने के बावजूद क्रिप्टो इंडस्ट्री को सीकेवाईसी एक्सेस क्यों नहीं?

भारतीय नागरिकों की सुरक्षा, अनुपालन और पारदर्शिता के लिए क्रिप्टो एक्सचेंज को सीकेवाईसी  एक्सेस मिलना जरूरी

नई दिल्ली, 23 फरवरी (एजेंसी)। भारत में क्रिप्टो इंडस्ट्री तेजी से विकास कर रही है, लेकिन नियामकीय असमानताएं अब भी एक बड़ी चुनौती बनी हुई हैं। क्रिप्टो एक्सचेंज और वॉलेट सेवा प्रदाताओं को ‘प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट’ (धन शोधन निवारण अधिनियम), 2002 के तहत नाऊ योर कस्टमर (अपने ग्राहक को जानें ) नियमों का पालन करना अनिवार्य है। इन्हें उपयोगकर्ताओं की पहचान सत्यापित करनी होती है, सभी लेनदेन का रिकॉर्ड रखना होता है और संदिग्ध गतिविधियों की रिपोर्ट फाइनेंशियल इंटेलिजेंस यूनिट – इंडिया (एफआईयू -आईएनडी) को भेजनी होती है।

इसके बावजूद, इन प्लेटफॉर्म्स को सेंट्रल केवाईसी (सीकेवाईसी) प्रणाली में शामिल नहीं किया गया है, जिससे उनके लिए केवाईसी प्रक्रिया जटिल और महंगी हो जाती है।सेंट्रल केवाईसी रजिस्ट्री एक सरकारी डेटाबेस है, जो वित्तीय संस्थानों को ग्राहकों की केवाईसी जानकारी को एक ही स्थान से वेरिफाई करने की सुविधा देता है।

इससे न केवल समय की बचत होती है, बल्कि सुरक्षा और दक्षता भी बढ़ती है। वर्तमान में, सीकेवाईसी तक पहुंच सिर्फ उन्हीं वित्तीय संस्थानों को दी जाती है, जो भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई), भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (सेबी), बीमा नियामक एवं विकास प्राधिकरण (आईआरडीआई) और पेंशन फंड नियामक एवं विकास प्राधिकरण ( पीएफआरडीए ) द्वारा विनियमित हैं। हालांकि, क्रिप्टो प्लेटफॉर्म्स को भी  पीएमएलए के तहत ‘रिपोर्टिंग एंटिटी’ माना जाता है, फिर भी उन्हें इस सुविधा से बाहर रखा गया है।

सीकेवाईसी एक्सेस न होने के कारण क्रिप्टो प्लेटफॉर्म्स को उपयोगकर्ताओं की पहचान मैन्युअली वेरिफाई करनी पड़ती है, जिससे प्रक्रिया धीमी और महंगी हो जाती है। पारंपरिक वित्तीय संस्थानों को जहां मजबूत केवाईसी और धोखाधड़ी रोकने वाले टूल्स मिलते हैं, वहीं क्रिप्टो प्लेटफॉर्म्स को ये सुविधाएं नहीं दी जातीं।

इससे न केवल उनकी संचालन लागत बढ़ती है, बल्कि धोखाधड़ी रोकने की उनकी क्षमता भी सीमित हो जाती है। भारत ने फिनटेक के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है, लेकिन क्रिप्टो इंडस्ट्री को पारंपरिक वित्तीय संस्थानों से अलग रखने की नीति इस क्षेत्र की वृद्धि में रुकावट डाल रही है।

केवाईसी नियमों को एकीकृत करने के लिए पूर्व वित्त सचिव टी.वी. सोमनाथन की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय समिति गठित की गई थी। लेकिन अब तक इस चर्चा में क्रिप्टो एक्सचेंज जैसे वर्चुअल एसेट सर्विस प्रोवाइडर्स ( भीएएसपी ) को शामिल नहीं किया गया है। क्रिप्टो उद्योग किसी विशेष रियायत की मांग नहीं कर रहा, बल्कि मौजूदा नियामक ढांचे तक समान और निष्पक्ष पहुंच चाहता है।

यदि सभी वित्तीय संस्थाओं, जिनमें भीडीए  भी शामिल हैं, को एक जैसे अनुपालन मानकों के तहत लाया जाए, तो यह प्रणाली अधिक पारदर्शी और प्रभावी बन सकती है। क्रिप्टो प्लेटफॉर्म को सीकेवाईसी तक पहुंच देने से न केवल नियामकों बल्कि व्यवसायों और उपयोगकर्ताओं को भी लाभ मिलेगा। इससे क्रिप्टो कंपनियां बैंकों और अन्य वित्तीय संस्थानों की तरह ही  एएमसी  और केवाईसी मानकों का पालन कर सकेंगी, जिससे अधिक पारदर्शिता सुनिश्चित होगी।

साथ ही, उपयोगकर्ताओं के लिए ऑनबोर्डिंग प्रक्रिया आसान होगी और सुरक्षा एवं निगरानी मजबूत होने से उपभोक्ताओं का विश्वास भी बढ़ेगा। पर बेहतर निगरानी रख सकेंगी और मनी लॉन्ड्रिंग व धोखाधड़ी को रोकने में अधिक प्रभावी साबित होंगी। भारत का क्रिप्टो इकोसिस्टम अभी विकसित हो रहा है, लेकिन इसे एक मजबूत और पारदर्शी नियामकीय व्यवस्था की जरूरत है।

यदि सरकार क्रिप्टो प्लेटफॉर्म्स को सीकेवाईसी प्रणाली में शामिल करती है, तो इससे न केवल मनी लॉन्ड्रिंग रोधी (एएमएल ) उपायों को मजबूती मिलेगी, बल्कि क्रिप्टो को लेकर लोगों का विश्वास भी बढ़ेगा। सरकार को चाहिए कि वह एक निष्पक्ष और समावेशी नीति अपनाए, ताकि नवाचार को बढ़ावा मिले और भारत का डिजिटल एसेट सेक्टर पूरी दुनिया में आगे बढ़ सके।

*************************

 

भारत में पेट्रोल-डीजल होगा सस्ता, केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी ने दिया ये बड़ा संकेत

नई दिल्ली 22 Feb, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी): देश में लंबे समय से लोगों की चली आ रही पेट्रोल-डीजल और गैस की कीमतों में कमी करने की मांग जल्द पूरी हो सकती है। केंद्रीय पेट्रोलियम और प्रकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा है कि आने वाले समय में इन ईंधनों की कीमतों में कमी हो सकती है।

उन्होंने बताया कि अमेरिका समेत अन्य देशों में तेल का उत्पादन बढाने की योजना बनाई जा रही है, जिससे वैश्विक बाजार में ईंधन की कीमतें घट सकती हैं और महंगाई पर भी काबू पाया जा सकता है।

मंत्री पुरी का कहना है कि अमेरिका में तेल उत्पादन बढाने के लिए पहले ही कदम उठाए जा चुके हैं। अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का कहना था ड्रिल, बेबी, ड्रिल यानी ज्यादा तेल निकालने का काम किया जाएगा।

अब भी अमेरिका का उद्देश्य है कि अंतरराष्ट्रीय तेल की कीमतों को घटाया जाए। उन्होंने बताया कि जब तेल और गैस का उत्पादन बढ़ेगा, तो इससे बाजार में तेल की आपूर्ति भी बढ़ेगी और कीमतों में कमी आ सकती है।

केंद्रीय मंत्री ने यह भी कहा कि भारत का प्रमुख लक्ष्य यही है कि कम कीमतों पर पर्याप्त तेल की खरीदारी की जाए ताकि देश की अर्थव्यवस्था पर बोझ कम किया जा सके।

पुरी ने यह भी स्पष्ट किया कि तेल की खरीदारी में डॉलर का इस्तेमाल खत्म करने का कभी कोई उद्देश्य नहीं था। उन्होंने कहा कि ज्यादातर व्यापार डॉलर में होता है और यह भविष्य में भी ऐसा ही रहेगा।

इसके साथ ही उन्होंने भरोसा जताया कि भारत ने अमेरिका के नए राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन के साथ संपर्क स्थापित किया है, और दोनों देशों के बीच ऊर्जा के क्षेत्र में संबंध और मजबूत होंगे।

पुरी ने कहा कि भारत अब 40 देशों से तेल आयात करता है। जिनमें अर्जेंटीना भी शामिल है। चूंकि अब दुनिया में तेल की पर्याप्त आपूर्ति है, तेल उत्पादक देशों को अपने उत्पादन को लेकर पुनर्विचार करना पड़ेगा, जिससे वैश्विक बाजार में तेल की कीमतों में और कमी आ सकती है।

*****************************

 

सीएम रेखा गुप्ता ने पीएम मोदी से की मुलाकात

दिल्ली की बेटी को जिम्मेदारी सौंपने का जताया आभार

नई दिल्ली ,22 फरवरी(Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से उनके आवास पर मुलाकात की, जबकि उनके कैबिनेट मंत्रियों ने सड़क पर उतरकर गड्ढों वाली सड़कों की मरम्मत और शहर भर में लंबित परियोजनाओं को परखा।

दिल्ली की सत्ता संभालने के बाद रेखा गुप्ता की पीएम मोदी से पहली मुलाकात है। इस दौरान इन दोनों नेताओं ने दिल्ली के विकास पर चर्चा की।

उनके एक सहयोगी ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी से मुलाकात के दौरान, सीएम गुप्ता ने दिल्ली की बेटी को लोगों की सेवा करने का मौका देने के लिए धन्यवाद दिया।

पीएम के आवास के लिए रवाना होने से पहले, सीएम गुप्ता ने सुबह शालीमार बाग में अपने घर की पहली मंजिल की बालकनी से अपने शुभचिंतकों का अभिवादन किया।

सीएम गुप्ता ने घोषणा की कि पीएम मोदी से मिल कर वो शहर की सभी महिलाओं और बेटियों की ओर से शहर की सेवा के लिए दिल्ली की बेटी को चुनने के लिए आभार व्यक्त करेंगी।

जय श्री राम और भारत माता की जय के नारों के साथ उन्होंने संबोधन समाप्त किया।

बाद में, मुख्यमंत्री ने बुनियादी ढांचे में सुधार के लिए पीडब्ल्यूडी विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक की और दिल्ली में खोदी गई सड़कों, क्षतिग्रस्त सड़कों और यातायात संबंधित मुद्दों पर चर्चा की और सुधार के निर्देश दिए।

पीडब्ल्यूडी मंत्री प्रवेश वर्मा ने बारापुला चरण-3 परियोजना का निरीक्षण किया। दक्षिण पूर्वी दिल्ली में सराय काले खां के पास पत्रकारों से बात करते हुए वर्मा ने कहा कि उन्होंने दिल्ली की सड़कों पर अतिक्रमण हटाने के लिए सख्त निर्देश भी जारी किए हैं।

********************************

 

उत्तराखंड – सीएजी रिपोर्ट ने खोल दी पोल, पैसा था वन संरक्षण के लिए

 खरीदी गई लैपटॉप-टैबलेट के साथ कई अन्य चीजें

नई दिल्ली ,22 फरवरी (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। उत्तराखंड विधानसभा के बजट सत्र से दौरान सदन में सीएजी की रिपोर्ट पेश की गई। इस रिपोर्ट में बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितताओं का खुलासा हुआ है। रिपोर्ट में बजट की भारी गड़बड़ी सामने आई है, जिसमें करोड़ों रुपये का दुरुपयोग और गलत तरीके से रकम को खर्च करने के मामले सामने आए हैं।

इस रिपोर्ट में वन संरक्षण के लिए खर्च किए गए फंड में गड़बड़ी देखने को मिल रही है। रिपोर्ट के अनुसार, वन विभाग द्वारा वन संरक्षण के लिए निर्धारित फंड का इस्तेमाल लैपटॉप, टैबलेट, आईफोन, फ्रीज और ऑफिस के लिए सजावट के सामान खरीदने में किया गया। यह रकम करोड़ों रुपये में थी, जो इस उद्देश्य के लिए निश्चित रूप से अनुचित तरीके से खर्च की गई।

2022 के रिकॉर्ड की जांच में कई ऐसे उदाहरण सामने आए हैं, जहां कैंपा (प्रतिपूरक वनरोपण निधि प्रबंधन एवं योजना प्राधिकरण) फंड का इस्तेमाल वनीकरण कार्यों के बजाय अन्य कामों के लिए किया गया।

कैंपा को मिलने वाली फंड का उपयोग एक साल के भीतर करना होता है, लेकिन रिपोर्ट में यह तथ्य सामने आया कि 37 मामलों में इन फंड का उपयोग करने में 8 साल का समय लग गया।

इसके अलावा, केंद्र सरकार ने सड़क, पावर लाइन, वाटर सप्लाई लाइन, रेलवे और ऑफ रोड लाइन के लिए औपचारिक सहमति दी थी, लेकिन इसके बावजूद डिवीजनल फॉरेस्ट अफसर (डीएफओ) की मंजूरी नहीं ली गई थी। 2017 से 2022 के बीच 52 मामलों में डीएफओ की मंजूरी की अनदेखी की गई थी।

सीएजी की रिपोर्ट में यह भी उल्लेख किया गया कि जापान इंटरनेशनल कोऑपरेशन एजेंसी (जेआईसीए) परियोजना के तहत 56.97 लाख रुपये का दुरुपयोग किया गया, जबकि यह पैसा किसी अन्य उद्देश्य के लिए था। इसके अलावा, अल्मोड़ा कार्यालय में बिना मंजूरी के सोलर फेंसिंग पर 13.51 लाख रुपये खर्च किए गए।

रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि जन जागरूकता अभियान के लिए निर्धारित 6.54 लाख रुपये का उपयोग मुख्य वन संरक्षक, सतर्कता और कानूनी प्रकोष्ठ के लिए ऑफिस बनाने पर किया गया। इसके अलावा, 13.86 करोड़ रुपये का दुरुपयोग अन्य विभागीय परियोजनाओं में किया गया, जिसमें टाईगर सफारी परियोजनाएं, कानूनी शुल्क, व्यक्तिगत यात्रा और आईफोन, लैपटॉप, फ्रिज, और कार्यालय आपूर्ति जैसी वस्तुओं की खरीद शामिल थी।

सीएजी रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि 2017 से 2022 तक हुए वृक्षारोपण में से करीब 33 फीसदी पौधे ही जिंदा रह पाए। यह वन अनुसंधान संस्थान द्वारा निर्धारित पौधों के जीवित रहने की दर 60-65 फीसदी से कम है।

इसके कई परिणाम सामने आए हैं। सबसे पहले, वृक्षारोपण खड़ी और चट्टानी ढलानों पर किया गया, जिसके कारण पेड़ों का जीवित रहना मुश्किल हो गया। इसके अलावा, क्षेत्र में मौजूद बड़े देवदार के पेड़ों ने नए वृक्षारोपण के विकास में रुकावट पैदा की।

साथ ही, सुरक्षात्मक उपायों के अभाव में मवेशियों और मानवीय गतिविधियों से भी काफी नुकसान हुआ। इन सबके बावजूद, वनीकरण परियोजनाओं पर 22.08 लाख की राशि खर्च की गई, लेकिन फिर भी अपेक्षित परिणाम हासिल नहीं हो सके।

इस सीएजी रिपोर्ट में 2013 के पहले के ऑडिट का भी हवाला दिया गया है। जिसमें 2006 और 2012 के बीच भी इसी तरह के कुप्रबंधन हुए थे जिसको उजागर किया गया था।

इसमें बताया गया है कि तब प्रतिपूरक वनरोपण शुल्क के रूप में 212.28 करोड़ रुपये वसूल नहीं किए गए। वहीं इस रिपोर्ट में इस बात का भी जिक्र है कि अस्वीकृत परियोजनाओं पर 2.13 करोड़ रुपये खर्च किए गए, जबकि स्वीकृत सीमा से परे 3.74 करोड़ रुपये खर्च किए गए थे।

वहीं प्रधान सचिव के आवास के जीर्णोद्धार, सरकारी क्वार्टरों के रखरखाव और वाहन खरीद जैसे गैर-पर्यावरणीय खर्चों पर 12.26 करोड़ रुपये खर्च किए गए थे।

इसके साथ ही रिपोर्ट में यह भी शामिल है कि बजट बैठकों के लिए लंच और कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के लिए 35 लाख रुपये के जश्न समारोह सहित अनावश्यक खर्चों पर 6.14 करोड़ रुपये खर्च किए गए।

रिपोर्ट की मानें तो वर्षवार कुल गैर जरूरी खर्च इस प्रकार थे। जिसमें 2019-20 में 2,31,37,184 रुपए, 2020-21 में 7.96 करोड़ से ज्यादा रुपए 2021-22 में 3.58 करोड़ से ज्यादा रुपए और इस तरह कुल मिलाकर 13.86 करोड़ से ज्यादा की राशि गैर जरूरी खर्च किए गए।

रिपोर्ट में सरकारी अस्पतालों में एक्सपायर हो चुकी दवाओं के वितरण पर भी चिंता जताई गई है। रिपोर्ट की मानें तो कम से कम तीन सरकारी अस्पतालों में 34 एक्सपायर हो चुकी दवाओं का स्टॉक था। इनमें से कुछ दवाएं दो साल से पहले ही खराब हो गई थी।

*****************************

 

24 फरवरी से दिल्ली विधानसभा का सत्र शुरू

70 नवनिर्वाचित विधायक लेंगे शपथ

नई दिल्ली ,22 फरवरी(Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। हाल ही में संपन्न दिल्ली विधानसभा चुनाव में जीत हासिल करने वाले सभी 70 नवनिर्वाचित विधायक 24 फरवरी से शुरू हो रही दिल्ली विधानसभा के पहले सत्र में सदस्य के तौर पर शपथ लेंगे। यह सत्र 24 फरवरी से शुरू होकर 27 फरवरी तक चलेगी। तीन दिवसीय सत्र में विधानसभा अध्यक्ष-उपाध्यक्ष का चुनाव भी किया जाएगा।

24 फरवरी (सोमवार) को सुबह 11 बजे नई विधानसभा का पहला सत्र शुरू होगा। इस दौरान नवनिर्वाचित विधायकों को प्रोटेम स्पीकर अरविंदर सिंह लवली शपथ दिलाएंगे। दिल्ली के उपराज्यपाल वीके सक्सेना के निर्देश पर लवली को प्रोटेम स्पीकर नियुक्त किया गया है।

जब तक विधानसभा अध्यक्ष और उपाध्यक्ष का चुनाव नहीं हो जाता, वह प्रोटेम स्पीकर के तौर पर जिम्मेदारी संभालेंगे।

24 फरवरी को दोपहर 2 बजे विधानसभा स्पीकर का चुनाव किया जाएगा।

25 फरवरी को विधानसभा के इस सत्र में उपराज्यपाल वीके सक्सेना का अभिभाषण होगा। इसके बाद विधानसभा के पटल पर सीएजी रिपोर्ट रखी जाएगी। एलजी के अभिभाषण पर मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता धन्यवाद प्रस्ताव पेश करेंगी।

27 फरवरी को सदन में उपराज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा की जाएगी। इसके बाद विधानसभा के उपाध्यक्ष का चुनाव किया जाएगा।

बता दें कि जो सदस्य 24 फरवरी को शपथ लेने में असमर्थ हैं, वे बाद में विधान सभा की किसी भी बैठक में सचिव को सुबह 11 बजे तक तक सूचना देकर शपथ ले सकेंगे।

इसके अलावा तय तिथि के अनुसार ही विधानसभा की बैठकें चलेंगी, जब तक कि विधानसभा अध्यक्ष अन्य कोई निर्देश न दें।

ज्ञात हो कि आठवीं विधानसभा के पहले सत्र में 25 फरवरी को दिल्ली की भाजपा सरकार सीएजी रिपोर्ट पेश कर अपने उस वादे को पूरा करेगी, जो दिल्ली विधानसभा चुनाव के दौरान भाजपा ने किया था। दिल्ली में आम आदमी पार्टी की सरकार के दौरान विपक्ष में बैठी भाजपा ने मांग की थी कि सीएजी रिपोर्ट को पेश किया जाए। लेकिन, रिपोर्ट पेश नहीं की गई थी।

दूसरी ओर मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की अगुवाई में पहली कैबिनेट की बैठक में सीएजी रिपोर्ट पर चर्चा हुई थी। इस दौरान 14 सीएजी रिपोर्ट को विधानसभा के पटल पर प्रस्तुत करने की योजना बनाई गई थी। दिल्ली की भाजपा सरकार ने इस दौरान दिल्ली में आयुष्मान भारत योजना को भी मंजूरी दी थी।

***************************

 

AI की रेस में एलन मस्क ने भी रखा कदम

लॉन्च किया दुनिया का सबसे पावरफुल एआई Grok 3

नई दिल्ली 19 Feb,(एजेंसी) – दुनिया के सबसे अमीर शख्स और अमेरिका के बड़े कारोबारी एलन मस्क ने नया एआई चैटबॉट Grok 3 लॉन्च कर दिया है। एलन मस्क ने इसे दुनिया का सबसे स्मार्ट एआई बताया है। बता दें कि Grok 3 का सीधा मुकाबला चाइनीज DeepSeek और ChatGPT से होगा।

एलन मस्क एआई चैटबॉट Grok 3

एलन मस्क ने हाल ही में एक्स पर पोस्ट करते हुए Grok 3 के लॉन्च होने की घोषणा की थी, जिसके बाद अब एलन मस्क द्वारा नया एआई चैटबॉट Grok 3 लॉन्च कर दिया गया है। एआई चैटबॉट Grok 3 का इस्तेमाल पहले केवल एक्स के प्रीमियम यूजर्स कर पाएंगे। इसके लिए यूजर्स को एक्स को अपडेट करना होगा।

इसके अलावा एआई चैटबॉट Grok 3 के इस्तेमाल के लिए अलग से सब्सक्रिप्शन लॉन्च भी किए जाएंगे। दावा किया जा रहा है कि एआई चैटबॉट Grok 3 अबतक का सबसे स्मार्ट एआई होने वाला है, जिसे एक लाख Nvidia GPU की मदद से ट्रेनिंग दी गई है।

एलन मस्क ने बताया कि Grok 3 AI में वॉइस इंटरैक्शन फीचर पर काम किया जा रहा है, जिससे रियल टाइम बातचीत के लिए भी एक टूल मिलेगा। इस एआई के कई फीचर्स पर अभी काम किया जा रहा है।

मस्क ने यह भी बताया कि कंपनी ने अपने चैटबॉट का नाम ‘Grok’ क्यों रखा। उन्होंने कहा, “यह शब्द रॉबर्ट हेनलेन के उपन्यास ‘स्ट्रेंजर इन अ स्ट्रेंज लैंड’ से लिया गया है। इसमें यह शब्द मंगल ग्रह पर पले-बढ़े एक पात्र द्वारा इस्तेमाल किया जाता है, जिसका मतलब होता है किसी चीज़ को पूरी तरह से और गहराई से समझना।

” डेमो इवेंट में करीब 1 लाख लोग शामिल हुए। xAI ने बेंचमार्क दिखाए, जिसमें ग्रोक 3 ने विज्ञान, कोडिंग और गणित में जेमिनी 2 प्रो, डीपसीक वी3 और चैटGPT को पीछे छोड़ दिया। उन्होंने आगे कहा कि ‘ग्रोक’ शब्द गहरी समझ को दर्शाता है और “सहानुभूति इसका एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।”

आपको बता दें कि एलन मस्क का यह एआई चैटबॉट Grok 3 केवल 8 महीनों में तैयार किया गया है। इसे सिंथेटिक डेटाशीट पर मशीन लर्निंग टेक्निक जैसे रिइंफोर्समेंट लर्निंग की मदद से ट्रेनिंग दी गई है।

********************************

 

मल्लिकार्जुन खडग़े ने मतदाता सूची में हेरफेर का उठाया मुद्दा

भाजपा पर लगाए आरोप

नई दिल्ली ,19 फरवरी(Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खडग़े ने बुधवार को विभिन्न राज्यों में चुनावों से पहले भारतीय जनता पार्टी द्वारा मतदाता सूची में हेरफेर का मुद्दा उठाया।

एआईसीसी महासचिवों और प्रभारियों की बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि विभिन्न राज्यों के प्रभारी संगठन और संबंधित राज्यों में चुनावी प्रदर्शन के लिए जवाबदेह होंगे।

उन्होंने महासचिवों और प्रभारियों से कहा, मैं आपको जवाबदेही के बारे में एक बहुत महत्वपूर्ण बात बताना चाहूंगा। आप सभी अपने प्रभार वाले राज्यों के संगठन और भविष्य के चुनाव परिणामों के लिए जवाबदेह होंगे।

मतदाता सूची में हेरफेर का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा, यह चुनावों में बड़े पैमाने पर हो रहा था और राहुल गांधी ने इस मुद्दे को लोकसभा में भी उठाया था। इस धांधली को हर कीमत पर रोकना होगा।

उन्होंने बताया कि कैसे कांग्रेस समर्थकों के नाम मतदाता सूची से हटा दिए गए या अंतिम समय में नाम हटाकर दूसरे मतदान केंद्र में जोड़ दिए गए। उन्होंने भाजपा पर चुनाव से ठीक पहले नए नाम जोडऩे का आरोप लगाया।

कांग्रेस अध्यक्ष ने भारत के मुख्य न्यायाधीश को चुनाव आयुक्तों की चयन समिति से बाहर कर सरकार द्वारा मुख्य चुनाव आयुक्त की चयन प्रक्रिया में हेरफेर का भी जिक्र किया।

उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश से मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) की चयन समिति में मुख्य न्यायाधीश को भी शामिल किया गया था, लेकिन मोदी सरकार ने उन्हें भी हटा दिया। सरकार को देश के मुख्य न्यायाधीश की निष्पक्षता पर भी भरोसा नहीं है।

उन्होंने अमेरिका की यात्रा के दौरान देश के व्यापार और व्यावसायिक हितों की रक्षा करने में विफल रहने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आलोचना की।

खडग़े ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी भारत के व्यापार और व्यावसायिक हितों की रक्षा करने में विफल रहे हैं। प्रधानमंत्री ने भारतीय वस्तुओं पर अमेरिका द्वारा शुल्क लगाए जाने का विरोध नहीं किया।

वे हम पर घाटे का सौदा थोप रहे हैं, जिसे हमारी सरकार चुपचाप स्वीकार कर रही है। यह स्पष्ट रूप से भारत और उसके लोगों का अपमान है। अमेरिका आर्थिक मामलों में भी हमें गहरा नुकसान पहुंचा रहा है।

उन्होंने संविधान बचाओ अभियान का जिक्र करते हुए कहा कि यह अगले एक साल तक जारी रहेगा। इस अभियान के तहत पदयात्रा, संवाद और नुक्कड़ सभाएं जैसी गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं। ऐसे हर कार्यक्रम का उद्देश्य संगठन को मजबूत करना है।

कांग्रेस अध्यक्ष ने दिल्ली में पार्टी के प्रदर्शन का जिक्र करते हुए कहा कि संसाधनों की कमी के बावजूद उम्मीदवारों, कार्यकर्ताओं और नेताओं ने अपना सर्वश्रेष्ठ दिया और बदलाव का माहौल बनाया।

अगले पांच वर्षों के लिए हमारा प्रयास सार्वजनिक मुद्दों पर लगातार संघर्ष और जन आंदोलनों का नेतृत्व करके मुख्य विपक्ष के रूप में खुद को स्थापित करना होगा।

*******************************

 

बीएसएफ ने 1.48 करोड़ के सोने के साथ भारतीय तस्कर को पकड़ा

बंगाल के नदिया में भारत-बांग्लादेश सीमा पर

नदिया ,19 फरवरी (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। पश्चिम बंगाल के नदिया में भारत-बांग्लादेश अंतर्राष्ट्रीय सीमा पर सोने की तस्करी के एक बड़े प्रयास को सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के जवानों ने नाकाम कर दिया। जवानों ने बांग्लादेश से भारत में तस्करी की कोशिश कर रहे एक भारतीय को चार सोने की छड़ें, पांच सोने के बिस्कुट और एक छोटे सोने के टुकड़े के साथ गिरफ्तार किया।

बीएसएफ की 32वीं बटालियन के जवानों को गुप्त सूत्रों से सूचना मिली थी कि नदिया के बानपुर गांव से तस्करों का एक समूह बांग्लादेश से सोने की तस्करी करने की फिराक में है। इस सूचना के आधार पर जवानों ने बानपुर सीमा क्षेत्र में जाल बिछाया। वे बाड़ के पास छिप गए और तस्करों का इंतजार करने लगे। कुछ देर बाद जवानों ने सीमावर्ती गांव फुलबारी (बानपुर) से एक संदिग्ध भारतीय तस्कर को आते देखा। संदिग्ध व्यक्ति अंतर्राष्ट्रीय सीमा पर पहुंचा और बांग्लादेश से आए दो पैकेट उठा लिए।

जैसे ही वह पैकेट लेकर वापस जाने लगा, जवानों ने उसे घेर लिया और रुकने का आदेश दिया। खुद को घिरा देखकर तस्कर ने भागने की कोशिश की। जवानों ने तस्कर को रोकने के लिए सुरक्षित जगह पर पीएजी (गैर-घातक गोला-बारूद) से एक राउंड फायर किया। चेतावनी की आवाज सुनकर संदिग्ध घबरा गया और बीएसएफ के जवानों ने उसे तुरंत पकड़ लिया।

जवानों ने तस्कर के पास से दो छोटे पैकेट बरामद किए। उनमें 4 सोने की छड़ें, 5 सोने के बिस्किट और एक छोटा सोने का टुकड़ा था। जब्त किए गए सोने का कुल वजन लगभग 1.745 किलोग्राम है, जिसकी अनुमानित कीमत 1,48,93,575 टका (बांग्लादेशी टका) है। गिरफ्तार तस्कर को जब्त किए गए सोने के साथ आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए संबंधित अधिकारियों को सौंप दिया गया है।

बीएसएफ साउथ बंगाल बॉर्डर के डीआईजी और जनसंपर्क अधिकारी एन.के. पांडे ने कहा कि बीएसएफ तस्करी और अवैध घुसपैठ को रोकने के लिए लगातार सख्त कदम उठा रही है। उन्होंने जवानों की सराहना की और इस बात पर जोर दिया कि यह सफल ऑपरेशन सीमा सुरक्षा और तस्करी विरोधी उनकी अटूट प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

*****************************

 

हर समय हर वक्त सच के साथ

Exit mobile version