रुपये में तेजी जारी, डॉलर के मुकाबले 3 महीने के उच्चतम स्तर पर पहुंचा

नई दिल्ली ,04 अपै्रल (एजेंसी)। डॉलर के मुकाबले रुपये में तेजी का दौर जारी है। शुक्रवार को यह 85 के नीचे पहुंच गया, जो कि अमेरिकी मुद्रा के खिलाफ तीन महीने का सबसे उच्चतम स्तर है।

कारोबारी सत्र की शुरुआत में डॉलर के मुकाबले रुपया 85.04 पर खुला और शुरुआती कारोबार में ही यह 84.99 पर पहुंच गया है, जो पिछले सत्र में डॉलर के मुकाबले रुपया की क्लोजिंग 85.44 से 40 पैसे अधिक है।

डॉलर के मुकाबले रुपये में तेजी की वजह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से लगाए गए रेसिप्रोकल टैरिफ से डॉलर के कमजोर होने और कच्चे तेल में गिरावट को माना जा रहा है।

ट्रंप द्वारा टैरिफ के ऐलान के बाद से दुनिया के छह बड़े देशों की मुद्रा के खिलाफ अमेरिकी मुद्रा की मजबूती दर्शाने वाले डॉलर इंडेक्स में बड़ी गिरावट देखी गई है। यह कमजोर होकर 101.69 के करीब आ गया है। टैरिफ ऐलान के समय गुरुवार को डॉलर 104 के आसपास था।

जानकारों का कहना है कि राष्ट्रपति ट्रंप द्वारा लगाए गए टैरिफ उम्मीद से ज्यादा हैं, जिसके कारण अमेरिकी अर्थव्यवस्था के मंदी में जाने का खतरा है और इस कारण डॉलर में कमजोरी देखी जा रही है।

डॉलर के मुकाबले रुपये में मजबूती की एक वजह कच्चे तेल में बड़ी गिरावट होना है। ब्रेंट क्रूड 69.64 डॉलर प्रति बैरल के करीब बना हुआ है।
भारत अपनी जरूरत का 80 प्रतिशत से अधिक कच्चा तेल आयात करता है, ऐसे में जब भी कच्चे तेल की कीमत में गिरावट आती है तो देश को बड़ी मात्रा में विदेशी मुद्रा बचत करने में मदद मिलती है और इससे रुपये को सहारा मिलता है।

एलकेपी सिक्योरिटी में वीपी रिसर्च एनालिस्ट (कमोडिटी और करेंसी), जतिन त्रिवेदी ने कहा कि डॉलर के मुकाबले रुपये में तेज रिकवरी देखने को मिली है। वैश्विक संकेतों और एफआईआई फ्लो के कारण डॉलर के मुकाबले रुपया 85 से 85.90 के बीच में रह सकता है।

*****************************

 

13 साल से कम उम्र के बच्चों को न चलाने दें सोशल मीडिया

नई दिल्ली 04 April, (एजेंसी)- 13 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया के उपयोग पर एक याचिका को सुप्रीम कोर्ट ने खारिज कर दिया है। अदालत ने कहा कि यह नीतिगत का मामला है और इसे संसद से कानून बनाने के लिए कहा जा सकता है।

न्यायमूर्ति बी आर गवई और न्यायमूर्ति ऑगस्टीन जॉर्ज मसीह की पीठ ने कहा, “यह नीतिगत का मामला है। आप संसद से कानून बनाने के लिए कहें।” कोर्ट ने याचिका खारिज करते हुए याचिकाकर्ता को संबंधित प्राधिकरण के पास प्रस्तुति देने की स्वतंत्रता दी।

कोर्ट ने यह भी कहा कि यदि याचिका में कोई प्रस्तुति दी जाती है तो उसे आठ सप्ताह के भीतर कानून के अनुसार विचार किया जाएगा।

यह याचिका जेप फाउंडेशन द्वारा दायर की गई थी, जिसमें केंद्र और अन्य से बच्चों के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्मों तक पहुंच को नियंत्रित करने के लिए मजबूत आयु सत्यापन प्रणाली, जैसे बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण लागू करने का निर्देश देने की मांग की गई थी।

इसके अलावा, याचिका में यह भी मांग की गई थी कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्मों पर बच्चों की सुरक्षा नियमों का पालन न करने पर कड़ी सजा लागू की जाए।

************************

 

राहुल गांधी को झटका, वीर सावरकर पर टिप्पणी केस में याचिका खारिज

नई दिल्ली 04 April (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) : कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी को इलाहाबाद हाईकोर्ट से झटका लगा है। कोर्ट ने वीर सावरकर पर कथित अपमानजनक टिप्पणी किए जाने के मामले में राहुल गांधी को राहत देने से इनकार कर दिया है।

राहुल गांधी ने याचिका दाखिल करते हुए निचली अदालत के उस आदेश को चुनौती दी थी, जिसमें उनको समन जारी कर जुर्माना लगाया गया था। न्यायालय ने राहुल गांधी की याचिका को खारिज कर दी। हाईकोर्ट की बेंच ने उन्हें अल्टरनेट रेमेडी (वैकल्पिक उपाय) अपनाने का सुझाव देते हुए लखनऊ सेशन कोर्ट जाने को कहा है।

दरअसल, 3 मार्च को लखनऊ की अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कोर्ट ने लगातार पेशी से गायब रहने पर राहुल पर 200 जुर्माना लगाया था। चेतावनी दी थी कि 14 अप्रैल को अदालत में हाजिर हों, अगर वे इस तारीख को भी पेश नहीं होते हैं तो कठोर कानूनी कार्रवाई हो सकती है। गैर-जमानती वारंट भी जारी किया जा सकता है।

*****************************

 

हिसार एयरपोर्ट से पहली उड़ान अयोध्या के लिए

14 अप्रैल को पीएम मोदी करेंगे शुभारंभ

चंडीगढ़ 04 April, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) । हिसार एयरपोर्ट से पहली फ्लाइट अयोध्या के लिए रवाना होगी। इस महत्वपूर्ण यात्रा का शुभारंभ 14 अप्रैल को भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी करेंगे। हिसार से अयोध्या सिर्फ दो घंटे का। विमान सुबह 10:40 बजे अयोध्या के लिए रवाना होगा और दोपहर 12:40 बजे वहां लैंड करेगा। इससे पता चलता है कि हिसार से अयोध्या की यात्रा में अब सिर्फ 2 घंटे का समय लगेगा। यात्रियों को आरामदेह उड़ान का अनुभव होने के साथ-साथ समय की भी बचत होगी।

सीआईएसफ को मिला सुरक्षा का जिम्मा

सुरक्षा की जिम्मेदारी सीआईएसएफ को सौंपी गई है। हिसार एयरपोर्ट पर कड़े सुरक्षा प्रोटोकॉल लागू किए गए हैं। यह कार्य सीआईएसएफ (केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल) को सौंप दिया गया है

हरियाणा से नए विमानन उद्योगों की शुरुआत:

हरियाणा के विमानन उद्योग में एक नए अध्याय की शुरुआत का प्रतिनिधित्व करता है। राज्य के नागरिकों को अब दिल्ली या चंडीगढ़ हवाई अड्डों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। भविष्य में इस साइट से अन्य शहरों की यात्रा की अधिक संभावना है।

14 अप्रैल, 2025 को हिसार के इतिहास में एक स्वर्णिम दिन जुड़ जाएगा। यहाँ से अयोध्या के लिए यह पहला सीधा हवाई संपर्क होगा। धार्मिक, सामाजिक और आर्थिक दृष्टि से, यह कदम न केवल हरियाणा के विकास को गति देगा बल्कि एक उल्लेखनीय उपलब्धि के रूप में भी देखा जाएगा।

**************************

 

BSNLसे बीते सात महीनों में जुड़े 55 लाख से अधिक नए ग्राहक: ज्योतिरादित्य सिंधिया

नई दिल्ली  04 April, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)  । सरकारी क्षेत्र की टेलीकॉम कंपनी बीएसएनएल से बीते सात महीनों में 55 लाख से अधिक नए ग्राहक जुड़े हैं, जिससे कंपनी के कुल सब्सक्राइबर्स की संख्या बढ़कर 9.1 करोड़ हो गई है।

यह जानकारी सरकार द्वारा संसद में दी गई। केंद्रीय संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने गुरुवार को राज्यसभा को बताया कि जून 2024 से इस साल फरवरी तक बीएसएनएल के ग्राहकों की संख्या 8.55 करोड़ से बढ़कर 9.1 करोड़ हो गई है।

उन्होंने आगे कहा कि नरेंद्र मोदी सरकार की नीतियों के कारण सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी 18 साल बाद अक्टूबर-दिसंबर तिमाही के दौरान मुनाफे में आ गई है।

सिंधिया ने आगे कहा कि बीएसएनएल देश भर के उन गांवों में 4जी मोबाइल सेवाओं को पहुंचाने के लिए महत्वपूर्ण परियोजना पर काम कर रहा है, जहां मोबाइल सेवाएं नहीं पहुंच पाई हैं।

इस परियोजना को केंद्रीय मंत्रिमंडल ने मंजूरी दे दी है। इसकी कुल लागत 26,316 करोड़ रुपये है। इसमें मौजूदा 2जी बीटीएस को 4जी में अपग्रेड करना भी शामिल है।

इसके अलावा, बीएसएनएल एलडब्ल्यूई चरण-I योजना के तहत स्थापित मौजूदा 2,343 2जी बीटीएस को 2जी से 4जी में अपग्रेड करने का कार्य भी कर रहा है, जिसकी अनुमानित लागत 1,884.59 करोड़ रुपये है।

दूरसंचार क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की दिशा में हुई प्रगति का जिक्र करते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि भारत 4जी नेटवर्क उपकरण बनाने वाला दुनिया का पांचवां देश बन गया है।

सिंधिया ने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दिशानिर्देशों के अनुरूप बीएसएनएल अपना 5जी नेटवर्क शुरू करने के लिए केवल “स्वदेशी” उपकरणों का उपयोग करेगा।

उन्होंने कहा कि बीएसएनएल एक लाख टावर लगाने का 4जी लक्ष्य पूरा करने के बाद 5जी का क्रियान्वयन शुरू करेगा। करीब 73,326 4जी टावर लग चुके हैं, जो कुल काम का करीब 73 प्रतिशत है। उन्होंने कहा कि बाकी काम भी जल्द ही पूरा हो जाएगा।

केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने आगे कहा कि भारत में 5जी का क्रियान्वयन दुनिया में सबसे तेज रहा है और पिछले एक साल में 99 प्रतिशत जिलों और 82 प्रतिशत आबादी को कवर किया गया है।

********************************

 

नहीं रहे अभिनेता मनोज कुमार..!, 87 वर्ष की उम्र में ली अंतिम सांस..!

*श्रद्धांजलि

बॉलीवुड में शोक की लहर…….!

04.04.2025 – भारतीय फिल्म जगत के मशहूर निर्माता, निर्देशक, पटकथा लेखक, लिरिक्स राइटर और अभिनेता मनोज कुमार का निधन 87 वर्ष की आयु में 4 अप्रैल को अहले सुबह कोकिलाबेन धीरूभाई अंबानी अस्पताल में निधन हो गया। अपनी देशभक्ति फिल्मों के लिए विख्यात मनोज कुमार को फिल्म इंडस्ट्री में ‘भारत कुमार’ के नाम से भी पुकारा जाता था।

उन्हें पद्म श्री और दादा साहब फाल्के पुरस्कार सहित कई अन्य सम्मान भी प्राप्त हुए थे। उन्होंने अपने एक्टिंग करियर की शुरुआत साल 1957 में आई फिल्म ‘फैशन’ से की थी। इसके बाद 1961 में उनकी फिल्म ‘कांच की गुड़िया’ रिलीज हुई। इस फिल्म में वह बतौर लीड अभिनेता नजर आए थे, जो सफल रही।

मनोज कुमार ने ‘सहारा’ (1958), ‘चांद’ (1959) और ‘हनीमून’ (1960) जैसी फिल्मों में खाम किया और फिर उन्हें मिली ‘कांच की गुड़िया’ (1961) जिसमें वो पहली बार लीड रोल में दिखे। इसके बाद ‘पिया मिलन की आस’ (1961), ‘सुहाग सिंदूर’ (1961), ‘रेशमी रूमाल’ (1961), ‘हरियाली और रास्ता’ (1962), ‘शादी’ (1962), ‘डॉ. विद्या’ (1962), गृहस्थी (1963) आई। उन्हें सबसे अधिक सफलता साल 1962 में विजय भट्ट की ‘हरियाली और रास्ता’ से मिली जो कमर्शियली हिट रही। फिल्म में माला सिन्हा थीं। मनोज कुमार ने ‘वो कौन थी’ (1964), ‘शहीद’ (1965), ‘गुमनाम’ (1965), ‘सावन की घटा’ (1966), ‘दो बदन’ (1966), ‘उपकार’ (1967), ‘पत्थर के सनम’ (1967), ‘अनिता’ (1967), ‘नील कमल’ (1968), ‘साजन’ (1969), ‘पूरब और पश्चिम’ (1970), ‘पहचान’ (1970), ‘मेरा नाम जोकर’ (1970), ‘यादगार’ (1970), ‘बेईमान’ (1972), ‘शोर’ (1972), ‘रोटी कपड़ा और मकान'(1974), ‘संन्यासी’ (1975), दस नंबरी’ (1976), अमानत (1977), ‘क्लर्क’ (1989) और ‘क्रांति’ (1981) जैसी कमाल की कई फिल्में दीं, जिन्हें सिनेप्रेमियों की जमात कभी भुला नहीं पाएगी।

आज भले ही मनोज कुमार हमारे बीच नहीं हैं। लेकिन वो अपनी फिल्मों के जरिए सिनेदर्शकों के दिलोदिमाग में युगों युगों तक छाए रहेंगे।

प्रस्तुति : काली दास पाण्डेय

*********************************

 

संसद में नहीं हूं वरना अकेला ही काफी था….

ऑपरेशन के बाद AIIMS में भर्ती लालू यादव की वक्फ बिल पर संसद तक गूंज

नई दिल्ली 03 April, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) – बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव खराब तबीयत के कारण दिल्ली के एम्स में दाखिल हैं। जानकारी के अनुसार उनकी पीठ के घावों का ऑपरेशन हुआ, जो कि सफल रहा है। इस बीच सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर उनके अकाउंट से एक पोस्ट किया गया है।

पोस्ट में लिखा, संघी-भाजपाई नादानों…तुम मुसलमानों की जमीनें हड़पना चाहते हो लेकिन हमने सदा वक्फ की जमीनें बचाने के लिए कड़ा कानून बनाया है और बनवाने में मदद की है।

उन्होंने कहा कि मुझे अफसोस है कि अल्पसंख्यकों, गरीबों, मुसलमानों और संविधान पर चोट करने वाले इस कठिन दौर में संसद में नहीं हूं अन्यथा अकेला ही काफी था। सदन में नहीं हूं तब भी आप लोगों के ख्यालों, ख्वाबों, विचारों और चिंताओं में हूं, यह देखकर अच्छा लगा। अपनी विचारधारा, नीति और सिद्धांतों पर प्रतिबद्धता, अडिगता और स्थिरता ही मेरे जीवन की जमा पूंजी है।

वहीं, वक्फ संशोधन बिल को लेकर राज्यसभा में सरकार की ओर से कहा गया कि यह विधेयक देशहित में है। इसका मकसद जमीन माफिया पर रोक लगाना है। बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा ने संसद के उच्च सदन में कहा कि मौजूदा वक्फ कानून का दुरुपयोग हो रहा था, जिससे मुसलमानों को नुकसान और भूमि माफियाओं को लाभ मिल रहा था।

यह विधेयक किसी विशेष पार्टी या वोट बैंक को ध्यान में रखकर नहीं लाया गया, बल्कि वक्फ संपत्तियों के उचित प्रबंधन और जवाबदेही को सुनिश्चित करने के लिए है।

****************************

 

लंदन से मुंबई आ रही फ्लाइट पहुंची टर्की

15 घंटे से फंसे 200 से ज्यादा भारतीय

नई दिल्ली 03 April (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) – लंदन से मुंबई आ रही वर्जिन अटलांटिक एयरलाइन की फ्लाइट में यात्री करीब 15 घंटे तक फंसे रहे। जानकारी के अनुसार फ्लाइट में 200 से अधिक भारतीय थे। फ्लाइट को आपात मेडिकल केस के कारण टर्की डायवर्ट कर दिया गया।

एयरलाइन ने सफाई देते हुए कहा कि मेडिकल इमरजेंसी और टेक्निकल जांच के लिए फ्लाइट को डायवर्ट करना पड़ा। हालांकि ये ताज्जुब की बात है कि किसी फ्लाइट में एक साथ मेडिकल इमरजेंसी और टेक्निकल फॉल्ट देखने को मिला है। बहरहाल इस डायवर्जन के कारण यात्री पिछले 15 घंटे से भी ज्यादा समय से टर्की में फंसे हुए हैं।

बता दें कि वर्जिन अटलांटिक की फ्लाइट VS358 ने 2 अप्रैल को लंदन से मुंबई के लिए उड़ान भरी थी। लेकिन अचानक इसे टर्की के दियारबाकिर एयरपोर्ट पर डायवर्ट कर दिया गया। एयरलाइन ने कहा कि फ्लाइट की टेक्निकल जांच भी की जाएगी। इस संबंध में एक एक्स यूजर ने भारतीय दूतावास से दखल देने की अपील की।

उसने लिखा, ‘लंदन से उड़ान भरने के बाद मुंबई जाने वाली वर्जिन अटलांटिक फ्लाइट को दियारबाकिर एयरपोर्ट (DIY) पर आपातकालीन लैंडिंग करानी पड़ी। गर्भवती महिला सहित 200 से अधिक भारतीय यात्री पानी और बुनियादी सुविधाओं के बिना फंसे हुए हैं। कृपया तत्काल हस्तक्षेप करें।’

इस पर जवाब देते हुए भारतीय दूतावास ने लिखा- ‘अंकारा स्थित भारतीय दूतावास दियारबाकिर हवाई अड्डा निदेशालय और संबंधित अधिकारियों के साथ लगातार संपर्क में है। फंसे हुए यात्रियों की देखभाल के लिए हर संभव समन्वय और प्रयास किए जा रहे हैं।’

यूजर ने यह भी दावा किया कि उसका एक रिलेटिव भी इन फंसे हुए यात्रियों में शामिल है और परिवार के लोगों को उसकी चिंता हो रही है। उसने कहा कि यात्रियों को खाने के लिए केवल एक सैंडविच दिया गया है।

******************************

 

सिकंदर’ के समर्थन में उतरे सलमान खान के फैंस….!

03.04.2025 – भारतीय फिल्म जगत के चर्चित फिल्म निर्माता साजिद नाडियाडवाला के द्वारा निर्मित और ए.आर. मुरुगदॉस द्वारा निर्देशित सलमान खान स्टारर फिल्म ‘सिकंदर’ देशभर में धमाल मचा रहा है। रिलीज के बाद अब तक ₹158.5 करोड़ की वर्ल्डवाइड कमाई कर चुकी है। लेकिन बदले हुए हालात में इस फिल्म को नेगेटिव रिव्यूज़ का सामना करना पड़ रहा है, जहां कुछ लोग ‘किसी का भाई किसी की जान’ के रिएक्शंस को ‘सिकंदर’ से जोड़कर गलत ढंग से पेश कर रहे हैं।

यह गतिविधि कई जगहों पर देखी गई है, लेकिन अभिनेता सलमान खान के फैंस राष्ट्रीय स्तर पर अब खुलकर इसके खिलाफ आवाज़ उठा रहे हैं। सलमान खान फैंस क्लब के एक एडमिन का कहना है कि ‘सिकंदर’ के खिलाफ नेगेटिविटी को जानबूझकर बढ़ाया जा रहा है। इस पर फैन क्लब एडमिन ने कहा है, “यह देखना बाकी है कि यह किसी इंडस्ट्री इनसाइडर का काम है या फिर सिर्फ किसी प्रतिद्वंद्वी फैन ग्रुप की स्ट्रैटेजी।

लेकिन इस तरह के कैंपेन किसी भी फिल्म को भारी नुकसान पहुंचा सकते हैं। फिल्म ‘ट्यूबलाइट’ के वक्त भी ऐसा हुआ था। इस तरह के पोस्ट्स से लड़ना मुश्किल होता है, क्योंकि इसके लिए किसी एजेंसी को हायर किया गया होगा, जो हर घंटे हजारों बॉट्स एक्टिव कर रही होगी। कई पोस्ट्स में दावा किया गया कि फिल्म के शो कैंसल हो रहे हैं, लेकिन अगर आप मुंबई स्थित ‘गेयटी- गैलेक्सी’ में जाकर चेक करें, तो वहां शो हाउसफुल चल रहे हैं।

राष्ट्रीय स्तर पर इस फिल्म के जो बॉक्स ऑफिस के कलेक्शन रिपोर्ट आ रहे हैं वो मेकर्स के लिए संतोष जनक हैं। अभिनेता सलमान खान की ‘सिकंदर’ संग बिग स्क्रीन पर दमदार वापसी रही है, जिसमें वह बेहद खूबसूरत रश्मिका मंदाना के साथ नजर आ रहे हैं। यह फिल्म सभी सिनेमाघरों में धूम मचा रही है।

प्रस्तुति : काली दास पाण्डेय

********************************

 

बाबू कुंवर सिंह जयंती को लेकर मुजफ्फरपुर में भाजपा नेता राकेश सिंह की उपस्थिति में बैठक हुई

पटना , 03 अप्रैल (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। मुजफ्फरपुर के सबसे बड़े पंचायत अखाड़ाघाट में उमा शाही  के मकान मे 23 अप्रैल को बापू सभागार मे बाबू वीर कुंवर सिंह सौर्य जयंती समारोह कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए बैठक किया गया ।

सभी लोगो ने मुजफ्फरपुर से बड़ी संख्या मे पटना पहुंचने का आश्वासन दिया. बिहार मे पहली बार ऐतिहासिक प्रदर्शन सौर्य दिवस पर शाम मे तीन बजे विशेष आकर्षण भारतीय वायु सेना का नौ लड़ाकू विमान दस्ता का सूर्य किरण का सौर्य प्रदर्शन पटना मे किया जायेगा.  बड़ी संख्या मे लोग जुटेंगे.

बैठक में मुख्य रूप से भाजपा नेता प्रदेश कार्य समिति सदस्य राकेश सिंह मुखिया प्रतिनिधि भूषण सिंह संतोष सिंह कुंदन सिंह आनंद सिंह ऊर्फ बाबू साहेब राजेश सिंह रवि शंकर शाही विजय सिंह अरुण सिंह बबन सिंह पप्पू सिंह प्रमोद सिंह नागेंद्र सिंह मनीष सिंह सुधीर कुमार सहित सैकड़ो लोग उपस्थित थे.

कार्यक्रम की अध्यक्षता संतोष सिंह  और संचालन उमा शाही ने किया।

**************************

 

यूपी : वीरता के साथ अब विकास का भी इतिहास रच रहा बुंदेलखंड

लखनऊ 03 April, (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) । बुंदेलखंड, शौर्य और संस्कार की धरती है। अपनी वीरता के इतिहास के लिए विख्यात बुंदेलखंड की धरा आने वाले समय में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रयासों से विकास का इतिहास रचने जा रही है। अक्सर सूखे के लिए जाना जाने वाला बुंदेलखंड भविष्य में अपनी हरियाली के नाते जाना जाएगा।

यहां की बड़ी और छोटी सिंचाई परियोजनाएं, खेत तालाब योजना के तहत बनाए गए तालाब इसका जरिया बन रहे हैं। कृषि के साथ ही बुंदेलखंड औद्योगिक प्रगति के नए प्रतिमान स्थापित करने की दिशा में आगे बढ़ चुका है।

उल्लेखनीय है कि बुंदेलखंड में सात जिले (चित्रकूट, बांदा, झांसी, जालौन, हमीरपुर, महोबा और ललितपुर) शामिल हैं। करीब 69 हजार वर्ग किलोमीटर में विस्तृत बुंदेलखंड का रकबा उत्तर प्रदेश के कुल रकबे का करीब 10 प्रतिशत है।

यहां दलहन और तिलहन की फसलों की खेती की अच्छी संभावना है। सरकार यहां दलहन ग्राम योजना भी चला रही है। साथ ही पूरे बुंदेलखंड में मिशन मोड में प्राकृतिक खेती के प्रोत्साहन पर भी सरकार का पूरा फोकस है।

अमूमन सूखे का सामना करने वाले बुंदेलखंड की कृषि उत्पादन में हिस्सेदारी सिर्फ 5.5 प्रतिशत है। उत्पादन के इस अंतर की भरपाई के लिए सरकार बुंदेलखंड में सिंचन क्षमता में लगातार विस्तार कर रही है।

साथ ही विश्व बैंक की मदद से चार हजार करोड़ की लागत से छह वर्ष तक चलने वाली उत्तर प्रदेश ग्रोथ एंड रूरल एंटरप्राइज इकोसिस्टम स्ट्रेंथनिंग (यूपी एग्रीज) योजना में बुंदेलखंड के सभी जिलों को शामिल कर सरकार यहां की खेतीबाड़ी का भी कायाकल्प करने जा रही है।

फिलीपींस के मनीला स्थित इंटरनेशनल राइस रिसर्च इंस्टीट्यूट की वाराणसी शाखा भी इस परियोजना में बतौर पार्टनर शामिल है।

योजना के तहत क्लस्टर खेती को बढ़ावा देने के साथ डिजिटल और वित्तीय इकोसिस्टम को मजबूत किया जाएगा। साथ ही किसानों को सघन ट्रेनिंग दी जाएगी।

योगी सरकार की पहल पर हो रहा बुंदेलखंड का औद्योगिकीकरण इसे उत्तर प्रदेश का ही नहीं, देश के बड़े इंडस्ट्रियल हब में शुमार करेगा। डिफेंस कॉरिडोर, ललितपुर में बनने वाला फार्मा पार्क, कानपुर और झांसी के बीच प्रस्तावित देश का सबसे बड़ा औद्योगिक विकास प्राधिकरण बीडा और बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के किनारे बनने वाले औद्योगिक गलियारे, ललितपुर में बन रहा फार्मा पार्क इसका जरिया बनेंगे।

विकास कार्य को गति देने में कनेक्टिविटी की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के निर्माण का यही मकसद है। उसके अलावा सरकार सभी एक्सप्रेसवे को आपस में जोड़ने का काम भी करने जा रही है।

इससे बुंदेलखंड प्रदेश और देश के अन्य हिस्सों से भी तेजी से जुड़ जाएगा। यहां के उत्पादों को कहीं भी कम समय में तेजी से भेजना संभव होगा।

बुंदेलखंड में बेहतर एयर कनेक्टिविटी सोने पर सुहागा होगी। चित्रकूट में एयरपोर्ट बन चुका है। ललितपुर और झांसी में बन रहा है। इनके बनने पर महज सात जिलों वाले बुंदेलखंड में तीन एयरपोर्ट हो जाएंगे।

इससे यहां के पर्यटन उद्योग को भी खासी तेजी मिलेगी। खासकर ऐतिहासिक पर्यटन को। यहां के कालिंजर जैसे किले, चंदेलकालीन तालाबों की अद्भुत श्रृंखला, चित्रकूट जहां भगवान श्रीराम ने पत्नी सीता और भाई लक्ष्मण समेत अपने वनगमन के दौरान सर्वाधिक समय गुजारे थे। यहीं पर राम और भरत का मिलन भाई-भाई के प्रेम की मिसाल बन गया।

प्रयाग महाकुंभ के दौरान जिस तरह चित्रकूट में पर्यटकों का उलट प्रवाह हुआ, वह चित्रकूट के बढ़ते आकर्षण का सबूत है। योगी सरकार उसी अनुसार अयोध्या से चित्रकूट तक के राम वनगमन मार्ग को सजा रही है। चित्रकूट में बना रोपवे इसके आकर्षण में चार चांद लगा रहा है।

***************************

 

हॉरर फिल्म ‘छोरी 2’ का ट्रेलर जारी….

11 अप्रैल को रिलीज होगी फिल्म..!

02.04.2025 – टी-सीरीज़, एबंडेंशिया एंटरटेनमेंट, साइक और टैमारिस्क लेन प्रोडक्शन की नवीनतम प्रस्तुति हॉरर फिल्म ‘छोरी 2’ का रोंगटे खड़े कर देने वाला ट्रेलर मेकर्स द्वारा जारी कर दिया गया है।

धरती के नीचे बनी अनजान गुफाओं के अंदर अनजानी ताकतों से लड़ने वाली एक माँ के अटूट जज़्बे की दास्तान बयां करती फिल्म ‘छोरी 2’ का ट्रेलर भूतिया रीति-रिवाज़, भूतिया आकृतियाँ और बेचैनी बढ़ाने वाली लोक कहानियाँ एक ख़ौफ़नाक माहौल बनाती है। विशाल फुरिया द्वारा निर्देशित इस फिल्म में

नुसरत भरुचा के अलावा सोहा अली ख़ान, गश्मीर महाजनी, सौरभ गोयल, पल्लवी अजय, कुलदीप सरीन, और हार्दिका शर्मा की भी अहम भूमिका है। भारत में दर्शकों के मनोरंजन के सबसे पसंदीदा डेस्टिनेशन प्राइम वीडियो पर भारत और दुनिया भर के 240 से अधिक देशों के विभिन्न क्षेत्रों में 11अप्रैल को ‘छोरी 2’ का एक्सक्लूसिव प्रीमियर होगा।

प्रस्तुति : काली दास पाण्डेय

https://www.instagram.com/reel/DH-IikitaD_/?igsh=YmY3NDFidWJnNzlv

**************************

 

आज से बदल जाएंगे इनकम टैक्स के कई नियम

12 लाख रुपये तक की रकम होगी टैक्स फ्री

नई दिल्ली, 01 अपै्रल(एजेंसी)। नया वित्त वर्ष आज से शुरू हो रहा है. इसके साथ ही इनकम टैक्स से जुड़े कई नियम बदलने जा रहे हैं.

आम बजट 2025 में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कई अहम घोषणाएं कीं, जो 1 अप्रैल से लागू हो रही हैं, जिसका सीधा असर नौकरीपेशा लोगों की जेब पर पड़ेगा. इन नए नियमों में आयकर में अधिक छूट और टीडीएस नियमों में बदलाव शामिल हैं.

बजट में वित्त मंत्री द्वारा घोषित नई कर व्यवस्था के तहत आयकर में बढ़ी हुई छूट 1 अप्रैल से लागू हो रही है. अब 12 लाख रुपये तक की सालाना आय वाले लोग आयकर छूट के दायरे में आएंगे. पहले यह आंकड़ा 7 लाख रुपये था.

इसके अलावा अगर वेतनभोगियों को दी जाने वाली 75,000 रुपये की मानक कटौती को जोड़ दिया जाए तो आयकर छूट बढ़कर 12.75 लाख रुपये हो जाती है.

हालांकि आयकर छूट में पूंजीगत लाभ को शामिल नहीं किया गया है. इस पर अलग से टैक्स लगेगा.

सरकार ने नई कर व्यवस्था के तहत नए टैक्स स्लैब भी पेश किए हैं, जबकि पुरानी कर व्यवस्था में कोई बदलाव नहीं किया गया है.

अब नई कर व्यवस्था के तहत 4 लाख रुपये तक की आय कर मुक्त होगी, जबकि 4 लाख रुपये से 8 लाख रुपये तक की आय पर 5 फीसदी टैक्स लगेगा.

जैसे-जैसे आय बढ़ेगी, कर की दरें धीरे-धीरे बढ़ेंगी और 24 लाख रुपये से अधिक की आय पर यह 30 फीसदी तक पहुंच जाएगी.

केंद्र सरकार ने बजट में धारा 87ए के तहत कर छूट को 25,000 रुपये से बढ़ाकर 60,000 रुपये कर दिया है, जिससे नई कर व्यवस्था में 12 लाख रुपये तक की आय कर-मुक्त हो जाएगी.

बैंक जमा पर मिलने वाले ब्याज पर टीडीएस कटौती की सीमा 40,000 रुपये से बढ़ाकर 50,000 रुपये कर दी गई है. इसका मतलब है कि अब बैंक जमा पर मिलने वाली 50,000 रुपये तक की राशि पर कोई टीडीएस नहीं काटा जाएगा.

***************************

 

दिल्ली विधानसभा में प्रदूषण पर कैग रिपोर्ट पेश

निगरानी और निरीक्षण प्रणाली में मिली कई खामियां

नईदिल्ली,01 अपै्रल (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। दिल्ली विधानसभा में आज वायु प्रदूषण को लेकर नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) की रिपोर्ट पेश की गई। इसमें वायु गुणवत्ता निगरानी स्टेशनों द्वारा तैयार आंकड़ों में संभावित अशुद्धियां, प्रदूषक स्रोतों पर वास्तविक समय की जानकारी का अभाव और सार्वजनिक परिवहन बसों की कमी समेत कई कमियां गिनाई गई हैं।

रिपोर्ट में कहा गया है कि सतत परिवेशी वायु गुणवत्ता निगरानी स्टेशनों की संख्या मानकों के अनुसार नहीं थी, जिससे वायु गुणवत्ता सूचकांक डेटा विश्वसनीय नहीं था।

रिपोर्ट में कहा गया है कि दिल्ली में बसों की कमी है। 9,000 जरूरी बसों के मुकाबले केवल 6,750 ही उपलब्ध हैं।

इसके अलावा बस प्रणाली में संचालन की अक्षमताएं जैसे बसों का ऑफ-रोड रहना, मार्गों की कम कवरेज और मार्गों को तर्कहीन बनाने से नुकसान की बात भी कही गई है।

रिपोर्ट के मुताबिक, 2011 के बाद से जनसंख्या में 17 प्रतिशत वृद्धि का अनुमान है, लेकिन ग्रामीण-सेवा वाहनों की संख्या में कोई वृद्धि नहीं हुई।

रिपोर्ट में बताया गया है कि उचित वायु गुणवत्ता निगरानी के लिए आवश्यक प्रदूषक सांद्रता डेटा उपलब्ध नहीं था और हवा में सीसे के स्तर को भी नहीं मापा गया।

वाहनों से होने वाले उत्सर्जन का कोई आकलन नहीं किया गया, जिससे नीतियां बनाने में कठिनाई हुई।

24 निगरानी स्टेशनों में से 10 में बेंजीन स्तर सीमा से अधिक पाया गया।

पेट्रोल पंपों से होने वाले उत्सर्जन की प्रभावी निगरानी भी नहीं की गई।

रिपोर्ट में वाहनों को प्रदूषण नियंत्रण प्रमाण पत्र (पीयूसी) जारी करने से जुड़ी अनियमितताएं भी सामने आई हैं।

10 अगस्त, 2015 से 31 अगस्त, 2020 तक जांचे गए 22.14 लाख डीजल वाहनों में से 24 प्रतिशत में जांच मूल्य दर्ज नहीं किए गए।
इसके अलावा 4,007 डीजल वाहनों में जांच मूल्य सीमा से ज्यादा मिलने पर भी फिट घोषित किया गया।

इसी तरह 1.08 लाख पेट्रोल/ सीएनजी/एलपीजी वाहनों को सीमा से अधिक उत्सर्जन करने के बावजूद पीयूसी जारी किए गए।
रिपोर्ट में कहा गया है कि एक केंद्र पर 76,865 मामलों में वाहन की जांच और पीयूसी जारी करने में केवल एक मिनट लगे, जो व्यावहारिक रूप से संभव नहीं है।

60 प्रतिशत फिटनेस प्रमाण पत्र बिना प्रदूषण परीक्षण किए ही जारी कर दिए गए।

स्वचालित वाहन निरीक्षण इकाई में रोजाना औसतन 24 वाहनों का परीक्षण किया गया, जबकि इसकी क्षमता 167 वाहनों की है।
बसों की अनिवार्य रूप से महीने में 2 बार प्रदूषण जांच नहीं की गई।

**************************

 

दिल्ली दंगे 2020: कोर्ट ने कैबिनेट मंत्री कपिल मिश्रा के खिलाफ एफआईआर के आदेश दिए

नईदिल्ली,01 अपै्रल (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। दिल्ली की एक कोर्ट ने 2020 में हुए दंगों के मामले में दिल्ली के कैबिनेट मंत्री कपिल मिश्रा के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने के आदेश दिए हैं। कोर्ट ने यह आदेश उनकी कथित भूमिका की जांच के लिए दिए हैं।

अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट वैभव चौरसिया ने संज्ञेय अपराध के प्रथम दृष्टया साक्ष्य को देखते हुए जांच की आवश्यकता बताई।
न्यायाधीश ने कहा कि यह स्पष्ट है कि मिश्रा अपराध के समय इलाके में थे…आगे की जांच की आवश्यकता है।

न्यायाधीश चौरसिया यमुना विहार में रहने वाले मोहम्मद इलियास की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई कर रहे थे, जिसमें मिश्रा के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने की मांग की गई थी।

बता दें कि इससे पहले मार्च में दिल्ली पुलिस ने मिश्रा के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने की मांग का विरोध किया था।

पुलिस ने कहा था कि मिश्रा को मामले में फंसाया जा रहा है, जबकि 2020 में हुए उत्तर-पूर्वी दिल्ली दंगों में उनकी कोई भूमिका नहीं थी।

कपिल का 23 फरवरी, 2020 को ट्विटर पर एक वीडियो सामने आया, जिसमें वे मौजपुर ट्रैफिक सिग्नल के पास भाषण देते दिख रहे हैं।
मिश्रा ने डीसीपी (उत्तर-पूर्व) के पास खड़े होकर जाफराबाद में नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) का विरोध करने वाली महिलाओं पर निशाना साधा था।

उन्होंने पुलिस को 3 में सड़कें खाली कराने का अल्टीमेटम दिया था और कहा था कि अगर ऐसा नहीं हुआ तो उन्हें खुद सड़कों पर उतरना पड़ेगा और कोई उन्हें रोक नहीं पाएगा।

उत्तर-पूर्वी दिल्ली के कई इलाकों में सीएए को लेकर 24 से 26 फरवरी, 2020 के बीच लगातार 3 दिन दंगे हुए थे। इनमें 53 लोगों की मौत हुई थी, जबकि लगभग 500 घायल हुए थे।

मरने वालों में दिल्ली पुलिस के हेड कांस्टेबल रतनलाल भी शामिल थे।

इस दौरान संपत्ति का भी भारी नुकसान हुआ था और दंगाइयों ने घरों, दुकानों और वाहनों समेत जो भी आगे आया, उसमें आग लगा दी। एक पेट्रोल पंप को भी आग लगाई थी।

कपिल मिश्रा ने भाजपा के टिकट पर करावल नगर सीट से 2025 का दिल्ली विधानसभा चुनाव जीता है। वे 2015 में आम आदमी पार्टी (आप) के टिकट पर यहां से विधायक थे।

आप सरकार में मिश्रा को जल विभाग दिया गया था, लेकिन अनियमितता का आरोप लगने के बाद उन्हें पद से हटा दिया गया।
इस बार भाजपा ने रेखा गुप्ता की सरकार में उन्हें कानून और न्याय विभाग, श्रम, रोजगार, कला और संस्कृति, भाषा और पर्यटन विभाग दिया है।

******************************

 

पटना में भारतीय वायुसेना की एरोबेटिक का प्रदर्शन को लेकर हुई उच्च स्तरीय बैठक

मुख्य अतिथि मुख्यमंत्री  नीतीश कुमार, पटना के जेपी गंगा पथ पर होगा हवाई प्रदर्शन

*राजकीय स्तर पर आयोजित कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर बैठक संपन्न

*स्कूली बच्चों और विद्यार्थियों को आमंत्रित करने का निर्णय

*बिहटा हवाई अड्डे से उड़ान भरेंगे सूर्य किरण के विमान

*वन विभाग को बिहटा हवाई अड्डे की जंगली जानवरों से सुरक्षा की जिम्मेदारी

*वायुसेना की सूर्य किरण टीम को राजकीय अतिथि का दर्जा

पटना, 01 अप्रैल (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) । बिहार में पहली बार भारतीय वायुसेना की सूर्य किरण एरोबेटिक टीम हवाई प्रदर्शन करने जा रही है। यह कार्यक्रम मुख्यमंत्री  नीतीश कुमार की अगुवाई में राज्य सरकार द्वारा राजकीय स्तर पर आयोजित किया जा रहा है।

इस आयोजन की तैयारियों को लेकर आज पटना समाहरणालय में सारण सांसद  राजीव प्रताप रुडी की अध्यक्षता में जिला पदाधिकारी डॉ. चंद्रशेखर, वरीय पुलिस अधीक्षक अवकाश कुमार एवं अन्य अधिकारियों की बैठक संपन्न हुई।

इस कार्यक्रम का आयोजन मुख्यमंत्री  नीतीश कुमार के नेतृत्व में राज्य सरकार कर रही है, जो बाबू वीर कुँवर सिंह की शौर्य जयंती के अवसर पर होगा। 23 अप्रैल को राज्य सरकार द्वारा घोषित राजकीय अवकाश भी है। इस अवसर पर सूर्य किरण के नौ विमान बिहटा हवाई अड्डे से उड़ान भरकर पटना के जेपी गंगा पथ पर रोमांचक हवाई करतब प्रस्तुत करेंगे।

वन विभाग को बिहटा हवाई अड्डे की जंगली जानवरों से सुरक्षा की जिम्मेदारी दी गई है। बैठक में उपस्थित अधिकारियों ने कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए आवश्यक व्यवस्थाओं पर चर्चा की। इस आयोजन के लिए स्कूली बच्चों, कॉलेज विद्यार्थियों और शिक्षण संस्थानों को विशेष रूप से आमंत्रित किया जाएगा।

मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में राज्य सरकार द्वारा इस पूरे कार्यक्रम की समन्वय व्यवस्था शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ. एस. सिद्धार्थ को सौंपी गई है।

सांसद श्री राजीव प्रताप रुडी ने बैठक के दौरान कहा कि बिहार के मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार का यह प्रयास प्रदेश के युवाओं को सेना और वायुसेना के प्रति आकर्षित करने में सहायक सिद्ध होगा। उ

न्होंने मुख्यमंत्री के इस आयोजन में विशेष रुचि लेने और इसे राजकीय स्तर पर स्वीकृति देने के लिए आभार व्यक्त किया। यह आयोजन वीर कुंवर सिंह की वीरता को सम्मान देने के साथ-साथ बिहार के युवाओं के लिए प्रेरणादायक सिद्ध होगा।

इस बैठक में विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी, जिनमें स्टेशन कमांडर, बिहटा एयरफोर्स स्टेशन; नगर आयुक्त, पटना नगर निगम; विशेष सचिव, मंत्रिमंडल सचिवालय विभाग, बिहार; वरीय पुलिस अधीक्षक, पटना; वन प्रमंडल पदाधिकारी, पटना; उप विकास आयुक्त, पटना; पुलिस अधीक्षक, यातायात, पटना; निदेशक, जय प्रकाश नारायण अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट, पटना; अपर जिला दंडाधिकारी (नगर व्यवस्था, सामान्य, विधि-व्यवस्था); अनुमंडल पदाधिकारी (पटना सदर, दानापुर) सहित कई अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में राज्य सरकार द्वारा वायुसेना की सूर्य किरण एरोबेटिक टीम को राजकीय अतिथि का दर्जा दिया गया है। यह कार्यक्रम न केवल बिहार के लिए गौरव का क्षण होगा, बल्कि वीर कुंवर सिंह की वीरता को नमन करने और युवाओं को प्रेरित करने का एक महत्वपूर्ण अवसर भी साबित होगा।

****************************

 

दिल्ली में प्रदूषण को लेकर अच्छी खबर

पिछले 5 साल में सबसे कम एक्यूआई मार्च महीने में हुआ दर्ज

नई दिल्ली,01 अपै्रल (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। दिल्ली में प्रदूषण को लेकर अच्छी खबर है. मार्च, 2025 के महीने में एक्यूआई पिछले 5 साल की तुलना में सबसे कम 170 रहा. जो 2024 से छह अंक से कम दर्ज किया गया.

वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) के अनुसार जनवरी-मार्च तिमाही में पिछले पांच वर्षों 2020 से 2025 के दौरान सबसे अच्छा एक्यूआई रिकॉर्ड किया गया.

दिल्ली में जनवरी से मार्च की अवधि के दौरान औसत वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 231 दर्ज किया गया, जो पिछले 5 साल की तुलना में इस तिमाही के दौरान सबसे कम रहा.

2021 2022 2023 और 2024 के दौरान मार्च के महीने का औसत एक्यूआई क्रमश: 223, 217, 170 और 176 रहा है.

सीएक्यूएम ने आगे कहा कि 2025 में जनवरी से मार्च पहली तिमाही में 400 से अधिक एक्यूआई नहीं देखा गया, जबकि 2024 में तीन दिन 400 से अधिक रहा.

इसके अलावा, साल 2025 में 36 दिन ऐसे रहे हैं जब एक्यूआई 200 से कम रहा. ये पिछले 5 साल में सबसे कम एक्यूआई रहा. जबकि 2024 में ये आंकड़ा 41 दिन का था. जब एक्यूआई 200 से कम रहा.

इसके अलावा, राष्ट्रीय राजधानी 2025 की पहली तिमाही के दौरान 36 दिन ऐसे रहे हैं जब दिल्ली का औसत एक्यूआई 200 से कम रहा. यह 2021 के 13 दिन, 2022 के 27 दिन और 2023 के 35 दिन से काफी अधिक है।

यह पैरामीटर केवल 2024 में बेहतर था, जिसमें इसी अवधि के दौरान ऐसे 41 दिन थे.

बता दें वायु प्रदूषण की रोकथाम, नियंत्रण और कमी के लिए प्रभावी उपाय करने और एनसीआर में एक्यूआई में सुधार के लिए सीएक्यूएम कई संस्थाओं के साथ मिलकर काम कर रहा है.

*****************************

 

कर्नाटक हाईकोर्ट ने अनाथ नाबालिग से शादी करने वाले के खिलाफ पॉक्सो केस खारिज किया

बेंगलुरु,01 अपै्रल(Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। कर्नाटक हाई कोर्ट ने एक ऐसे व्यक्ति के खिलाफ आपराधिक कार्यवाही को रद्द कर दिया है, जिस पर एक नाबालिग अनाथ से शादी करने के लिए यौन अपराधों से बच्चों के संरक्षण अधिनियम और अन्य आपराधिक कानूनों के तहत आरोप लगाए गए थे.

अदालत ने अपना फैसला पत्नी द्वारा प्रस्तुत एक प्रमाण पत्र के आधार पर दिया. इसमें पुष्टि की गई थी कि वह मामले को खारिज करने का समर्थन करती है.

कोलार जिले के मलूर तालुक के एक व्यक्ति ने मस्ती पुलिस स्टेशन में दर्ज एक एफआईआर और कोलार फास्ट ट्रैक कोर्ट द्वारा लिए गए संज्ञान को चुनौती देते हुए हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था. न्यायमूर्ति एम. नागप्रसन्ना ने मामले की सुनवाई की और याचिकाकर्ता के पक्ष में फैसला सुनाया.

अदालत ने कहा कि याचिकाकर्ता की पत्नी के माता-पिता नहीं हैं. वह अपने परिवार के लिए अकेला कमाने वाला है. अदालत ने कहा कि मामले को जारी रखने से याचिकाकर्ता और उसके परिवार दोनों को अनावश्यक परेशानी होगी.

अदालत ने आगे स्पष्ट किया कि मामले को केवल पत्नी के हलफनामे के आधार पर खारिज किया जा रहा है. हालांकि, उसने चेतावनी दी कि अगर याचिकाकर्ता ने अपनी पत्नी को बिना किसी कारण के छोड़ दिया या उसे असुरक्षित स्थिति में छोड़ दिया, तो मामला फिर से खोला जा सकता है.

आरोपी ने 14 मई 2023 को एक अनाथ लड़की से शादी की थी. बाद में जब वह गर्भवती हुई तो दंपति नियमित जांच के लिए एक स्थानीय अस्पताल गए. सत्यापन प्रक्रिया के दौरान डॉक्टरों ने पाया कि वह केवल 17 साल और 8 महीने की थी. उन्होंने मामले की सूचना मलूर बाल विकास परियोजना अधिकारी को दी, जिन्होंने बाद में पुलिस में शिकायत दर्ज कराई.

इस शिकायत के आधार पर आरोपी शख्स को गिरफ्तार कर लिया गया और उसके खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी गई. इसी बीच उसकी पत्नी ने एक बच्ची को जन्म दिया. कोलार फास्ट ट्रैक कोर्ट ने मामले का संज्ञान लेते हुए कार्यवाही शुरू कर दी.

कानूनी लड़ाई के दौरान आरोपी की पत्नी ने एक हलफनामा पेश किया. इसमें कहा गया कि वह मामले को खारिज करने का विरोध नहीं करती और चाहती है कि उसके पति को सभी आरोपों से मुक्त किया जाए. इसे ध्यान में रखते हुए उच्च न्यायालय ने आरोपी के पक्ष में फैसला सुनाया और उसके खिलाफ सभी आपराधिक कार्यवाही को रद्द कर दिया.

**************************

 

महात्मा गांधी के परपोते की याचिका को सुप्रीम कोर्ट ने किया खारिज

साबरमती आश्रम पुनर्विकास से जुड़ा मामला 

नई दिल्ली,01 अपै्रल (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को महात्मा गांधी के परपोते तुषार गांधी द्वारा साबरमती आश्रम पुनर्विकास परियोजना के खिलाफ दायर याचिका पर विचार करने से इनकार कर दिया.

न्यायमूर्ति एम एम सुंदरेश और न्यायमूर्ति राजेश बिंदल की पीठ के समक्ष मामला सुनवाई के लिए आया. पीठ ने याचिका पर विचार करने से इनकार करते हुए कहा कि याचिका दायर करने में दो साल से अधिक की देरी हुई है.

बता दें कि गुजरात उच्च न्यायालय ने वर्ष 2022 में तुषार गांधी की याचिका पर सुनवाई करते हुए फैसला दे दिया था. राज्य सरकार के इस आश्वासन के बाद कि प्रस्तावित परियोजना से साबरमती आश्रम का मुख्य क्षेत्र प्रभावित नहीं होगा, याचिका खारिज कर दी थी.

जिसके दो साल बाद तुषार गांधी ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की. सर्वोच्च न्यायालय ने कहा कि मात्र आशंका के आधार पर हाई कोर्ट के आदेश को चुनौती नहीं दी जा सकती.

याचिकाकर्ता ने याचिका में तर्क दिया गया कि परियोजना में कथित रूप से 40 से अधिक समरूप इमारतों की पहचान की गई है, जिन्हें संरक्षित किया जाएगा. जबकि शेष लगभग 200 को नष्ट कर दिया जाएगा या उनका पुनर्निर्माण किया जाएगा.

बता दें कि साबरमती आश्रम को गांधी आश्रम के नाम से भी जाना जाता है. इसकी स्थापना महात्मा गांधी ने 1917 में अहमदाबाद में की थी.

गुजरात उच्च न्यायालय में तुषार गांधी ने याचिका दायर की थी कि प्रस्तावित साबरमती आश्रम पुनर्विकास परियोजना से आश्रम की स्थलाकृति बदल जाएगी.

गुजरात सरकार का प्रतिनिधित्व करने वाले वकील ने उच्च न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया था कि पुनर्विकास के दौरान पांच एकड़ में फैले मुख्य आश्रम परिसर को नहीं छुआ जाएगा.

जिसके बाद, वर्ष 2022 में गुजरात उच्च न्यायालय ने गांधी की याचिका का निपटारा कर दिया था. राज्य सरकार ने तब हाईकोर्ट में आश्वासन दिया था कि आश्रम का मुख्य क्षेत्र प्रभावित नहीं होगा.

*************************

 

इसरो ने दिखाई म्यांमार में आए भूकंप के बाद की तबाही, उपग्रह तस्वीरें जारी की

नईदिल्ली,01 अपै्रल (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। म्यांमार में शुक्रवार को आए 7.7 तीव्रता के विनाशकारी भूकंप ने काफी तबाही मचाई और बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचाया है। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संस्थान ने अपनी बेहतरीन पृथ्वी इमेजिंग उपग्रह कार्टोसैट-3 का उपयोग कर इस आपदा से हुए नुकसान की उपग्रह तस्वीरें जारी की हैं।

तस्वीरों में म्यांमार के मांडले और सगाइंग शहरों में ध्वस्त इमारतों, सड़कों, ऐतिहासिक स्थलों और ब्रिज के पहले और बाद के दृश्यों को दिखाया गया है।

तस्वीरें काफी साफ दिख रही हैं।

इसरो ने कार्टोसैट-3 को 2019 में लॉन्च किया था। यह 50 सेंटीमीटर से भी कम रेज्योल्यूशन वाली तस्वीरों को साफ खींचने में माहिर है।
इसने धरती से 500 किलोमीटर की ऊंचाई से म्यांमार की तबाही की तस्वीरें ली हैं। तस्वीरें भूकंप के एक दिन बाद शनिवार को ली गई थीं, जबकि तुलना 18 मार्च की तस्वीरों के साथ किया।

तस्वीरों में इरावदी नदी पर बना विशाल अवा (इनवा) पुल, मांडले विश्वविद्यालय और अनंदा पगोडा के नुकसान को दिखाया गया है।
म्यांमार में शुक्रवार दोपहर 12:50 बजे 7.7 तीव्रता का शक्तिशाली भूकंप आया था। इसका केंद्र मांडले शहर से लगभग 16 किलोमीटर दूर 10 किलोमीटर जमीन के नीचे था।

इसके 12 मिनट बाद 7 तीव्रता का दूसरा भूकंप आया था। झटकों का असर थाईलैंड के बैंकॉक में भी दिखा। भूकंप से म्यांमार में कई इमारतें और अन्य प्रमुख बुनियादी ढांचे गिर गए।

म्यांमार में 1,644 लोगों की जान भूकंप में गई है और 3,408 लोग घायल हैं।

***********************

 

जम्मू-कश्मीर के कठुआ में फिर शुरू हुई आतंकियों के साथ मुठभेड़

9 दिन में तीसरी घटना

श्रीनगर,01 अपै्रल (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। जम्मू-कश्मीर के कठुआ में सोमवार देर रात को एक बार फिर से सुरक्षा बलों की आतंकियों के साथ मुठभेड़ शुरू हो गई। यह 9 दिन में तीसरी मुठभेड़ है।

कठुआ के ऊपरी रामकोट इलाके में 3 आतंकियों के छिपे होने की सूचना है। सुरक्षा बलों ने उन्हें घेर लिया है। रात से इलाके में गोलीबारी चल रही है।

सुरक्षा बलों की संयुक्त टीम अभियान में लगाई गई है। इलाके में तलाशी अभियान भी चल रहा है।

कठुआ में इससे पहले एक मुठभेड़ 23 मार्च को हीरानगर सेक्टर के सान्याल गांव के पास हुई थी। मुठभेड़ के दौरान आतंकियों ने एक लड़की को कब्जे में कर लिया था। हालांकि, वह छूटने में सफल रही।

पहले अभियान के दौरान आतंकी इलाके से भाग गए थे। हालांकि, तलाशी अभियान जारी थी।

दूसरी मुठभेड़ 27 मार्च को जुठाना में हुई, जहां 4 पुलिसकर्मी शहीद हुए थे और जैश-ए-मोहम्मद के 2 आतंकवादी मारे गए थे।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह 7 और 8 अप्रैल को जम्मू-कश्मीर के दौरे पर आ रहे हैं और उससे पहले आतंकियों की एक के बाद एक मुठभेड़ सामने आ रही है।

शाह यहां उच्चस्तरीय सुरक्षा की समीक्षा बैठक करेंगे और राज्य में कानून-व्यवस्था का जायजा लेंगे।

बैठक में जम्मू-कश्मीर पुलिस के अलावा केंद्रीय सुरक्षा बल और खुफिया अधिकारी शामिल होंगे।

उपराज्यपाल मनोज सिन्हा और मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला भी बैठक में शामिल हो सकते हैं, हालांकि इसकी पुष्टि नहीं हुई है।

**********************

 

मौसम साफ रहने से तेजी से चढ़ेगा पारा, कई राज्यों में लगेंगे लू के थपेड़े

नईदिल्ली,01 अपै्रल (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। देशभर में तेज हवाओं का असर कमजोर पडऩे के साथ ही गर्मी ने जोर पकडऩा शुरू कर दिया है। पूरे सप्ताह भीषण गर्मी लोगों को परेशान करेगी।

भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) के अनुसार, अगले 3 महीने में सामान्य से अधिक गर्मी पड़ेगी और ज्यादा दिनों तक लोगों को लू का सामना करना पड़ेगा।

आज अधिकांश इलाकों में मौसम साफ रहेगा, जबकि मध्य प्रदेश, विदर्भ, तेलंगाना, तटीय कर्नाटक, केरल, मध्य महाराष्ट्र में गरज, बिजली और तेज हवाएं चलने की संभावना है।

राजस्थान में अचानक से मौसम पलट गया है, जिसके चलते अधिकांश हिस्सों में अधिकतम तापमान 35 डिग्री से नीचे चला गया है।

पिछले 24 घंटों में अधिकतम तापमान में 3-7 डिग्री और न्यूनतम में 2-5 डिग्री की कमी आई है।
राज्य में सोमवार को सर्वाधिक अधिकतम तापमान चित्तौडग़ढ़ में 34.7 डिग्री और सबसे कम न्यूनतम तापमान फतेहपुर में 8.2 डिग्री दर्ज किया गया।

प्रदेश में 1-3 अप्रैल तक दक्षिण-पूर्वी भागों में बादल छाने और हल्की बारिश होने की संभावना है।

बिहार में पछुआ हवाओं के कारण मौसम शुष्क बना हुआ है और 3-4 दिनों में अधिकतम और न्यूनतम तापमान 2-4 डिग्री तक बढ़ सकता है। साथ ही लू चलने के भी आसार हैं।

मध्य प्रदेश में गर्मी का असर तेजी से बढ़ रहा है और अधिकतम तापमान 40 डिग्री के करीब पहुंच गया है।

इसके साथ ही उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, बंगाल, छत्तीसगढ़, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, गुजरात और ओडिशा में भीषण गर्मी और कुछ जगह लू चल सकती है।

दिल्ली में तेज हवाओं से मिल रही राहत अब खत्म हो गई और आज से तापमान में दोबारा इजाफा होने लगेगा।
अधिकतम और न्यूनतम तापमान क्रमश: 36 और 16 डिग्री रहने के आसार हैं।

राजधानी में सोमवार को न्यूनतम तापमान 13.8 डिग्री रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से 4.3 डिग्री कम है। अधिकतम तापमान सामान्य से 2.4 डिग्री अधिक 35.0 डिग्री रहा।

इसी सप्ताह के अंत तक अधिकतम तापमान 38 डिग्री तक पहुंचने की संभावना है।

आईएमडी के अनुसार, उत्तराखंड में आज मौसम साफ रहेगा, जिससे तापमान में बढ़ोतरी होगी। न्यूनतम तापमान सामान्य से कम होने के कारण रात के समय ठंड बनी रहेगी। अप्रैल और मई में यहा गर्मी नए रिकॉर्ड बना सकती है।

दूसरी तरफ हिमाचल प्रदेश में 3 अप्रैल तक मौसम साफ रहने की संभावना जताई गई है और इस दौरान बारिश और बर्फबारी की कोई संभावना नहीं है।

जम्मू-कश्मीर में भी इस सप्ताह तापमान बढऩे के आसार जताए जा रहे हैं।

**************************

 

वक्फ संशोधन विधेयक कल लोकसभा में होगा पेश, क्या पारित करा पाएगी सरकार?

नईदिल्ली,01 अपै्रल (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी)। केंद्र सरकार वक्फ संशोधन विधेयक को संसद के इसी सत्र में पारित कराने की तैयारी कर रही है। विधेयक को 2 अप्रैल को लोकसभा में पेश किया जाएगा। सरकार ने विधेयक पर चर्चा के लिए 8 घंटे का समय निर्धारित किया है।

बता दें कि संसद का वर्तमान सत्र 4 अप्रैल तक चलना है। ऐसे में सरकार 2 दिनों के भीतर ही विधेयक को दोनों सदनों से पारित कराना चाहोगी।

आइए जानते हैं संख्याबल क्या सरकार के पक्ष में है।

वर्तमान में लोकसभा में 542 सदस्य हैं। विधेयक पारित कराने के लिए 272 सांसदों का समर्थन जरूरी है।

फिलहाल भाजपा के पास 240 सांसद हैं। वहीं, राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) में जनता दल यूनाइटेड के 12, तेलुगु देशम पार्टी के 16,

लोक जनशक्ति पार्टी के 5, राष्ट्रीय लोकदल के 2 और शिवसेना के 7 सांसद हैं।

इस तरह एनडीए के पास कुल सदस्यों की संख्या 293 पहुंच जाती है, जो बहुमत के जरूरी आंकड़े से ज्यादा है।

राज्यसभा में कुल सदस्यों की संख्या 236 और बहुमत का आंकड़ा 119 है।

फिलहाल भाजपा के 98 सदस्य हैं। वहीं, एनडीए में भाजपा के अलावा जेडीयू के 4, टीडीपी के 2, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के 3 और रालोद का एक सांसद शामिल है। अगर 6 मनोनीत सदस्यों को जोड़ दिया जाए तो ये संख्या बहुमत से ज्यादा हो जाएगी।

इस लिहाज से सरकार को राज्यसभा में भी ज्यादा परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा।

लोकसभा में कांग्रेस के 99 सदस्य हैं और विपक्षी गठबंधन इंडिया के 233 सदस्य हैं।

इसके अलावा आजाद समाज पार्टी और शिरोमणि अकाली दल किसी गठबंधन का हिस्सा नहीं हैं। कुछ निर्दलीय सांसद भी किसी के साथ नहीं हैं।

वहीं, राज्यसभा में कांग्रेस के 27 और इंडिया गठबंधन के कुल 85 सदस्य हैं। इसके अलावा 9 सदस्य वाईएसआर कांग्रेस, 7 बीजू जनता दल, 4 ऑल इंडिया द्रविड़ मुन्नेत्र कडग़म (एआईडीएमके) और 3 निर्दलीय और छोटी पार्टियों के हैं।

संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा, भोले-भाले मुसलमानों को यह कहकर गुमराह किया जा रहा है कि सरकार मुसलमानों की संपत्ति और अधिकार छीनने जा रही है। कुछ लोगों द्वारा फैलाई जा रही झूठी बातें हमारे समाज और राष्ट्र के लिए बहुत हानिकारक हैं।

मैं सभी से अनुरोध करना चाहूंगा कि कृपया उन नेताओं की पहचान करें जो झूठ बोल रहे हैं। मुझे यह कहते हुए बहुत गर्व हो रहा है कि भारत में अल्पसंख्यक सबसे सुरक्षित हैं।

केंद्र सरकार ने वक्फ (संशोधन) विधेयक 2024 को बीते साल 28 जुलाई को संसद में पेश किया था। विपक्षी पार्टियों की कड़ी आपत्ति के बाद इसे 8 अगस्त को संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) को भेज दिया गया।

समिति ने इस साल 30 जनवरी को लोकसभा स्पीकर ओम बिरला को रिपोर्ट सौंपी थी।

इसके बाद केंद्रीय मंत्रिमंडल ने जेपीसी की रिपोर्ट के आधार पर विधेयक में प्रस्तावित 23 में से 14 बदलावों को मंजूरी दी थी।

*************************

 

अभिनेता सुरेंद्र पाल सिंह ने किया लीजेंड दादा साहेब फाल्के अवार्ड 2025 समारोह के पोस्टर का अनावरण ..!

01.04.2025 – मुंबई की धरती पर अवार्ड फंक्शन के ग्रेट शो मैन के रूप में चर्चित डॉ कृष्णा चौहान के जन्मदिन पर 4 मई को क्लासिक रहेजा कल्ब अंधेरी में आयोजित 6ठे लीजेंड दादा साहेब फाल्के अवार्ड 2025 समारोह के पोस्टर का अनावरण पिछले दिनों भारतीय फिल्म जगत के मशहूर अभिनेता सुरेंद्र पाल सिंह ने किया।

इस अवार्ड के लिए नामांकन जारी है। कृष्णा चौहान फाउंडेशन (केसीएफ) के बैनर तले आयोजित होने वाले इस अवॉर्ड समारोह में कई नामचीन फिल्मी हस्तियों की उपस्थिति में उन शख्सियतों को सम्मानित किया जाएगा जिन्होंने फिल्मी दुनिया में अपनी प्रतिभा के बदौलत अपनी विशिष्ट पहचान स्थापित की है साथ ही समाज सेवा और मानव सेवा के क्षेत्र में भी सराहनीय कार्य किया है.

डॉ कृष्णा चौहान अपने सभी अवार्ड समारोह की तरह इस अवॉर्ड समारोह में भी फ़िल्म इंडस्ट्री से जुड़े लोगों के साथ साथ कई पत्रकारों, फोटोग्राफर को भी अवॉर्ड दे कर सम्मानित करेंगे। उल्लेखनीय है कि गोरखपुर (उत्तरप्रदेश) के मूल निवासी डॉ कृष्णा चौहान न सिर्फ एक सफल निर्माता व निर्देशक हैं बल्कि महाराष्ट्र की धरती पर समाज सेवा के क्षेत्र में काफी एक्टिव सोशल वर्कर के रूप में मशहूर हैं।

प्रस्तुति : काली दास पाण्डेय

****************************

 

हर समय हर वक्त सच के साथ

Exit mobile version