लखनऊ, 02 June (Final Justice Digital News Desk/एजेंसी) समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने प्रदेश की मौजूदा भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा है कि सरकार ने बिजली व्यवस्था को पूरी तरह से चौपट कर दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के आठ वर्षों के शासनकाल में न तो बिजली उत्पादन बढ़ाने की कोई ठोस योजना बनाई गई, न ही किसी नए पावर प्लांट की शुरुआत हुई।
अखिलेश यादव ने कहा कि वर्तमान में जनता को जो भी बिजली मिल रही है, वह समाजवादी सरकार के समय लगाए गए पावर प्लांट्स और उन प्रयासों का ही परिणाम है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा शासन में न तो पारेषण की व्यवस्था पर ध्यान दिया गया और न ही ट्रांसफार्मरों की स्थिति सुधारी गई। “ट्रांसफार्मर फुंक रहे हैं, तार गिर रहे हैं, और अघोषित बिजली कटौती आम हो गई है। खासकर ग्रामीण इलाकों और छोटे शहरों में बिजली संकट ने आमजन को बेहाल कर दिया है,” उन्होंने कहा।
अखिलेश यादव ने यह भी कहा कि सरकार की प्राथमिकता न तो बिजली आपूर्ति दुरुस्त करने में है और न ही वितरण प्रणाली को बेहतर बनाने में। इसके बजाय, वह विद्युत विभाग के निजीकरण को लेकर तिकड़मों में लगी है। उन्होंने आरोप लगाया कि कर्मचारियों को डराया-धमकाया जा रहा है और विभाग को निजी हाथों में सौंपने की साजिश चल रही है।
समाजवादी नेता ने भाजपा सरकार पर सीधे भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए कहा, “इस सरकार का पूरा फोकस कमीशनखोरी पर है। विभागों को बेचना और बदले में कमीशन खाना ही इसका एकमात्र एजेंडा रह गया है। भाजपा की सरकार अब तक की सबसे भ्रष्ट सरकार साबित हुई है, जिसने बिजली के साथ-साथ समूची व्यवस्था को बर्बादी के कगार पर ला खड़ा किया है।
“अखिलेश यादव ने कहा कि बिजली, पानी और मूलभूत सुविधाओं के अभाव में जनता त्रस्त है, और जगह-जगह बिजली उपकेंद्रों पर विरोध प्रदर्शन कर रही है। उन्होंने जनता से आह्वान किया कि वह इस जनविरोधी और भ्रष्ट सरकार को लोकतांत्रिक तरीके से करारा जवाब दे।
***************************
