Home aas_paas पूर्वोत्‍तर की युवा शक्ति का बहुत कम उपयोग हो सका है: डॉ....

पूर्वोत्‍तर की युवा शक्ति का बहुत कम उपयोग हो सका है: डॉ. जितेन्‍द्र सिंह

65
0
SHARE

Dr. Jitendra Singh-finaljustice Dr. Jitendra Singh-finaljustice027-अप्रैल, 2015 पूर्वोत्‍तर क्षेत्र विकास, प्रधानमंत्री कार्यालय, कार्मिक, जन शिकायत, पेंशन, परमाणु ऊर्जा और अंतरिक्ष विभाग राज्‍यमंत्री (स्‍वतंत्र प्रभार) डॉ. जितेन्‍द्र सिंह ने कहा है कि पूर्वोत्‍तर क्षेत्र के युवाओं की क्षमताओं का बहुत कम उपयोग हो सका है। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद द्वारा स्किल इं‍स्टिट्यूट ऑफ टेक्‍नोलॉजी एंड मैनेजमेंट, गुवाहाटी में आयोजित छात्र महोत्‍सव आरोहण-2015 में डॉ. सिंह ने कहा कि पूर्वोत्‍तर में बाहरी दुनिया की सीमित पहुंच के साथ-साथ इस क्षेत्र के युवाओं की बहुमुखी प्रतिभा और योग्‍यता के बारे में बाहर के लोगों की जागरुकता की कमी के कारण ऐसा हुआ।

डॉ. जितेन्‍द्र सिंह ने कहा कि पूर्वोत्‍तर की एक बड़ी समस्‍या यह है कि यहां के युवा को उच्च मानक शिक्षा और रोजगार के अवसरों की कमी के कारण देश के अन्य भागों में जाना पड़ता है। इन दोनों समस्याओं के समाधान के लिए पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्रालय ने दिल्ली तथा देश के अन्य भागों में पूर्वोत्तर छात्रों के लिए छात्रावास समेत बहुत सी योजनाएं शुरू की हैं। इन योजनाओं के अंतर्गत पूर्वोत्तर के छात्रों के लिए परामर्श और कोचिंग केन्द्रों और दिल्ली तथा अन्य स्थानों पर विश्वविद्यालयों में पूर्वोत्तर अध्ययन इकाइयों की स्थापना की गई है।

डॉ. सिंह ने इस अवसर पर पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्रालय के तहत कौशल विकास मंत्रालय के सहयोग से कौशल विकास केन्द्र की स्थापना की घोषणा की। उन्होंने हाल ही में गुवाहाटी विश्वविद्यालय में ब्रह्मपुत्र अध्ययन केन्द्र की स्थापना किये जाने की घोषणा का जिक्र भी किया। इस केन्द्र में किये जाने वाले अनुसंधान और अध्ययन के प्रारूप और विस्तार का कार्य विद्वानों और शिक्षकों के सहयोग से किया जा रहा है।

डॉ. जितेन्द्र सिंह ने देश के सबसे पुराने और बड़े छात्र संघ एबीवीपी को आरोहण महोत्सव के आयोजन के लिए बधाई दी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here